• shareIcon

Post Pregnancy Skin Care: डिलीवरी के बाद आम है झाईयों और मुंहासों की समस्या, ये तरीका है सबका रामबाण

महिला स्‍वास्थ्‍य By Rashmi Upadhyay , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग / Aug 13, 2019
Post Pregnancy Skin Care: डिलीवरी के बाद आम है झाईयों और मुंहासों की समस्या, ये तरीका है सबका रामबाण

डिलीवरी के बाद हार्मोनल परिवर्तनों के चलते महिलाओं को अपनी त्वचा और शरीर के साथ कई तरह के समझौतों का सामना करना पड़ता है। स्ट्रेच मार्क्स के साथ-साथ महिलाओं को मुंहासे, स्तनों पर काले धब्बे और अंदरूनी जांघों में कई तरह के निशान होने लगते हैं।

गर्भावस्था एक महिला के शरीर में बहुत सारे बदलाव लाती है। स्ट्रेच मॉक्स, चेहरे पर मुंहासे और झाईयां होना इनमें से एक हैं। हर महिला की ख्वाहिश होती है कि वह उम्र के हर दौर में और हर समय खूबसूरत रहे और उसकी स्किन नेचुरल और जवां दिखे। लेकिन डिलीवरी के बाद ऐसा हो पाना बहुत मुश्किल होता है। क्योंकि हार्मोनल परिवर्तनों के कारण महिलाओं को अपनी त्वचा और शरीर के साथ कई तरह के समझौतों का सामना करना पड़ता है। स्ट्रेच मॉक्स के साथ-साथ महिलाओं को मुंहासे, स्तनों पर काले धब्बे और अंदरूनी जांघों में कई तरह के निशान होने लगते हैं। आपको बता दें कि इन बदलावों से आपको परेशान होने की नहीं बल्कि इनका समाधान निकालने की जरूरत है। आज हम आपको कुछ ऐसे नुस्खे बता रहे हैं जिनके प्रयोग से आप अपनी स्किन को पहले की तरह खिलाखिला और ग्लोइंग बना सकते हैं।

स्ट्रेच मॉक्स और इनका समाधान

डिलीवरी के बाद एक महिला के शरीर में स्ट्रेच माक्स होना बहुत आम समस्या है। प्रेग्नेंसी के दौरान स्किन का खिंचाव स्ट्रेच मॉक्स के लिए जिम्मेदार सबसे ज्यादा होता है। इसके अलावा, प्रेग्नेंसी के बाद तुरंत वजन कम करने से भी शरीर पर स्ट्रेच मॉक्स के निशान पड़ सकते हैं। हाइड्रेटेड रहकर और उचित पोषण युक्त डाइट लेकर इस समस्या को मात दी जा सकती है। इसके अलावा इन मॉक्स वाली जगह पर एलोवेरा जेल, ककड़ी, नींबू का रस, कोकोआ बटर या नारियल तेल से नियमित मसाज कर भी मॉक्स से छुटकारा पाया जा सकता है।

इसे भी पढ़ेंः आईयूआई (IUI) से गर्भवती होने की कितनी संभावना होती है? पढ़ें आज इस बारे में सबकुछ

झाईयों की समस्या और समाधान

प्रेग्नेंसी के बाद चेहरे पर पड़ने वाले गहरे धब्बे को मेडिकल भाषा में मेलस्मा कहते हैं। इनके होने का कारण सिर्फ हार्मोनल परिवर्तन होता है। कुछ निशान तो प्रेग्नेंसी खत्म होते ही चले जाते है, जबकि कुछ निशान बने रहते हैं। आपको बता दें कि जब आप सूर्य की किरणों के संपर्क में आती हैं तब ये और भी गहरे हो जाते हैं। इसलिए गर्भावस्था के बाद धूप के सीधे संपर्क में आने से बचें और बाहर निकलते समय सनस्क्रीन लगाना कभी न भूलें। अपने आप को अच्छी तरह से हाइड्रेटेड रखना और उचित नींद लेना प्रभावी ढंग से मेलास्मा से निपटने के लिए महत्वपूर्ण है। सिर्फ ऐसे फेसवॉश का ही यूज करें जो आपकी स्किन के अनुकूल हो और धब्बों पर स्क्रबिंग से बचें। अपना चेहरा धोने के लिए केवल मुलायम कपड़े या अपनी उंगलियों का उपयोग करें।

इसे भी पढ़ेंः प्रेगनेंसी के सही समय को लेकर हैं परेशान तो जानें प्रेगनेंट होने का समय, हमेशा रहेंगी स्वस्थ

मुंहासे और इनका समाधान

हार्मोनल परिवर्तन मुंहासे का प्रमुख कारण है। अगर आप नेचुरल तरीके से मुंहासों से छुटकारा पाना चाहती हैं तो नियमित रूप से अपनी त्वचा पर एलोवेरा जेल लगाएं। यदि संभव हो तो अपने चेहरे को सौम्य क्लींजर या सादे पानी से धोएं। आप ऐप्पल साइडर विनेगर या टी ट्री ऑयल का भी प्रयोग कर सकती हैं। चेहरे पर हैवी मेकअप करने से बचें और किसी दूसरे के प्रॉडक्ट्स का इस्तेमाल कतई न करें।

Read More Article On Women's Health In Hindi 

 
Disclaimer:

इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy. OK