Ayurveda: पेट दर्द से लेकर इम्‍युनिटी बढ़ाने तक कई मर्ज की दवा है तुलसी, इन 6 तरीकों से करें तुलसी का उपयोग

Updated at: May 26, 2020
Ayurveda: पेट दर्द से लेकर इम्‍युनिटी बढ़ाने तक कई मर्ज की दवा है तुलसी, इन 6 तरीकों से करें तुलसी का उपयोग

अधिकांश लोगों के घरों में पवित्र तुलसी का पौधा होता है, जिसकी कि पूजा की जाती है। लेकिन इसी तुलसी का इन 6 तरीकों से सेवन आपको स्‍वस्‍थ भी रख सकता है। 

Sheetal Bisht
आयुर्वेदWritten by: Sheetal BishtPublished at: May 26, 2020

भारत में ज्यादातर घरों में तुलसी पाई जाती है लेकिन तुलसी के असंख्य स्वास्थ्य लाभों के बारे में बहुत कम लोग जानते हैं। यह जानने के लिए पढ़ें कि आपके लिए पवित्र तुलसी क्या कर सकती है। पवित्र तुलसी का हिन्‍दू धर्म में काफी ऊंचा स्‍थान है क्‍योंकि तुलसी की पूजा की जाती है। वहीं आयुर्वेद में तुलसी को एक औषधी के रूप में इस्‍तेमाल किया जाता है। पवित्र तुलसी आपको स्‍वस्‍थ और बीमारियों से दूर रखने में मदद कर सकती है। आयुर्वेद में तुलसी को शरीर से मन तक का एक मरहम माना गया है। तुलसी के तीन अलग-अलग प्रकार हैं और इन तीनों का ही आयुर्वेद में इस्‍तेमाल किया जाता है।  तुलसी के तीन अलग-अलग प्रकार हैं: राम (हरी पत्ती) तुलसी, श्यामा (बैंगनी पत्ती) तुलसी, और वन (जंगली पत्ता) तुलसी। लेकिन इनमें से हरे पत्‍ते वाली राम-तुलसी का सबसे अधिक उपयोग किया जाता है। तुलसी की पत्तियों की खुशबू और स्‍वाद काफी अच्‍छा होता है, खासकर कि जब सूखे पत्तों को चाय में पीसा जाता है। 

तुलसी के स्‍वास्‍थ्‍य लाभ 

तुलसी दिखने में तो आम हरा पौधा है लेकिन यह कई औषधीय गुणों से भरपूर है। तुलसी के अर्क का उपयोग आयुर्वेदिक दवा के तौर पर सर्दी-जुखाम, पेद दर्द, सिर दर्द, इंफ्लेमेशन, विभिन्‍न प्रकार के संक्रमण, जहर, डेंगू-मलेरिया और स्किनकेयर के लिए किया जाता है। इसके अवाला, तुलसी का उपयोग भी हर स्‍वास्‍थ्‍य समस्‍या के लिए कई अलग-अलग तरीकों से किया जाता है। जिसमें तुलसी का एसेंशियल ऑयल से लेकर तुलसी की हर्बल चाय या काढ़ा शामिल है। आइए यहां हम आपको तुलसी के उपयोग के 6 अलग-अलग तरीके बताते हैं। 

Health Benefits Of Holy Basil or Tulshi

तुलसी के उपयोग के 6 तरीके 

यहां हम आपको कई स्‍वास्‍थ्‍य समस्‍याओं से निपटने के लिए तुलसी के उपयोग के अलग-अलग तरीके बता रहे हैं: 

1- सर्दी-जुखाम और इन्फ्लूएंजा के लिए तुलसी का पानी 

यदि आप सर्दी-जुखाम, ब्रोंकाइटिस, अस्थमा और इन्फ्लूएंजा से पीडि़त हैं, तो आप तुलसी के पत्‍तों से बना ये पानी पी सकते हैं। आप तुलसी के 7-8 पत्तियां ले और उन्‍हें 1 गिलास पानी में डालकर उबाल लें। अब आप इस उबलते पानी में अदरक को कुचल कर डाल दें। 5 मिनट उबालने के बाद आप इस पानी को थोड़ा ठंडा होने दे और फिर छलनी से छानकर कर गिलास में निकाल लें। इसके बाद 1 चम्‍मच शहद इस पानी में मिलाएं और इस काढ़े को पिएं। 

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Tulsi Water

2- तनाव को कम करने और इम्‍युनिटी बढ़ाने में मददगार तुलसी 

यदि आप रोजाना दिन में दो बार कम से कम 8-10 पत्‍ते तुलसी की पत्तियां चबाते हैं, तो इससे आपको तनाव को कम करने में मदद मिलती है। इसके अलावा, यह आपकी इम्‍युनिटी बढ़ाने और ब्‍लड प्रेशर व ब्‍लड शुगर पर भी सामान्‍य प्रभाव डालती है। इसलिए आप रोजाना सुबह और शाम को कुछ तुलसी की पत्तियां चबा सकते हैं। 

3- मुंह के अल्‍सर और संक्रमण के लिए तुलसी का काढ़ा 

यदि आप तुलसी का काढ़ा बनाकर पीते हैं, तो यह आपके खून को साफ करने में मदद करता है। इसके अलावा, यह काढ़ा मुंह के अल्‍सर और संक्रमण को रोकने में मदद करता है और आपको मजबूत बनाता है। 

Tulsi Tea

4- एंटीऑक्‍सीडेंट्स से भरपूर है तुलसी के बीज 

आप नियमित तौर पर तुलसी के बीजों का सेवन कर अपनी इम्‍युनिटी बढ़ा सकते हैं और स्‍वस्‍थ रह सकते हैं। आप तुलसी के बीजों को पानी या फिर दूध में भिगो कर रखें और फिर इस मिश्रण को पी लें। यह एक एंटीऑक्सीडेंट के रूप में कार्य करते हैं, जो शरीर के लिए पौष्टिक और सुखदायक साबित होता है।

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5- यूटीआई और किडनी की समस्‍या में पिएं तुलसी का रस 

आप तुलसी के तुलसी के पत्तों का रस और शहद का मिश्रण बनाकर पी सकते हैं। यह आपकी यूटीआई की समस्‍या में भी अच्‍छा माना जाता है और यह किडनी स्‍टोन में भी फायदेमंद है। आप अपने डॉक्‍टर की सलाह के साथ इसका सेवन शुरू कर सकते हैं।  

Tusli Health Benefits

6- सिर दर्द के लिए तुलसी का काढ़ा और एसेंशियल ऑयल 

यदि आप सिर दर्द की समस्‍या से पीडि़त हैं, तो आप किसी पेनकिलर को खाने के बजाय, तुलसी की पत्तियों का काढ़ा और एसेंशियल ऑयल का उपयोग कर सकते हैं। इसके अलावा, आप चंदन के पेस्ट के साथ तुलसी की पत्तियों को पीसकर माथे पर लेप लगा सकते हैं, इससे आपको सिर दर्द से राहत मिलेगी। 

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