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बैक्‍टीरिया से बचाने के लिए पत्‍तेदार सब्जियों को ऐसे करें साफ

लेटेस्ट By Nachiketa Sharma , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग / Aug 28, 2015
बैक्‍टीरिया से बचाने के लिए पत्‍तेदार सब्जियों को ऐसे करें साफ

कैलिफोर्निया रिवरसाइड यूनिवर्सिटी द्वारा किये गये शोध की मानें तो सही तरीके से सफाई न करने के कारण पत्‍तेदार सब्जियों में कीटाणु रहते हैं, अधिक जानने के लिए यह स्‍वास्‍थ्‍य समाचार पढ़ें।

हरी और पत्‍तेदार सब्जियां सेहत के लिहाज से फायदेमंद होती हैं, लेकिन अगर उनको सही तरीके से साफ किया जाये तभी। लेकिन सफाई के दौरान इनमें लगभग 99 प्रतिशत तक कीटाणु रहते हैं जिसके बीमारियां फैलती हैं। हाल ही में वैज्ञानिकों ने पता लगा लिया है कि आप किस तरह पालक जैसी हरी पत्तेदार सब्जियों को कीटाणुरहित रख सकते हैं। इससे बीमारी का खतरा कम होगा। पत्तेदार सब्जियों को दुकानों में पहुंचाने से पहले व्यावसायिक प्रक्रियाओं से साफ किया जाता है।

Leafy Vegetable in Hindi

कैलिफोर्निया रिवरसाइड यूनिवर्सिटी ने इसपर शोध किया। इसके शोधकर्ता निकोला किनसिंगर का कहना है, व्यावसायिक प्रक्रियाओं से साफ की गई सब्जियों में पानी और ब्लीच या विकिरण का इस्तेमाल किया जाता है जो कीटाणुओं पर प्रभावी नहीं होते। वैज्ञानिकों ने अनुमान लगाया कि इस प्रक्रिया से हरी पत्तेदार सब्जियों में बीमारी फैलाने वाले कीटाणु 99 प्रतिशत तक जिंदा रहते हैं।

इस प्रयोग में ई. कोलाई सक्रिय रहता है जो इस प्रकोप का कारण है। वहीं वैज्ञानिकों की टीम ने बैक्टीरिया पर हमला करने के लिए एक अलग प्रयोग किया। उन्होंने एक प्लेट प्रवाह चैंबर सिस्टम का प्रयोग किया, जिसमें शोधकर्ताओं ने समांतर प्लेटों में अलग-अलग पालक की पत्तियां रखीं। कम सांद्रता वाले ब्लीच में कीटाणु जीवित रहे और उच्च सांद्रता, जो व्यावसायिक तौर पर इस्तेमाल किया जाता है, में बैक्टीरिया पूरी तरह समाप्‍त पाए गए।

किनसिंगर ने यह भी बताया, पालक की पत्ती की टोपोलॉजी की वजह से पत्ते की 15 प्रतिशत सतह पर मौजूद ब्लीच की सघनता मिश्रण की सघनता से 1000 गुना कम होती है। इससे पता चलता है कि इस कारण पत्ते में 90 प्रतिशत जीवाणु जीवित होते हैं, जो कि खतरनाक हैं।

इस खतरे को कम करने के लिए शोधकर्ताओं ने एक सस्ती टाइटेनियम डाईऑक्साइड (टीआईओ2) फोटोकेटालिस्ट को अनुकूलित किया है, जो ब्लीच के मिश्रण की सघनता से जुड़कर प्रकाश को अवशोषित करने पर एक तरह का ऑक्सीडेंट पैदा करता है जिसके कारण पत्तियों में जीवित बचे जीवाणु पूरी तरह से समाप्त हो जाते हैं। शोधकर्ताओं ने बॉस्टन में आयोजित अमेरिकी रसायन सोसाइटी की राष्ट्रीय बैठक और प्रदर्शनी में इसे प्रस्तुत किया।

 

Image Source - Getty

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