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मीठी चीजों का शौक है तो नजरअंदाज न करें शरीर के ये 5 संकेत, वर्ना हो सकते हैं गंभीर बीमारियों का शिकार

विविध By शीतल बिष्‍ट , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग / Oct 16, 2019
मीठी चीजों का शौक है तो नजरअंदाज न करें शरीर के ये 5 संकेत, वर्ना हो सकते हैं गंभीर बीमारियों का शिकार

Warning Signs To Eat Sugar: यदि आप भी मीठे के शौकीन हैं और खुद को मीठा खाने से रोक नहीं पाते, तो आप संभल जाएं, क्‍योंकि अधिक मीठा खाने से न केवल आपका वजन बढ़ेगा, बल्कि आप कई गंभीर बीमारियों के शिकार भी हो सकते हैं। इसलिए इन 5 संकेतों के दिखते

क्‍या आप भी मीठे के शौकीन हैं? क्‍या आपके भी मीठे को देखते ही मुंह से लार टपकने लगती है? अगर हां, तो आप इस बात को बेहतर समझते होंगे की मीठा खाने की क्रेविंग किसी नशे से कम नहीं, जिसे छोड़ना काफी मुश्किल सा लगता है। बहुत से लोग मीठे को देखते ही उस पर इस तरह टूट पड़ते हैं कि वह हद से ज्‍यादा मीठा खाकर अपनी सीमाएं ही पार कर जाते हैं। अगर आपका दिन बिना मीठे खाए नहीं गुजरता है और आप दिन में चॉकलेट, कैंडी या फिर खाने के बाद मीठे के बिना नहीं रह पाते। यहां त‍क कि चाय या कॉफी में सामान्‍य से अधिक मीठी चाय-कॉफी पीना पसंद करते हैं, तो आप संभल जाइए और इन 5 संकेतों के दिखते ही समझ जाएं कि अब वक्‍त आ गया है कि आपको मीठे को ना कह देना चाहिए।  

ऐसा इसलिए क्‍योंकि अधिक मीठा या जरूरत से ज्‍यादा मीठा एक नहीं, अनेकों बीमारियों को जन्‍म दे सकता है। मोटापे से लेकर डायबिटीज, कैविटी या दांतों में दर्द का कारण बन सकता है। किसी भी चीज का जरूरत से ज्‍यादा सेवन नुकसानदायक हो सकता है। 

सुस्ती महसूस करना 

यदि आप काम करते समय या ज्‍यादातर समय सुस्‍ती महसूस कर रहे हैं, तो यह संकेत है कि आपको अब मीठे का सेवन कम या बंद कर देना चाहिए। हालांकि यह सच है कि चीनी कार्ब्स में बदल जाती है, जो शरीर में ऊर्जा की आपूर्ति करती है और जिससे ब्‍लड शुगर लेवल को बनाए रखने में मदद मिलती है, तब तक इंसुलिन का स्तर नियंत्रण में रहता है। लेकिन अनियंत्रित शुगर लेवल भी ऊर्जा के स्तर में गिरावट कर सकता है, जिससे आप दिन भर में थका हुआ, सुस्त, महसूस कर सकते हैं और ऐसे में अधिक मीठा ब्‍लड शुगर लेवल को बढ़ा भी सकता है। 

वजन बढ़ना या ब्‍लोटिंग

चीनी या अधिक मीठे से आपको सही पोषण जैसे प्रोटीन या फाइबर नहीं मिल पाता, जो कि पाचन को नियंत्रित करते हैं और अन्य शारीरिक कार्यों में मददगार होते हैं। चीनी या मीठी चीजें कैलोरी में बहुत अधिक हेाती हैं, जो आपको ब्लोटिंग और आपको वजन को बढ़ा सकता है। इसके अलावा, चीनी शरीर में इंसुलिन के स्तर को भी बढ़ाती है, जिससे बाद आपको वजन घटाने या जिद्दी चर्बी से लड़ने में अधिक कठिनाई आती है। 

ब्रेन फॉग से परेशान 

ब्रेन फॉग एक ऐसी बीमारी है, जिसमें कि आप हमेशा कंफ्यूजन में रहते हैं, फैसले लेने में दिक्‍कतें, दिमाग कमजोर होना या फिर याददाश्त प्रभावित होने लगती है। बहुत अधिक चीनी ब्‍लड शुगर लेवल को बढ़ाने के साथ ब्रेन फॉग का कारण भी बनती है। यदि आप मानसिक रूप से कमजोर महसूस करें या ब्रेन फॉग के लक्षणों का अनुभव करें, तो आप समझ लें कि आपको अपनी मीठे की क्रेविंग को कंट्रोल कर लेन ही बेहतर होगा।  

मीठी चीज में अधिक स्‍वाद महसूस न होना 

यह एक दिलचस्प बात है, जो कि आप पर बैकफ़ायर कर सकती है। यह तब होता है, जब आप अपनी मीठी चीजों के खाने की निगरानी नहीं करते हैं और जरूरत से ज्‍यादा मीठा खा बैठते हैं। चीनी की अधिकता या बहुत अधिक मीठा खाने से वास्तव में आपकी स्वाद कलिकाएं नष्ट हो सकती हैं और इससे एक प्रकार की असहिष्णुता का विकास हो सकता है जिसके लिए आपको अपनी क्रेविंग को संतृप्त करने के लिए अधिक मीठा खाने की आवश्यकता होगी, जो कि एक अच्छा विचार नहीं है। इसलिए, लंबे समय में  और मीठा खाने को कंट्रोल करना महत्वपूर्ण है।

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अनिद्रा

अगर आपको देर रात नींद नहीं आती और आप रात के खाने के बाद कुछ मीठा खाने की आदत है, तो आपको इसे कंट्रोल कर लेना ही बेहतर होगा। क्‍योंकि मीठा खाने की आदत आपको सोने में परेशानी का कारण हो सकती है। अधिक मीठा खाने से यह शरीर में असंतुलित ऊर्जा के स्तर का कारण बनता है, जब कि आपका शरीर खुद को नींद के लिए तैयार कर रहा होता है।  जब शरीर में मेलाटोनिन का उत्पादन बाधित होता है, तो आप अच्छी तरह से सो नहीं पाते। इसलिए, एक अच्छी रात और नींद के लिए आप अपने मीठे खाने की आदत को कंट्रोल करें। 

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