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सातवें हफ्ते में होती है आपको विशेष देखभाल की जरूरत

गर्भावस्‍था By अन्‍य , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग / Jul 06, 2011
सातवें हफ्ते में होती है आपको विशेष देखभाल की जरूरत

गर्भावस्था के सातवें हफ्ते में आपको अपने शारीरिक रूप में कोई परिवर्तन दिखाई नहीं देता। इस दौरान आपको अपनी देखभाल के प्रति सजग रहना चाहिए। सातवें हफ्ते के बारे में ज्‍यादा जानकारी के लिए इस लेख को पढ़ें।

सातवां हफ्ता यानी आपकी गर्भावस्था का दूसरा महीना चल रहा है। इस समय आपको अपने शारीरिक स्‍वरूप में कोई परिवर्तन नजर नहीं आएगा। भ्रूण का विकास चल रहा है। अब से कुछ समय बाद आप अपनी इस खुशी को दोस्‍तों और रिश्‍तेदारों के साथ शेयर कर सकती हैं।

seventh week of pregnancy
हालांकि आप अपनी खुशी को शेयर करने के लिए काफी उत्‍सुक होंगी। और उन्‍हें यह बताना काफी रोमांचक हो सकता है। भ्रूण का आकार अभी छोटा है, और यह जल्‍द ही तेजी से बढ़ने लगेगा। भ्रूण का विकास तेजी से हो इसके लिए आपको पौष्‍िटक आहार का सेवन करना चाहिए। प्रसव के पूर्व लिए जाने वाले विटामिन का सेवन करें और काम के बीच आराम के लिए भी समय निकालें।

विटामिन की पर्याप्‍त मात्रा से आपके गर्भ में पल रहा बच्‍चा स्‍वस्‍थ रहेगा। अगले आने वाले समय में बच्‍चे के दिल की धड़कन आपको सुनाई देगी। थ्रीडी सोनोग्राम से आप बच्‍चे के बढ़ने को देख सकेंगी। इस लेख के जरिए हम आपको गर्भावस्‍था के सांतवें हफ्ते के बारे में जानकारी देंगे।

शिशु का विकास

गर्भावस्था के सांतवें हफ्ते में भ्रूण की लंबाई 0.44 से 0.52 इंच होना चाहिए। इस सप्‍ताह से बच्चे में बाल, स्तन पुटिका के साथ पलक व जीभ का विकसित होना शुरु हो जाएगा। इस समय आप घुटने और पैरों की उंगलियों को आकार लेते हुए भी देख सकती हैं। आंतरिक अंगों का विकास पहले ही शुरू हो चुका है।

बच्चा अब एमनिओटिक थैली के माध्यम से संभवतया तैर सकता है, नाल की रस्सी का बढ़ना भी शुरु हो गया है। अब बच्चे की तंत्रिकाओं और मांसपेशियों का विकास शुरु होगा। फेफड़ों के विकसित होने में तेजी आ रही है। बच्‍चे का विकास सही रहे, इसके लिए जरूरी है कि आप सही पौष्टिक खाना खाएं और विटामिन की अच्‍छी मात्रा भोजन में लें। सप्‍ताह के अंत में आपको भ्रूण के साइज में बढ़ोतरी दिखाई देगा।

आपके शरीर में परिवर्तन

 

  • कुछ महिलाएं गौर से देखने पर आपको बता सकती हैं कि आप गर्भवती हैं। इस समय आपका वजन बढ़ेगा, दूसरी तरफ इस समय कुछ महिलाओं का वजन कम भी हो जाता है। वजन घटने पर चिंतित होने की बात नहीं है।
  • शरीर का वजन बढ़ना या कम होना सिर्फ बच्चे के विकास के लिए आपके शरीर के समायोजन का एक मार्ग होता है। इस हफ्ते में सुबह को होने वाली समस्‍या और बढ़ सकती है। जल्द ही इसमें कमी आएगी।
  • आपको अपने स्‍तन नरम लगने शुरू हो जाएंगे और आकार में भी बदलाव होगा।
  • सिर दर्द, मूड में बदलाव, ज्‍यादा यूरिनेट करना, कब्ज और अपच की परेशानी भी इस समय हो सकती है।
  • इस समय आपको अलग-अलग तरह की चीजों को खाने का ज्‍यादा मन करता है। इस इच्‍छा की पूर्ति के लिए ऐसी चीज न खाएं जो आपको या आपके गर्भस्‍थ शिशु को नुकसान दें।


क्या उम्मीद की जाती है

 

  • आने वाले हफ्तों में मार्निंग सिकनेस में कमी आएगी। एक बार में ज्‍यादा खाने की कोशिश न करें। दिन में पांच से छह बार थोड़ा- थोड़ा आहार लेना आपके लिए अच्‍छा रहेगा।
  • यदि आपको कुछ खाने के बाद उल्‍टी आने की आशंका है तो इसके लिए विशेषज्ञ नींबू की महक लेने की सलाह देते हैं। तरबूज खाने से भी मार्निंग सिकनेस में राहत मिलती है।
  • यदि मार्निंग सिकनेस की समस्‍या ज्‍यादा बढ़ रही है तो चिकित्सक से परामर्श करें और देखें कि मितली होने का कोई अन्‍य कारण तो नहीं।
  • किसी बात को लेकर चिंता में न रहें, यह आपके गर्भ में पल रहे शिशु पर विपरीत असर डाल सकता है। इससे आपके साथ ही शिशु के स्‍वास्‍थ्‍य पर भी असर पड़ेगा।


सुझाव

दिन में आराम के साथ ही काम करना जारी रखें। योग और व्‍यायाम आपके लिए हमेशा ही फायदेमंद रहेगा। प्रेग्‍नेंसी के इस स्तर पर कोई प्रतिबंध नहीं होता। आप डॉक्टर से अगली मुलाकात के लिए तैयार हो रही है, इसमें रक्‍त की जांच की जाएगी। परीक्षण किया जाएगा, जिससे आपकी गर्भावस्था और आपके स्वास्थ्य की निगरानी करने में मदद होगी।

हमेशा ध्‍यान रखें कि आपका और गर्भ में पल रहे शिशु का स्‍वास्‍थ्‍य पहले है। यदि आपको नीचे बैठकर काम करने में आराम मिलता है, तो ऐसा कर सकती हैं। तरल पदार्थ के साथ ही प्रोटीन और विटामिन युक्‍त आहार लें। कॉफी या कैफीनयुक्‍त पेय से दूर रहने की कोशिश करें। तली हुई चीजों जैसे नमकीन और आलू के चिप्स आदि से दूर ही रहे। इनके सेवन से आपको मितली आने की शिकायत हो सकती है।

अपने आहार योजना बनाने और यह जानने के लिए कि आपको क्‍या खाना चाहिए, इसके लिए अपने चिकित्‍सक से सलाह लें। इसके अलावा आप इस बारे में किताबों और वेबसाइट्स से भी जानकारी जुटा सकती हैं।

 

 

 

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Disclaimer

इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

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