• shareIcon

शिशु के सोते वक्त जरूर गौर करें ये 3 चीजें, कभी नहीं पड़ेगा बीमार

नवजात की देखभाल By Rashmi Upadhyay , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग / May 11, 2018
शिशु के सोते वक्त जरूर गौर करें ये 3 चीजें, कभी नहीं पड़ेगा बीमार

नवजात के लिए स्‍तनपान के अलावा सबसे ज्‍यादा जरूरी होता है भरपूर नींद लेना, भरपूर नींद लेने से बच्‍चे का संपूर्ण विकास होता है।

नवजात के लिए स्‍तनपान के अलावा सबसे ज्‍यादा जरूरी होता है भरपूर नींद लेना। इसलिए जन्‍म लेने के बाद से 1 साल के होने तक बच्‍चे की नींद का पूरा खयाल रखना चाहिए। भरपूर नींद लेने से बच्‍चे का संपूर्ण विकास होता है। कई शोधों में भी यह बात सामने आ चुकी है कि भरपूर नींद लेने से बच्‍चे के शरीर के साथ-साथ उसके दिमाग का भी विकास ठीक तरह से होता है। लेकिन यदि बच्‍चे का पेट भरा न हो तो वह सो नहीं पाता है। इसलिए इसका भी ध्‍यान रखिये। आइए हम आपको बच्‍चों की नींद से जुड़ी कुछ मूल बातों की जानकारी देते हैं।

कितने घंटे की नींद

नवजात बच्‍चे को कम से कम 16 घंटे की नींद लेना चाहिए, इसमें दिन में लगभग 7-8 घंटे और रात में 8-9 घंटे की नींद पूरा करना जरूरी हो जाता है। जैसे-जैसे बच्‍चा बड़ा होता जाता है उसकी नींद की अवधि भी कम होती जाती है। यानी यदि आपका बच्‍चा 1 महीने का है तो उसके लिए 14-15 घंटे की नींद लेना पर्याप्‍त माना जाता है।
2 महीने से 6 महीने तक के बच्‍चे को 14 घंटे की नींद लेना जरूरी है। जबकि 7 महीने से 1 साल तक के बच्‍चे को लगभग 13 घंटे सोना चाहिए। लेकिन जैसे-जैसे आपका बच्‍चा बड़ा होता जाये उसकी दिन की नींद की अवधि कम करके रात की नींद की अवधि बढ़ा देना चाहिए। यानी अगर आपका बच्‍चा 6 महीने का है तो आपकी कोशिश यह हो कि उसे दिन में 3 घंटे सुलायें और रात में कम से कम 11 घंटे सुलायें।

इसे भी पढ़ें : मामूली नहीं है नवजात की छींकने की आदत, कारण जानकर आज ही शुरू करें इलाज

स्‍तनपान और नींद

जन्‍म के 6 महीने तक बच्‍चे को केवल स्‍तनपान कराना चाहिए। यह बहुत ही शानदार तरीका है बच्‍चे को सुलाने का जब आपकी गोद में ही आपका लाडला छपकी ले ले। शुरूआत के 3-4 महीने तक बच्‍चा दिन और रात में फर्क नहीं कर पाता है, इसलिए बच्‍चे को इस दौरान दिन और रात दोनों समय बराबर मात्रा में स्‍तनपान करायें। जब बच्‍चा सो रहा हो तब उसे स्‍तनपान न करायें। जब बच्‍चे का पेट खाली हो जायेगा तो वह खुद नींद से जाग जायेगा ऐसे में उसे स्‍तनपान कराकर सुलाइए।

रात में सोते वक्‍त ध्‍यान रखें

नवजात को अच्‍छे से सुलाने के लिए रात में उसके साथ ही सोयें। यदि आपके पति भी आपके साथ वही बिस्‍तर साझा कर रहे हैं तो इसपर खास ध्‍यान रखें। इसके अलावा यदि आपके पति ने धूम्रपान, शराब का सेवन, थकान में हैं, या फिर दवाओं का सेवन किया है तो उनके साथ बिस्‍तर साझा न करें। इसकी वजह से आपके लाडले की नींद में खलल पड़ सकता है।

बच्‍चे को कैसे लपेटें

नवजात के शरीर का तापमान सामान्‍य रखने के लिए उसे कपड़े से लपेटना जरूरी है, इसके आलावा बच्‍चे को चौंका देने वाले झटके भी आते हैं इससे बचाने के लिए भी उनको लपेटें। शिशु को लपेटने से पहले यह जांच लीजिए कि शिशु कहीं भूखा या गीला तो नहीं है। यह सुनिश्चित करें कि आपने उसका चेहरा या सिर तो नहीं ढक दिया है, क्योंकि इससे सांस लेने में कठिनाई हो सकती है और उसके शरीर का तापमान सामान्‍य से अधिक हो सकता है। यदि आप अपने शिशु को लपेटती हैं तो सामान्यत: उसे ऊपर एक कम्बल या चादर की आवश्यकता नहीं पड़ेगी।  

इसे भी पढ़ें : बचपन से रखें इन 3 बातों का ध्यान, तेज होगा बच्चे का आईक्यू लेवल

सुलाते समय ध्‍यान रखें

  • बच्‍चे को सुलाते समय कई बातों का ध्‍यान रखना चाहिए, नहीं तो वह नींद से उठ सकता है।
  • सुलाने वाली जगह साफ-सुथरी होनी चाहिए, गंदगी होने से संक्रमण हो सकता है।
  • आपका बच्‍चा जहां सोए वहां ज्यादा शोर नहीं होना चाहिए।
  • बच्‍चे को थोड़ी-थोड़ी देर में देखते रहना चाहिए कि कहीं बच्चे ने पेशाब तो नहीं किया है।
  • यह देख लें कि बच्चे को कोई परेशानी न हो और उस पर अच्छी तरह चादर पड़ा हो।
  • कमरे में अंधेरा होना चाहिए जिससे बच्चे को लगे कि अभी रात है।

ऐसे अन्य स्टोरीज के लिए डाउनलोड करें: ओनलीमायहेल्थ ऐप

Read More Articles on Parenting in Hindi

Disclaimer

इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy. OK