• shareIcon

पैदल चलने से मस्तिष्‍काघात का खतरा कम

लेटेस्ट By ओन्लीमाईहैल्थ लेखक , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग / Jan 07, 2013
पैदल चलने से मस्तिष्‍काघात का खतरा कम

जानिए कैसे, पैदल चलने वाली महिलाओं में मस्तिष्‍काघात का खतरा कम होता है।

paidal chalne se mastishkaghat ka khatra kam

पैदल चलना बहुत अच्‍छा व्‍यायाम माना जाता है। अब यह बात भी सामने आई है कि पैदल चलने वाली महिलाओं में मस्तिष्‍काघात का खतरा कम होता है।

नियमित रूप से सप्ताह में तीन घंटे पैदल चलने वाली महिलाओं में उनके भाई-बहनों की अपेक्षा मस्तिष्कघात का खतरा कम रहता है। एक ताजा अध्‍ययन में यह बात सामने आई है।

[इसे भी पढ़ें: समय रहते संभव है उपचार ब्रेन टयूमर]


स्ट्रोक पत्रिका के मुताबिक जो महिलाएं सप्ताह में 210 मिनट पैदल चलती हैं उनमें न सिर्फ पैदल न चलने वाली महिलाओं बल्कि कठिन व्यायामों को करने वाली महिलाओं की अपेक्षा भी यह खतरा कम होता है।

`मरसिया रीजनल हेल्थ अथॉरिटी` की ओर से किए गए इस अध्‍ययन में कहा गया है कि आम लोगों के लिए एक जैसे संदेश होते हैं, जैसे कि हल्का व्यायाम स्वास्थ्य के लिए अच्छा होता है।

[इसे भी पढ़ें: चलते-चलते जाएगी दिल की बीमारी]

1990 के मध्य में यूरोप में कैंसर को लेकर किए गए शोध के दौरान 33,000 महिला और पुरुष ने इस सवाल-जवाब में हिस्सा लिया था। ह्युर्टा और उसके दल ने इन लोगों को लिंग, व्यायाम के तरीके और व्यायाम पर एक सप्ताह दौरान बिताए गए समय के अनुसार बांटा। और 12 सालों तक इन पर नजर रखने के बाद ये पता चला कि इनमें से 442 लोगों को मस्तिष्काघात हुआ था।


Read More Article on Health News in hindi.

Disclaimer

इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy. OK