Raksha Bandhan 2020: आपको बीमार कर सकती हैं रक्षा बंधन की मिठाईयां, जानें त्यौहार से जुड़े 5 हेल्थ टिप्स

Updated at: Jul 23, 2020
Raksha Bandhan 2020: आपको बीमार कर सकती हैं रक्षा बंधन की मिठाईयां, जानें त्यौहार से जुड़े 5 हेल्थ टिप्स

रक्षाबंधन का मुहूर्त पूर्णिमा 2 अगस्त रात 9:28 से 3 अगस्त रात 9:27 तक है। बहनें अपने भाइयों को 3 अगस्त सुबह 09:28 से रात 21:14 तक राखी बांध सकती हैं। 

Jitendra Gupta
विविधWritten by: Jitendra GuptaPublished at: Aug 11, 2019

Raksha Bandhan 2020: भाई-बहन के प्यार का त्योहार यानी की रक्षाबंधन। इस दिन देश भर की बहनें अपने भाइयों की दाहिनी कलाई पर राखी बांध कर अपने प्यार को दर्शाती हैं वहीं भाई अपनी बहन को प्रेम, उपहार और रक्षा का वचन देता है। रक्षाबंधन श्रावण मास की पूर्णिमा को मनाया जाता है, जोकि इस साल 3 अगस्त यानी सोमवार को  मनाया जाएगा। रक्षा बंधन का त्योहार देश के कई हिस्सों में बड़ी धूमधाम से मनाया जाता है रक्षाबंधन के त्यौहार पर मुहूर्त का भी अलग ही महत्व है। इस बार मुहूर्त यानी की पूर्णिमा तिथि 2 अगस्त को रात 9:28 पर शुरू होगा , जो 3 अगस्त को रात 9:27 पर समाप्त होगा। ऐसे में बहनें अपने भाइयों को 3 अगस्त सुबह 09:28 से रात 21:14 तक राखी बांध सकती हैं। 

रक्षाबंधन पर राखी के अलावा मिठाईयों का बड़ा चलन है लेकिन बाजार में बिकने वाले मीठे खाद्य पदार्थ इतने मिलावटी हो गए हैं कि बाजार से कुछ भी खरीद कर खाना अपनी सेहत को नुकसान पहुंचाने के लिए न्यौता देना होगा। अगर आप भी बाजार से कुछ खरीदकर अपने भाई या बहन को खिलाने की सोच रहे हैं तो हम आपको ऐसे 5 तथ्य बताने जा रहे हैं, जिसके जरिए आप अपने रक्षाबंधन को हेल्थी और खुशनुमा बना सकते हैं।

बाजार से न खरीदें ये चीजें

मिलावटी मिठाईयां न खाएं

आपने बाजार में बिकने वाली मिलावटी मिठाईयों के बारे में बखूबी सुना होगा। त्यौहार के वक्त बाजार में बिकने वाली ये मिठाईयां आपकी सेहत बिगाड़ सकती हैं। इन मिठाईयों में रंग से लेकर स्वाद तक सब कुछ नकली होता है। इसके साथ ही बनाने में जिन चीजों का प्रयोग किया जाता है, वो भी मिलावटी होते हैं। इसलिए अगर आपको इस रक्षाबंधन स्वस्थ रहना है तो घर की बनी मिठाईयों का ही प्रयोग करें।

इसे भी पढ़ेंः ये 6 नौकरियां करने वाले लोगों में कैंसर का खतरा होता है अधिक, जानें कौन सी नौकरी सबसे घातक

मावा से रहें दूर

अगर आप बाहर से खरीद कर मावा लाए हैं और उससे मिठाईयां बनाने जा रहे हैं तो सावधान हो जाएं और मावे की अच्छी तरह से जांच जरूर कर लें। क्योंकि बाजार में बिकने वाला मावा आपकी सेहत बिगाड़ सकता है। बाजार में बिकने वाला मावे में कास्टिक सोडे से लेकर, मिलावटी खाद्य पदार्थ तक का इस्तेमाल किया जाता है, जो आपकी आंतों से लेकर पाचन तंत्र और दूसरे अंगों को प्रभावित कर सकता है।

raksha

नकली घी से बनी मिठाईयां खतरनाक

बाजार में बिकने वाला मावा ही नहीं बल्कि जिस घी में मिठाईयां बन रही है वह भी नकली है। इसलिए इसे भी अच्छी तरह से जांच परख लें। दरअसल नकली घी में जानवरों की चर्बी का इस्तेमाल किया जाता है, जिससे सतर्क रहने की जरूरत है।

धातु की बनी राखी पहनने से बचें

आपने बाजार में कई तरह की राखियां देखी होंगी, जिनमें से कुछ बेहद सुंदर होती है और कुछ बेहद आकर्षक। राखी वैसे तो रेशम की डोरी का नाम है, लेकिन वर्तमान ट्रेंड में धातु की राखियां बेहद पसंद की जा रही है। इन राखी में प्रयोग किया जाने वाला यह धातु, अधिक समय तक आपकी त्वचा के संपर्क में रहने के कारण खतरनाक इंफेक्शन पैदा कर देता है। इसलिए इस संक्रमण से बचने के लिए सादी डोरी एवं मोती वाली राखी का ही प्रयोग करें ।

इसे भी पढ़ेंः अक्सर रहता है कूल्हे में दर्द तो इन 5 आसान तरीकों से करें इसे दूर, मांसपेशियां होंगी मजबूत

बाजार में बिकने वाली नमकीन न खाएं

घर पर मेहमान आए हो और उनके सामने नमकीन न हो तो त्यौहार का मजा किरकिरा हो जाता है। बाजार में खुले रूप में बिकने वाली नमकीन या सेंव जैसे खाद्य पदार्थ आपकी सेहत को नुकसान पहुंचा सकते हैं । त्यौहार के समय इसे खस्ता और कुरकुरा बनाने के लिए कुछ लोग डिटर्जेंट और अन्य हानिकारक पदार्थ मिलाते हैं, जो आपको उल्टी-दस्त जैसी बीमारियों का शिकार बना सकते हैं।

Read More Articles On Miscellaneous in Hindi

Disclaimer

इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy. OK