लॉकडाउन में लैपटॉप और मोबाइल पर घंटों काम करना आपकी आंखों के लिए है खतरनाक, इस बीमारी का हो सकते हैं शिकार

Updated at: May 19, 2020
लॉकडाउन में लैपटॉप और मोबाइल पर घंटों काम करना आपकी आंखों के लिए है खतरनाक, इस बीमारी का हो सकते हैं शिकार

अगर आप भी घंटों मोबाइल, लैपटॉप या टीवी के सामने बैठे रहते हैं तो सावधान हो जाएं, इस बीमारी का हो सकते हैं शिकार।

Vishal Singh
अन्य़ बीमारियांWritten by: Vishal SinghPublished at: May 19, 2020

देशभर में फैलते कोरोना वायरस के खतरे को लेकर लॉकडाउन का दौर जारी है, ऐसे में ज्यादातर लोग घर पर ही अपना समय बिता रहे हैं। घर पर समय बिताना थोड़ा मुश्किल जरूर हो सकता है लेकिन अगर आप कुछ सीखना या पढ़ना चाहे तो ये वक्त आपके लिए काफी फायदेमंद हो सकता है। वहीं, कई लोग लॉकडाउन का इस्तेमाल कंप्यूटर और मोबाइल चलाने के लिए कर रहे हैं, जिसकी वजह से वो घंटों कंप्यूटर के सामने या फिर हाथ में मोबाइल पकड़ें बैठे रहते हैं। लेकिन शायद आपको पता नहीं कि ज्यादातर देर तक इन चीजों का इस्तेमाल आपके लिए काफी खतरनाक साबित हो सकता है। 

दिनभर कंप्यूटर चलाते रहने के कारण आपको थकावट तो महसूस होती ही होगी, इसके अलावा आप विजन सिंड्रोम का शिकार हो सकते हैं। जिसके कारण आपको जलन, सूजन और सिर दर्द जैसी समस्याएं हो सकती है। इन लक्षणों को नजरअंदाज करने से आपकी आंखों को भी नुकसान हो सकता है। जानकारी के मुताबिक, लगातार मोबाइल या कंप्यूटर इस्तेमाल करने की स्थिति में हमारी आंखों काफी बुरा असर पड़ता है जिसकी वजह से आंखें जल्दी खराब हो सकती है। ज्यादा समय तक मोबाइल और कंप्यूटर का इसतेमाल करने से उससे निकलने वाली किरण आपके लिए नुकसानदेह होती है जो आपकी आंखों के लिए हानिकारक होती है। आपको बता दें कि जब आप स्क्रीन पर देखते रहते हैं तो ऐसे में आपकी आंखों की प्रक्रिया रुक जाती है, जिससे आपकी आंखे खराब होने का खतरा बढ़ जाता है। 

बच्चों के लिए भी है मोबाइल-लैपटॉप खतरनाक (Mobile-Laptop Is Dangerous For Children Too) 

आजकल बच्चे भी मोबाइल, लैपटॉप और टीवी के दीवाने कुछ ज्यादा ही हो रहे हैं, जबकि उनके माता-पिता को ये समझना चाहिए कि उनके बच्चों को इससे काफी नुकसान हो सकता है। ताजा आंकड़ों के मुताबिक, 12 से 18 महीने के बच्चों को भी मोबाइल का शौक बढ़ गया है। बच्चे स्क्रीन को अपनी आंखों के करीब लेकर जाते हैं जिससे आंखों पर काफी बुरा असर पड़ता है। इसके साथ ही आपके बच्चों को कम उम्र में ही चश्मा चढ़वाना पड़ सकता है। एक्सपर्ट्स बताते हैं कि ज्यादा मोबाइल पर कार्टून जैसी चीजों को देखने के बाद बच्चे के दिमाग पर भी बुरा असर पड़ता है और दिमाग को विकसित होने में बाधा पैदा होती है। इसलिए आपको कोशिश करनी चाहिए कि आप अपने बच्चों पर ध्यान दें और उन्हें कम से कम मोबाइल स्क्रीन के सामने लेकर जाएं। 

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विजन सिंड्रोम क्या है ? (What Is Vision Syndrome In Hindi)

विजन सिंड्रोम एक आंखों से संबंधित समस्या है, जो मुख्य रूप से घंटों लैपटॉप और मोबाइल पर काम करने, देर रात तक टीवी के सामने बैठे रहने से होता है। बिना पलकें झपकाए लगातार इन स्क्रीन पर चिपके रहने के कारण आपकी आंखों पर स्ट्रेस बढ़ता है। वहीं, अगर आप रोजाना तीन घंटे से ज्यादा ऐसा करते है तो आप विजन सिंड्रोम का शइकार हो सकते हैं। 

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कैसे करें बचाव (How To Prevent)

  • विजन सिंड्रोम या आंखों पर बुरा असर पड़ने से रोकने के लिए आपको सबसे पहले तो घंटों मोबाइल या लैपटॉप के सामने बैठे रहने की आदत को त्यागना होगा। 
  • आर्टिफिशियल टीयर सब्सिच्यूट का इस्तेमाल कर सकते हैं। 
  • कंप्यूटर, लैपटॉप, मोबाइल और टीवी से एक दूरी बनाकर बैठें।
  • आंखों के व्यायाम नियमित रूप से करें। 

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