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एलर्जिक राइनाइटिस के लक्षण हैं नाक में खुजली और दर्द होना, जानें बचाव के तरीके

अन्य़ बीमारियां By Rashmi Upadhyay , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग / Feb 08, 2019
एलर्जिक राइनाइटिस के लक्षण हैं नाक में खुजली और दर्द होना, जानें बचाव के तरीके

एलर्जी कई प्रकार की होती है। कई लोगों को कुछ स्पेशल प्रकार के पेड़ पौधों से एलर्जी होती है, कुछ लोगों को फूड से एलर्जी होती है तो कुछ लोगों को मौसम से एलर्जी होती है। कुछ लोग एलर्जिक राइनाइटिस के शिकार होते हैं। अपवाद यह है कि उन्हें इसके असली कार

Quick Bites
  • यह एलर्जी होने से दिनचर्या प्रभावित होती है।
  • इसके मुख्य लक्षणों में लगातार सिरदर्द और छींकें आना है।
  • एलर्जिक राइनाटिस तापमान में अचानक परिवर्तन होने से होती है।

एलर्जी कई प्रकार की होती है। कई लोगों को कुछ स्पेशल प्रकार के पेड़ पौधों से एलर्जी होती है, कुछ लोगों को फूड से एलर्जी होती है तो कुछ लोगों को मौसम से एलर्जी होती है। कुछ लोग एलर्जिक राइनाइटिस के शिकार होते हैं। अपवाद यह है कि उन्हें इसके असली कारणों और लक्षणों के बारे में पता ही नहीं होता है। असल में नाक में होने वाली एलर्जी को एलर्जिक राइनाइटिस कहते हैं। नाक हमारे शरीर का वो हिस्‍सा है जो सांस के साथ शरीर में प्रवेश करने वाले धूल कणों और हानिकारक पदार्थों को रोकती है। लेकिन जब यह पदार्थ किसी तरह शरीर में प्रवेश करने में सफल हो जाते है तो इम्‍यूनिटी इनके प्रति प्रतिक्रिया व्यक्त करती है, जो एलर्जी के रूप में सामने आती है। इसी तरह की एलर्जी को एलर्जिक राइनाइटिस कहते हैं। वैसे तो यह बीमारी जानलेवा नहीं होती, लेकिन आपकी सामान्य दिनचर्या को प्रभावित करने लगती है। और इसका सही समय पर ठीक से उपचार न होने पर, अन्य बीमारियों के फैलने का खतरा भी बना रहता है। 

क्या हैं एलर्जिक राइनाइटिस के लक्षण

  • बार बार छीकें आना
  • हमेशा सिर में दर्द रहना
  • नाक बंद होना और नाक के अंदर खुजली होना।
  • नाक से पानी जैसा तरल पदार्थ का लगातार बहना।
  • नाक में आंखों में और तालू में खुजली होना। 

एलर्जिक राइनाइटिस में सावधानियां

  • अक्‍सर धूल से यह समस्‍या होती है इसलिए यदि घर में वैक्‍यूम क्‍लीनर हो तो झाडू की जगह उसका इस्तेमाल करें।   
  • धूल व धुंए से बचें और तापमान में अचानक परिवर्तन होने पर बचाव करें।
  • बाइक चलाते समय धूल से बचने के लिए मुंह और नाक पर रुमाल बांधे, आंखों पर धूप का अच्छी क्‍वालिटी का चश्मा लगायेंl
  • पर्दे, चादर, बेडशीट व कालीन को नमी से बचाने के लिए समय-समय पर इन्हें धूप में रखें।  
  • बाल वाले जानवरों से दूर ही रहें। पालतू जानवरों से एलर्जी है तो उन्हें घर में ना रखेंl
  • एकदम गर्म से ठंडे और ठंडे से गर्म वातावरण में ना जाएंl
  • अधिक एलर्जी होने पर सुरक्ष‍ित दवाओं का प्रयोग करें या नाक, कान व गला रोग विशेषज्ञ से परामर्श लें।
  • वर्ल्‍ड एलर्जी आर्गेनाइजेशन जर्नल में हुए एक अध्‍ययन के अनुसार, विटामिन सी सूजन और एलर्जी प्रतिक्रियाओं को कम करता है। इसके अलावा एलर्जिक राइनाइटिस को कम करने में विटामिन C के अलावा विटामिन E तथा मछली का तेल (cod liver oil) जादुई रूप से असर करता है।

इन तरीकों से करें अपना बचाव

  • एलर्जी के लक्षण पता चलते ही आपने अपनी नियमित दवा किसी ड्रगस्टोर से खरीद ली है। उसे खा भी लिया है। लेकिन फिर भी आपमें कोई सुधार नहीं हुआ। आपको बता दें कि अगर पुराने लक्षण में पुरानी दवा काम न करे तो समझें एलर्जी का यह भीषण दौर है। इसमें खुद को सावधान रखना बहुत जरूरी है। दवाएं जो इस सीजन कारगर साबित नहीं हो रही हैं, उसे बदलें। लेकिन किसी विशेषज्ञ से संपर्क के बाद।
  • कई बार बदलते मौसम में कुछ ऊलजुलू खाने से गले में इंफेक्शन या एलर्जी हो जाती है। ऐसे में आप अपने गले को सेफ रखने के लिए नमक पानी का गरारा कर सकती हैं। कोशिश करें कि एक दिन में कम से दो बार लें। अगर कोई संक्रमण न भी हो तो भी नमक पानी का गरारा गले की हेल्थ के सही है। मतलब यह कि बिना वजह भी नमक पानी का गरारा किया जा सकता है।
  • पसीने वाले कपड़ों को जितना जल्दी बाय-बाय कह सकें, बेहतर होगा। क्योंकि कई बार ऐसा होता है कि पसीनों के कारण शरीर में धूल मिट्टी चिपक जाती है। इतना ही शरीर की दुर्गंध से कई तरह के कीड़े भी आकर चिपक सकते हैं। इसलिए घर लौटते ही जितना जल्दी संभव हो पसीने वाले कपड़े और जूतों के बाय-बाय कहें। कोशिश करें कि रात को सोने के पहले एक बार नहाएं जरूर। इससे स्वास्थ्य भी सही रहता है और एलर्जी होने की आशंका में भी कमी आती है।
  • गर्मी के इस मौसम में बाहर निकलना किसी भी हालत में सेफ नहीं है। हालांकि अगर आप बाहर जानकर वर्कआउट करना चाहती हैं तो इसमें कोई खराबी नहीं है। लेकिन मौसम की मार आपकी आंख,नाक और कान को एलर्जी से न जकड़े इसके लिए आपको चाहिए कि अंदर ही वर्कआउट करें और एलर्जी से दूर रहें। हालांकि सुबह-शाम गर्मी के मौसम में बाहर निकलना स्वास्थ्य के लिए लाभकारी है।
  • बदलते मौसम में कई लोगों को एलर्जी हो सकती है। इसके लिए आप चाहें तो मास्क पहनकर रख सकती हैं। इससे दूसरों से एलर्जी होने का खतरा नहीं होता। साथ ही आप भी किसी तरह की बीमारी दूसरों को पास नहीं कर रही होती हैं।

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Written by
Rashmi Upadhyay
Source: ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभागFeb 08, 2019

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