• shareIcon

    पीठ दर्द से चाहते हैं छुटकारा, तो अपनाएं सिर्फ ये 4 उपचार

    दर्द का प्रबंधन By Atul Modi , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग / Oct 16, 2017
    पीठ दर्द से चाहते हैं छुटकारा, तो अपनाएं सिर्फ ये 4 उपचार

    यह दर्द किसी विशेष जगह या फिर पीठ और शरीर के बाकी हिस्‍से में भी हो सकता है। पीठ का ये दर्द क्‍यों होता है, इसके लक्षण क्‍या हैं और इससे बचाव कैसे कर सकते हैं?

    पीठ दर्द या डोर्सलाजिया, ये पीठ में होनेवाला वह दर्द है, जो आम तौर पर मांसपेशियों, तंत्रिका, हड्डियों, जोड़ों या रीढ़ की अन्य संरचनाओं में महसूस किया जाता है। इस प्रकार के दर्द को अक्सर गर्दन दर्द, पीठ के उपरी हिस्से के दर्द, पीठ के निचले हिस्से के दर्द या टेलबोन के दर्द में विभाजित कर सकते हैं। यह दर्द स्‍थाई या अस्‍थाई दोनों हो सकता है। यह लगातार या कुछ अन्तराल पर भी हो सकता है। यह दर्द किसी विशेष जगह या फिर पीठ और शरीर के बाकी हिस्‍से में भी हो सकता है। पीठ का ये दर्द क्‍यों होता है, इसके लक्षण क्‍या हैं और इससे बचाव कैसे कर सकते हैं? इन सभी सवालों का जवाब आज हम आपको इस लेख के माध्‍यम से बताएंगे।

    इसे भी पढ़ें: क्या आपकी एड़ी में भी रहता है दर्द? तो रोजाना करें ये 5 काम

    पीठ दर्द का कारण

    पीठ का दर्द अक्‍सर सीधे न बैठना या चलना, जोड़ों का घिस जाना, किसी प्रकार की चोट लगने के कारण, अधिक बोझ पीठ पर लादकर चलने से, रीढ़ की हड्डी का खिसक जाना, मोटापा, कमर में मोच आ जाना, खेलकूद या यात्रा करते समय बार-बार झटके लगना, बहुत अधिक मानसिक दबाव, तनाव, चिन्ता और थकावट आदि कारणों से पीठ की पेशियों में खिंचाव हो जाता है, जो कि पीठ दर्द का कारण बनता है। इसके अलावा व्यायाम की कमी के कारण ठीक ढंग से न सोना, फोम के गद्दे पर सोना व घंटों एक ही जगह बैठे रहना और संतुलित भोजन के अभाव में ऐसी समस्‍याएं अक्‍सर देखने को मिलती है।

    पीठ दर्द के लक्षण

    • पीठ के निचले हिस्से या कमर में लगातार हल्का-हल्का दर्द होना
    • शरीर में बहुत अधिक अकड़न तथा दर्द होता है
    • हल्की सी भी चोट लगने पर बहुत तेज दर्द होना
    • रोगी के कमर के नीचे के भाग में एक समान दर्द वाली अवस्था बनी रहती है

    इसे भी पढ़ें: इस दर्द को न करें अनदेखा, उठाना पड़ेगा भारी नुकसान

    पीठ दर्द से पाएं छुटकारा

    आफिस या घर में कुर्सी फर्श पर जब भी बैठें हमेशा सीधे होकर ही बैठें। आगे झुकने वाले आसन न करें और ज्यादा दर्द होने पर योग या व्यायाम न करें। ज्‍यादा देर तक एक ही पॉश्‍चर में ना बैठें। 20-25 मिनट के अंतराल पर उठकर थोड़ी देर टहल लेना चाहिए। किसी भारी वस्‍तु को उठाने से बचें। अगर उठाएं भी तो घुटनों को मोड़कर उठाएं, जिससे कमर पर जोर ना पड़े। अपने भोजन में मछली, अनाज, लौकी, तिल और हरी सब्जियों को शामिल करना फायदेमंद साबित हो सकता है। इसके साथ ही विटामिन डी3 और विटामिन सी, कैल्सियम और फास्फोरस से भरपूर आहार भी पीठ दर्द में लाभकारी होता है।

    ऐसे अन्य स्टोरीज के लिए डाउनलोड करें: ओनलीमायहेल्थ ऐप

    Read More Articles On Pain Management

     

     

    Disclaimer

    इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

    This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy. OK