Subscribe to Onlymyhealth Newsletter
  • I have read the Privacy Policy and the Terms and Conditions. I provide my consent for my data to be processed for the purposes as described and receive communications for service related information.

गर्भावस्था के पहले तीन महीनों में यात्रा

गर्भावस्था के पहले तीन महीनों में यात्रा
Quick Bites
  • ट्राईमेस्टर के दौरान यात्रा करने से बचें।
  • शिशु को संक्रमित होने का खतरा होता है।
  • पहले तीन महीने में वैक्सीन भी नहीं दी जाती।
  • इस समय में गर्भपात की संभावना अधिक होती है।

कहा जाता है कि गर्भावस्था स्त्रियों के जीवन को पूर्ण बनाती है। लेकिन जीवन की ये पूर्णता स्त्रियों के जीवन में बहुत सारे बदलाव और जिम्मेदारियों भी लेकर आती है। गर्भावस्था के दौरान स्त्रियों को अपने खान-पान और रहन-सहन का अधिक ख्याल रखना चाहिए और साथ ही साथ कुछ सावधानियां भी बरतनी चाहिए जिससे निश्चित रूप से शिशु पर अच्छा प्रभाव पड़े। ऐसे में कई बार गर्भावस्था के दौरान यात्रा कर पड़ जाता है जिससे मां औऱ बच्चे को बहुत मुश्किल हो जाती है। इस लेख में पहले तीन महीनों में यात्रा करने के दौरान जिन चीजों को ख्याल महिलाओं को रखना चाहिए उनके बारे में विस्तार से जानते हैं।

pregnancy

हालांकि अधिकतर महिलाएं थकान और गर्भावस्था की दूसरी समस्याओं के कारण पहले ट्राइमेस्टर में यात्रा नहीं करना चाहती है। चिकित्‍सकों का मानना है कि यात्रा के लिए गर्भावस्था का दूसरा ट्राइमेस्टर सबसे सुरक्षित होता है। तीसरे ट्राइमेस्टर में महिलाओं को घर से ज्यादा दूरी की यात्रा बिलकुल नहीं करनी चाहिए। गर्भावस्था का पहला ट्राइमेस्टर यात्रा की दृष्टि से खतरनाक हो सकता है, इसलिए गर्भावस्था के पहले ट्राइमेस्टर में यात्रा करने से पहले चिकित्सक से संपर्क जरूर करें। गर्भावस्था का पहला ट्राइमेस्टर बहुत ही नाजु़क समय होता है। ऐसे में गर्भपात की सबसे अधिक संभावना रहती है। अपने मेडिकल पेपर्स को हमेशा अपने साथ रखें।


यात्रा के दौरान अगर आप कुछ ऐसे लक्षणों को महसूस कर रहे हैं, तो तुरंत चिकित्सक से मिलें ।

  • ब्लीडिंग होना
  • पेट में अचानक तेज़ दर्द होना 
  • सर दर्द होना 
  • धुंधला दिखाई देना 
  • पैरों का अल्यधिक सूज जाना

 

संक्रामक बीमारियों वाली जगहों पर ना जाए

गर्भावस्था के दौरान शिशु को संक्रमित होने का खतरा अधिक होता है। ऐसे में गर्भावस्था के पहले तीन महीनों में तो यात्रा बिल्कुल ही ना करें क्योंकि उस दौरान शिशु का विकास हो रहा होता है जिससे उसको संक्रमित होने का खतरा अन्य महिनों की तुलना में अधिक होता है। साथ ही गर्भावस्था के पहले ट्राइमेस्टर में संक्रामक बीमारियों से बचाव करने वाले वैक्सीन भी नहीं दिये जाते इसलिए आपको ऐसी जगहों पर जाने से बचना चाहिए जहां कि संक्रामक बीमारियां फैली होती हैं।

यात्रा के दौरान अपने खान-पान का भी खास ख्याल रखें। यात्रा के दौरान ठंडे पेय पदार्थो का सेवन ना करें और कटे फल व कटे सलाद भी ना खायें। अगर आप बीमार हैं, तो पीने के पानी पर विशेष ध्यान दें।

 

Read more articles on Pregnancy in hindi.

Written by
Gayatree Verma
Source: ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभागAug 30, 2011

इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy. OK