• shareIcon

मोटापा बन रहा है कम उम्र में कैंसर का कारण, एक्सपर्ट से जानें बचाव के तरीके

कैंसर By अनुराग अनुभव , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग / Feb 12, 2019
मोटापा बन रहा है कम उम्र में कैंसर का कारण, एक्सपर्ट से जानें बचाव के तरीके

मोटापे के कारण डायबिटीज और ब्लड प्रेशर का खतरा बढ़ जाता है, यह तो आपको भी पता होगा। मगर हाल में हुए एक शोध में अनुसार मोटापा कैंसर का भी एक बड़ा कारण बनकर उभर रहा है। अध्ययन के अनुसार मोटापे के कारण 16 तरह के कैंसर का खतरा बढ़ जाता है, आंतों, फूड

मोटापे के कारण डायबिटीज और ब्लड प्रेशर का खतरा बढ़ जाता है, यह तो आपको भी पता होगा। मगर हाल में हुए एक शोध में अनुसार मोटापा कैंसर का भी एक बड़ा कारण बनकर उभर रहा है। कैंसर एक गंभीर बीमारी है, जिसके कारण दुनियाभर में हर साल करोड़ों लोग मरते हैं। पूरी दुनिया में जिस तेजी से कैंसर के मरीजों की संख्या बढ़ रही है, उसका एक कारण मोटापा भी है।

अध्ययन के अनुसार मोटापे के कारण 16 तरह के कैंसर का खतरा बढ़ जाता है, आंतों, फूड पाइप (आहार नली), किडनी और अमाशय (पैंक्रियाज) का कैंसर प्रमुख है। आइए आपको बताते हैं मोटापा क्यों बनता है कैंसर का कारण और क्या हैं इससे बचाव के तरीके।

खानपान की गड़बड़ी से मोटापा और कैंसर

मोटापा भारतीयों में एक प्रमुख समस्या है। अस्वस्थ खानपान और बुरी जीवनशैली के कारण लोगों में मोटापा हद से ज्यादा बढ़ रहा है। फास्टफू्ड्स, जंकफूड्स, मिलावटी सामानों और फल सब्जियों में प्रयोग किए जाने वाले हानिकारक केमिकल्स के कारण लोगों की जीन्स में धीरे-धीरे परिवर्तन आ रहा है। यही वजह है कि मोटापे के साथ-साथ उनमें कैंसर का खतरा हाल के दिनों में कई गुना ज्यादा बढ़ गया है। मोटापे के शिकार लोगों की अगली पीढ़ी यानी उनके बच्चों में भी कैंसर का खतरा बहुत ज्यादा होता है।

इसे भी पढ़ें:- सिर्फ तंबाकू नहीं, इन 5 कारणों से भी हो सकता है मुंह का कैंसर

जांच से जल्दी पता चल जाता है कैंसर

मोटापे के कारण होने वाले कैंसर का पता सामान्य कैंसर की अपेक्षा जल्दी लग जाता है। लेकिन चूंकि शुरुआत में दिखने वाले लक्षणों को लोग नजरअंदाज करते रहते हैं इसलिए कैंसर धीरे-धीरे बढ़ता रहता है और खतरनाक स्तर पर पहुंचने पर पता चलता है। इसलिए कैंसर, डायबिटीज, हार्ट अटैक और ब्लड प्रेशर जैसी गंभीर बीमारियों से बचने के लिए जरूरी है कि आप अपना वजन कंट्रोल करें और हर साल एक बार फुल बॉडी चेकअप करवाएं।

पैंक्रियाटिक कैंसर का मुख्य कारण है मोटापा

पैंक्रियाटिक कैंसर का सबसे बड़ा कारण मोटापा है। पिछले दिनों पैंक्रियाटिक कैंसर के जितने भी मरीज पाए गए हैं, उनमें से 90 प्रतिशत मरीज मोटापे का शिकार थे। शुरुआत में आप अपने मोटापे पर ध्यान नहीं देते हैं, जिसके कारण 45-50 की उम्र आते-आते कैंसर का खतरा काफी बढ़ जाता है। इसलिए अपना वजन न बढ़ने दें और हमेशा संतुलित और स्वस्थ आहार लें।

इसे भी पढ़ें:- किडनी कैंसर से पहले शरीर में दिखते हैं ये 8 लक्षण, रहें सावधान

मोटापे के कारण किडनी कैंसर है खतरनाक

पैन इंडिया रिपोर्ट के अनुसार भारत में किडनी रोगों के 50 प्रतिशत से ज्यादा मामलों में इसकी वजह मोटापा पाया गया है। कई लोग शरीर से मोटे नहीं होते हैं लेकिन उनका पेट निकला हुआ होता है। मोटापे की वजह से किडनी कैंसर का खतरा लगभग 70 प्रतिशत बढ़ जाता है। क्रॉनिक किडनी डिजीज का सबसे बड़ा कारण यही पेट का मोटापा है। दरअसल किडनी की बीमारी के लक्षण उस वक्त उभरकर सामने आते हैं, जब किडनी 60 से 65 प्रतिशत डैमेज हो चुकी होती है। इसलिए इसे साइलेंट किलर भी कहा जाता है।

ऐसे अन्य स्टोरीज के लिए डाउनलोड करें: ओनलीमायहेल्थ ऐप

Read More Articles On Cancer in Hindi

Disclaimer

इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy. OK