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जानिए कैसे पोर्न देखने से बेहतर बनता है इंसान

जानिए कैसे पोर्न देखने से बेहतर बनता है इंसान
Quick Bites
  • पोर्न देखें और एक बेहतन इंसान बनें।
  • पोर्न देखने के शौकीन करते हैं महिलाओं की ज्यादा इज्जत।
  • ये होते हैं महिलाओं के प्रति ज्यादा संवेदनशील।
  • महिलाओं के प्रति इनका व्यवहार रहता है सकारात्मक।

पोर्न... एक अनछुआ और अनचाहा शब्द जो दिमाग में सबके चलता है लेकिन सामाजिक तौर पर कोई मानना नहीं चाहता। खासकर भारत में जबकि भारत पोर्न देखने वाले देश की सूची में शीर्ष पर आता है। लेकिन ऐसा है क्यों? मतलब पोर्न देखना भी है और किसी को बताना भी नहीं... आखिर क्यों?


इसकी वजह ये है कि पोर्न देखने की आलोचना होती है और इसे रेप और महिलाओं के खिलाफ बढ़ती हिंसा के लिए जिम्मेदार ठहराया जाता है। लेकिन ये पूरा सच नहीं है। दरअसल भले ही पोर्न देखने की आलोचना होती हो लेकिन इसके कई फायदे भी हैं। भारत में पोर्न देखने के शौकीनों लोगों को ये खबर रोमांचित कर सकती है। साथ में उन देशों के निवासियों के लिए भी ये अच्छी खबर है जहां पोर्न साइटों पर बैन लगा दिया गया है।


इस बात को पहली बार सुनने और पढ़ने पर भले विश्वास ना हो लेकिन पोर्न देखने पर हुई रिसर्च में साबित हुआ है कि पोर्न देखने से इंसान और अधिक बेहतर बनता है और महिलाओं को अधिक इज्जत देता है। आइए इस लेख में जानें कि क्या कहती है ये रिसर्च और पोर्न देखने से जुड़ी पॉजिटिव बातें क्या हैं।

महिलाओं के प्रति ज्यादा संवेदनशील बनते हैं पुरुष

इस रिसर्च के अनुसार ज्यादा पोर्न देखने वाले पुरुषों का नजरिया महिलाओं और उनके अधिकारों के प्रति ज्यादा सकारात्मक होता है। ऐसे पुरुष कम रुढ़िवादी होते हैं और उनका व्यवहार महिलाओं के काम करने और गर्भपात के प्रति नरम रहता है। साथ ही रिसर्च में ये भी देखा गया है कि पोर्न देखने वाले पुरुष लैंगिक तौर पर कम भेदभाव करते हैं। पोर्न देखने वाले पुरुषों की नजर में महिला व पुरुष बराबर होते हैं। यह रिसर्च रिपोर्ट जर्नल ऑफ सेक्स रिसर्च में प्रकाशित हो चुकी है।
इस रिसर्च के अनुसार पोर्न देखने वाले पुरुष महिलाओं से जुड़े सारे मुद्दों को लेकर अन्य पुरुषों की तुलना में अधिक संवेदनशील होते हैं। कई देश इस रिपोर्ट पर सवाल खड़े कर चुके हैं लेकिन इस रिपोर्ट ने पोर्न शौकीनों को एक पॉजिटीव सिग्नल दे दिया है।

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रेप को नहीं बढ़ाता पोर्न

भारत में अक्सर लोग पोर्न को बढ़ते रेप का कारण मानते हैं। अतुल अंजान जैसे नेताओं ने तो बॉलीवुड में करियर बनाने वाले पोर्न स्टार को ही बढ़ते हुए रेप का जिम्मेदार बता दिया था। लेकिन रिसर्च की रिपोर्ट के अनुसार पोर्न देखने से पुरुष महिलाओं को सिर्फ सेक्स ऑब्जेक्ट समझने की सोच से बाहर आता है और वह लैंगिक भेदभाव से उबरता है। ऐसे लोग महिला अधिकारों के प्रति पोर्न न देखने वालों की तुलना में ज्यादा सजग होते हैं और उनके हक के लिए लड़ने के मामले में भी आगे रहता है।

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वन नाइट स्टैंड का विकल्प बना पोर्न

पोर्न का सबसे अधिक फायदा ये हुआ है कि लोग इसे वन नाइट स्टैंड का विकल्प बना रहे हैं। शहर में अकेले रहते युवा सेक्शुअली तौर पर फ्रस्टेट होने के कारण वन नाइट स्टैंड अपनाते थे। लेकिन पोर्न ने उन्हें इसका विकल्प देकर वन नाइट स्टैंड के चलन को कम करने में मदद की है। क्योंकि वन नाइट स्टैंड केवल क्षणिक सुख देता है और जीवनभर का पछतावा। ऐसे में युवाओं ने वासना के आवेश को मिटाने के लिए पोर्न की तरफ रुख करना शुरू दिया है।

 


नए सेक्स मूव का ज्ञान

और पोर्न से सबसे अधिक फायदा उन दंपतियों को भी हुआ है जो सेक्स में हमेशा कुछ नया ट्राई करते रहते हैं। पोर्न से ऐसे दंपतियों के जीवन में रस आता है और उनमें सेक्स को लेकर नयापन और रोमांच बना रहता है।

 

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Written by
Gayatree Verma
Source: ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभागSep 28, 2016

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