शिशु के साथ एक बेड पर सोने से इन दिक्कतों का बढ़ जाता है खतरा, कहीं आप भी तो नहीं कर रहे ये गलती?

Updated at: Apr 28, 2020
शिशु के साथ एक बेड पर सोने से इन दिक्कतों का बढ़ जाता है खतरा, कहीं आप भी तो नहीं कर रहे ये गलती?

बहुत से माता-पिता सोचते हैं कि नवजात को एक ही बिस्तर पर सुलाना अच्छा होता है क्योंकि वे अपने शिशु के साथ ज्यादा से ज्यादा करीब रहना चाहते हैं 

Jitendra Gupta
नवजात की देखभालWritten by: Jitendra GuptaPublished at: Apr 28, 2020

बहुत से माता-पिता अपने नवजात शिशुओं के साथ एक ही बिस्तर पर सोते हैं तो कुछ माता-पिता उनके लिए अन्य छोटे बिस्तर की व्यवस्था करते हैं। लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि हमारे इन नन्हे मुन्नों के लिए कौन सा तरीका सबसे ज्यादा सुरक्षित है? खैर, हाल ही में हुए एक शोध में इस बात का खुलासा हुआ है कि माता-पिता को अपने बच्चों को बिस्तर पर अपने बगल में नहीं सुलाना चाहिए। शिशुओं को सुलाने के लिए एक अलग स्थान या फिर बेड सबसे ज्यादा सेफ और उपयुक्त तरीका है। क्योंकि अगर शिशु अपने माता-पिता के साथ एक ही बिस्तर पर सोते हैं, तो इससे उनमें कुछ स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं का खतरा बढ़ सकता है, जैसे कि गंभीर चोट, घुटन, दम घुटना, गिर जाना, सांस लेने में दिक्कत आदि।  

baby

स्तनपान के लिए शिशु के साथ बिस्तर साझा करना

हालांकि, शोध में शिशुओं को स्तनपान कराने के लिए बिस्तर साझा करने का समर्थन किया गया है। रिपोर्ट के मुताबिक, जब आप स्तनपान के लिए अपने बच्चे के साथ बिस्तर साझा करते हैं, तो आप शिशु को लंबे समय तक स्तनपान करा सकते हैं।

इसे भी पढ़ेंः शिशु के जन्म के समय करें ये एक काम, भविष्य में कैंसर जैसी कई गंभीर बीमारियों से बच सकता है उसका जीवन

क्या कहती हैं दूसरी रिपोर्ट

इसके विपरीत, कुछ अन्य रिपोर्टों में इस बात पर जोर दिया गया है कि शिशु के साथ बिस्तर साझा करना वास्तव में शिशुओं के लिए काफी फायदेमंद हो सकता है। यह माता-पिता और बच्चे के बीच संबंध को मजबूत बनाता है। डॉक्टरों के अनुसार, नवजात शिशुओं को अधिक छूने की आवश्यकता होती है। वे हमेशा शारीरिक निकटता पसंद करते हैं। इसलिए, बिस्तर साझा करने से उन्हें वह गर्माहट मिलती है जिसकी उन्हें आवश्यकता होती है।

इसे भी पढ़ेंः इन 3 उबटन की मदद से हटाएं नवजात बच्‍चे के शरीर से बाल, न होगा बच्‍चे को दर्द और न होगा एलर्जी का खतरा

baby sleep

कुछ स्वास्थ्य समस्याओं से जुड़ा है बिस्तार साझा करना

वैसे, शिशु के साथ बिस्तर साझा करने के कुछ स्वास्थ्य जोखिम भी हैं। यह शिशुओं में सडन इंफेंट डेथ सिंड्रोम (एसआईडीएस) के जोखिम को बढ़ा सकता है। इतना ही नहीं कुछ माता-पिता सोचते हैं कि शिशुओं के साथ बेड शेयरिंग करने से बच्चे को जीवन में आगे चलकर अकेले सोने में कई प्रकार की दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है। वहीं दूसरी ओर, कुछ माता-पिता सोचते हैं कि शिशु के साथ बेड शेयर करने से आगे चलकर जब वे बड़े होंगे तो उनमें अधिक निर्भरता आएगी। 

क्या कहते हैं शोध के परिणाम

इस बात को लेकर लोगों के बीच अभी भी बहस चल रही है कि क्या सही है और क्या गलत। लेकिन डॉक्टर यह भी सोचते हैं कि बेड शेयरिंग माता-पिता पर भी निर्भर करता है। यदि वे इसे आवश्यक मानते हैं तो वे अपने शिशुओं को अपने बिस्तर पर सुला सकते हैं। लेकिन अगर आप अपने बिस्तर पर अपने बच्चे के साथ सो रही हैं, तो आपको कुछ सुरक्षा उपाय करने होंगे, ताकि बच्चा किसी भी मौके से आहत या घायल न हो।

Read More Article On New Born Care In Hindi

Disclaimer

इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy. OK