इन 10 तरीकों से ब्रोंकाइटिस की समस्या से बचा जा सकता है, जानें इसके लक्षण और कारण भी

Updated at: Jan 16, 2021
इन 10 तरीकों से ब्रोंकाइटिस की समस्या से बचा जा सकता है, जानें इसके लक्षण और कारण भी

जब सांस नली में सूजन आ जाती है तो ब्रोंकाइटिस की समस्या पैदा हो जाती है। ऐसे में इस समस्या के लक्षण, कारण और बचाव जानने जरूर हैं।

Garima Garg
अन्य़ बीमारियांWritten by: Garima GargPublished at: Jan 16, 2021

ब्रोंकाइटिस, यह एक ऐसी समस्या है जिसमें मुंह, नाक और फेफड़ों के बीच के हवा के रास्ते में सूजन आ जाती है। आसान शब्दों में कहा जाए तो जब सांस नली में सूजन आ जाती है तभी ये समस्या पैदा होती है। इस समस्या से पीड़ित लोग फेफड़ों में हवा और ऑक्सीजन लेने में दिक्कत महसूस करते हैं। बता दें कि यह सूजन किसी भी वायरस, धूम्रपान की आदत या बैक्टीरिया के कारण हो सकती है। ऐसे में आज हम इस लेख के माध्यम से बताएंगे कि ब्रोंकाइटिस के लक्षण, कारण और बचाव क्या हैं? पढ़ते हैं आगे...

bronchitis_inside

ब्रोंकाइटिस के लक्षण- (Bronchitis Symptoms)

बता दें कि ब्रोंकाइटिस दो तरह के होते हैं- एक्यूट ब्रोंकाइटिस और क्रॉनिक ब्रोंकाइटिस...

1- एक्यूट ब्रोंकाइटिस के लक्षण निम्न प्रकार हैं-

  • थकान हो जाना,
  • नाक का बहना या नाक का बंद हो जाना,
  • गले में खराश हो जाना,
  • शरीर में दर्द होना,
  • उल्टी महसूस करना,
  • दस्त होना,
  • बुखार होना।

इसके अलावा अगर अन्य लक्षणों की बात की जाए तो हर हर आहट सीने में दर्द सांस में तकलीफ आदि आते हैं

2- क्रॉनिक ब्रोंकाइटिस के लक्षण निम्न प्रकार हैं-

  • शरीर में थकान होना,
  • सिर में दर्द होना,
  • खांसी होना,
  • खासी के साथ थूक में खून आना,
  • सांस लेने में काफी तकलीफ महसूस करना,
  • बार-बार सास का संक्रमण होना,
  • खरखराहट महसूस करना,
  • पैर में सूजन होना।

इसे भी पढ़ें- गुम चोट क्या है और कैसे पहचानें इसे? एक्सपर्ट से जानें गुम चोट के लक्षण, कारण और बचाव के तरीके

ब्रोंकाइटिस के कारण (Bronchitis Causes)

1- एक्यूट ब्रोंकाइटिस वायरस बैक्टीरिया के कारण फैलता है। कुछ वायरस, जिसके कारण सर्दी और फ्लू की समस्या होती है वह ब्रोंकािइटिस भी कर सकते हैं। बता दें कि जब स्थिति बिगड़ जाती है तो ब्रोंकाइटिस के वायरल संक्रमित होने के बाद बैक्टीरियल ब्रोंकाइटिस विकसित करते हैं। यह समस्या माइकोप्लाजमा बैक्टीरिया आदि के कारण हो सकती है।

2- क्रॉनिक ब्रोंकाइटिस कई कारणों से हो सकता है लेकिन इसका मुख्य कारण धूम्रपान है। जो वायरस और बैक्टीरिया एक्यूट ब्रोंकाइटिस कर सकते हैं वे क्रॉनिक ब्रोंकाइटिस भी कर सकते हैं। सांस लेने की परेशानी से भी क्रॉनिक ब्रोंकाइटिस हो सकता है।

इसे भी पढ़ें- खटमल के काटने पर शरीर को हो सकती हैं ये समस्याएं, एक्सपर्ट से जानें बचाव

ब्रोंकाइटिस से बचाव (Bronchitis Treatment)

1- जिन लोगों को शुरुआत से ही सांस लेने में दिक्कत महसूस होती है वे धूम्रपान करने से बचें। साथ ही पर्यावरण में मौजूद तंबाकू के धुएं से भी अपना खास ख्याल रखें।

2- पानी की मात्रा को कम ना करें, इससे फेफड़े में मौजूद बलगम को पतला करने में मदद मिलती है।

3- लाल मिर्च, कड़ी पत्ता और अन्य मसालेदार खाद पदार्थ है जिससे आंख में पानी लाने का काम करते हैं ऐसे में यह बलगम को पतला करने का काम भी करते हैं।

4- अगर आप नाम हवा में सांस लेते हैं तो ऐसा करने से भी बलगम पतला होता है और वह सामने से फेफड़ों से बाहर आ जाता है।

5- मूलीन की चाय, बता दें कि यह एक प्रकार की औषधि होती है, जिससे फेफड़ों से बलगम निकालने का काम करती है।

6- फेफड़े के व्यायाम से भी समस्या को दूर किया जा सकता है। ऐसे में आप एक उपकरण में फूंक मारे जो गुब्बारे जैसा होता है। यह व्यायाम एक्सपर्ट की निगरानी में किया जाता है।

7- ब्रोंकाइटिस से पीड़ित मरीजों को डॉक्टर आराम करने की सलाह देते हैं।

8- कैफीन और अल्कोहल को अपनी डाइट से निकाल दें।

9- सूजन को कम करने दर्द और बुखार को कम करने के लिए भी दवाई ले सकते हैं लेकिन इसके लिए पहले डॉक्टर से संपर्क करें।

10 - अपनी बलगम वाली खांसी को गलती से भी ना रोकें। इस प्रकार की खासी फेफड़ों को साफ करने में मदद करती है।

Read More Articles on Other Diseases in hindi

Disclaimer

इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy. OK