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कुपोषण घटा मगर अब तेजी से मोटापे का शिकार हो रहे हैं भारतीय: रिपोर्ट

लेटेस्ट By शीतल बिष्ट , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग / Jul 17, 2019
कुपोषण घटा मगर अब तेजी से मोटापे का शिकार हो रहे हैं भारतीय: रिपोर्ट

संयुक्‍त राष्‍ट्र की एक रिर्पोट की मानें, तो मोटापा देश व दुनिया में महामारी की तरह फैल रहा है। जिसमें कि भारत भी कहीं अछूता नहीं है। एक समय था जब भारत में कुपोषित लोगों की संख्‍या काफी बड़ी मात्रा में थी। लेकिन धीरे-धीरे इस संख्‍य

एक समय था जब भारत में कुपोषित लोगों की संख्‍या काफी बड़ी मात्रा में थी। लेकिन धीरे-धीरे इस संख्‍या में कमी आई और अब देश में मोटापे के शिकार हो रहे लोगों की संख्‍या में लगातार बढ़ोत्‍तरी होती चली जा रही है। केवल बड़े-बुजुर्ग और वयस्‍क ही नहीं, बल्कि बच्‍चे भी मोटापे के कारण कई गंभीर बीमारियों की चपेट में आ रहे हैं। संयुक्‍त राष्‍ट्र की एक रिर्पोट की मानें, तो मोटापा देश व दुनिया में महामारी की तरह फैल रहा है। जिसमें कि भारत भी कहीं अछूता नहीं है। 

2019 में खाद्य सुरक्षा की स्थिति और पोषण पर जारी रिर्पोट के अनुसार, 2012 में मोटापे के शिकार हुए लोगों की संख्‍या 2 करोड़ 40 लाख थी, जबकि 2016 में यह आंकड़ा बढ़कर 3 करोड़ 28 लाख के पार पहुंच गया। इसमें 5 साल की उम्र के मोटापे के शिकार बच्‍चों की संख्‍या 2018 में 29 लाख थी। 

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बच्‍चों में महामारी की तरह फैल रहा मोटापा 

एफएओ के महानिदेशक जोस ग्रैजियानो डा सिल्वा ने रिपोर्ट जारी करते बताया, दुनिया भर में मोटापा महामारी की तरह फैल रहा है, यानि हर दूसरा व्‍यक्ति मोटापे से परेशान है। कहा जा सकता है कि मोटापे की समस्‍या बड़ी तेज रफ्तार से बढ़ रही है। बड़ो में ही नहीं, बल्कि बच्चों में भी मोटापा महामारी की तरह उभर रहा है। रिपोर्ट के अनुसार, दुनिया भर में मोटापे के शिकार वयस्‍क लोगों की संख्‍या 2012 से 2016 तक  563.7 मिलियन से बढ़कर 672.3 हो गई थी। इसलिए बच्‍चों को स्‍वस्‍थ रखने के लिए और मोटापे से दूर रखने के लिए जरूरी है कि बचपन से ही उनका खानपान और जीवनशैली को सही रखना बेहद जरूरी है। जैसे कि बच्‍चों को मोटापे से बचाने के लिए एक्‍सरसाइज की अच्‍छी आदत डालें या जंक फूड्स व फास्‍ट फूड्स के सेवन से दूरी और हाई शुगर कंटेंट वाले खाद्य पदार्थों की जगह ताजा खाना व स्‍वस्‍थ आहार उनकी डाइट में शामिल करना चाहिए।

दिल की बीमारियों का खतरा 

दुनिया भर में मोटापे के शिकार लोगों में दिल की बीमारियों का खतरा भी दोगुना होता जा रहा है। मोटापा व्‍यक्ति के मेटाबॉजिल्‍म सिंड्रोम को प्रभावित करता है, जो कि हृदय संबंधी रोगों जैसे- हार्ट अटैक व स्‍ट्रोक का कारण बनता है। इसके अलावा मेटाबॉलिज्म सिंड्रोम में हाई ब्लड प्रेशर, डायबिटीज और असामान्य रक्त वसा शामिल है।

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मोटापे से होने वाली बीमारियां

  • मोटापे व अधिक वजन के कारण दिल की बीमारियों का खतरा दोगुना हो जाता है। जिसमें दिल का दौरा या स्‍ट्रोक भी शामिल है। 
  • अधिक वजन के कारण व्‍यक्ति डायबिटीज का शिकार भी हो सकता है। 
  • अधिक वजन के चलते व्‍यक्ति को डिप्रशन, हाईप्रटेंशन का भी खतरा बढ़ता है। 
  • इसके अलावा हार्निया व जोड़ों में दर्द और पित्‍ताशय संबंधी रोगों का खतरा होता है। इसके अलावा शोध बताते हैं कि मोटापे के कारण गर्भाशय के कैंसर का खतरा भी हो सकता है।  

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