आपके पेट में कितनी देर तक रहता है खाना? भोजन कैसे पचता है और कितना समय लगता है?

Updated at: Sep 08, 2020
आपके पेट में कितनी देर तक रहता है खाना? भोजन कैसे पचता है और कितना समय लगता है?

क्या आप जानते हैं कि पेट में खाना जाने के बाद पेट इसे कैसे पचाता है और खाने को पचाने में कितना समय लगता है, जानें पाचनतंत्र से जुड़ी दिलचस्प बातें।

Anurag Anubhav
स्वस्थ आहारWritten by: Anurag AnubhavPublished at: Sep 08, 2020

हम हर दिन खाना खाते हैं क्योंकि हमारे शरीर के लिए जरूरी पोषक तत्व और एनर्जी हमें खाने से ही मिलते हैं। इसी आधार पर हमने खाने को अलग-अलग कैटेगरी में बांट रखा है, जैसे- हेल्दी खाना और अनहेल्दी खाना, सॉलिड खाना और लिक्विड खाना, जल्दी पचने वाला खाना और देर में पचने वाला खाना आदि। इसी के आधार पर हम अपने खाने की प्लानिंग करते हैं। लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि आपका पेट खाने को कैसे पचाता है? या फिर खाने को पचने में कितना समय लगता है और ये पेट में कब तक भरा रहता है? बहुत सारे लोगों के मन में इस तरह के सवाल कई बार उठते हैं, तो आज हम आपको इन्हीं सवालों का जवाब देते हैं।

digestion process

भोजन कैसे पचता है?

आमतौर पर भोजन को पचाने में 7 स्टेप्स होते हैं और इस काम में 10 से ज्यादा अंग काम करते हैं।

  • सबसे पहले जब भोजन मुंह में जाता है, तो दांत इसे तोड़कर छोटे टुकड़ों में बांटते हैं और इसी दौरान लार मिक्स करते हैं, जिससे भोजन रासायनिक तौर पर टूटने लगे।
  • इसके बाद ये भोजन फैरिंक्स (Pharynx) से गुजरता है, जहां लार के साथ मिक्स हो चुके भोजन को चिकनाई प्रदान की जाती है, ताकि ये एसोफेगस में जा सके।
  • एसोफेगस (Esophagus) में भी ये भोजन रुकता नहीं है, वहां से इसे पेट में पहुंचा दिया जाता है। अब असली काम पेट में शुरू होता है।
  • पेट में भोजन देर तक रहता है क्योंकि पेट गैस्ट्रिक जूस रिलीज करके भोजन को प्रोटीन और दूसरे पोषक तत्वों में तोड़ता है। कुछ तत्व पेट स्वयं अवशोषित कर लेता है, जैसे- एल्कोहल आदि। इसके अलावा कुछ पोषक तत्वों को पचाने में सहायक केमिकल्स का उत्पादन भी पेट ही करता है। इसके बाद ये भोजन छोटी आंत में चला जाता है।
  • छोटी आंत में भोजन को डाइजेस्टिव जूस (पाचक रस) मिलाकर इससे सभी पोषक तत्व जैसे- कार्बोहाइड्रेट, विटामिन्, मिनरल्स, पानी, लिपिड्स आदि को अलग कर लिया जाता है।
  • कई अन्य अंग काम आते हैं जैसे- लिवर, गाल ब्लैडर, पैंक्रियाज आदि। ये सभी अंग किसी न किसी प्रकार का लिक्विड जूस, केमिकल आदि रिलीज करते हैं, जो भोजन को पचाने में सहायक होते हैं।
  • अंत में भोजन बड़ी आंत में जाता है, जहां से इससे जरूरी चीजों को अलग करके खून के माध्यम से अंगों तक पहुंचा दिया जाता है और बाकी बचे कचरे को मल के रूप में मलाशय में डाल दिया जाता है, जो पॉटी करते वक्त शरीर से निकल जाता है।

कई बातों से पाचन पर पड़ता है प्रभाव

खाने के पचने की प्रक्रिया कई बातों पर निर्भर करती है, जैसे- भोजन का प्रकार, भोजन की मात्रा, पाचन क्षमता, भोजन की टाइमिंग आदि। जैसे-

  • हाई फैट और हाई कैलोरीज वाले फूड्स को पचने में ज्यादा समय लगता है, इसके बजाय नैचुरल फूड्स जल्दी पच जाते हैं।
  • जरूरत से ज्यादा भोजन कर लेने से पाचन धीमा हो जाता है, इसलिए सीमित मात्रा में भोजन करने से पाचन जल्दी होता है।
  • स्वस्थ शरीर की पाचन क्षमता ज्यादा होती है, जबकि किसी बीमारी या मनोवैज्ञानिक स्थिति के होने पर पाचन पर भी इसका असर पडता है।
  • इसी तरह दिन में खाया गया भोजन जल्दी पचता है जबकि रात में खाया गया भोजन या फिर खाकर तुरंत सोने के बाद भोजन को पचने में समस्या आती है।
food digestion

पेट में कितनी देर रहता है भोजन?

  • आमतौर पर खाना खाने के 2.5 से 3 घंटे बाद पेट लगभग आधा खाली हो जाता है।
  • पेट को पूरी तरह खाली होने में 4 से 5 घंटे लग जाते हैं।
  • छोटी आंत को खाली होने में 2.5 से 3 गंटे लग जाते हैं।
  • आपके मलाशय में मल के रूप में भोजन 30 से 40 घंटे तक रहता है।

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