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जॉगिंग और वॉकिंग से दोबारा शेप में आ सकते हैं दिल के क्षतिग्रस्त ऊतक

हृदय स्‍वास्‍थ्‍य By Devendra Tiwari , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग / Mar 10, 2017
जॉगिंग और वॉकिंग से दोबारा शेप में आ सकते हैं दिल के क्षतिग्रस्त ऊतक

दिल के क्षतिग्रस्त ऊतकों के लिए ऑपरेशन की जरूरत नहीं है, बल्कि नियमित व्ययाम जरूरी है, यह कैसे क्षतिग्रस्त ऊतकों को शेप में लाता है, जानने के लिए इस लेख को पढ़ें।

मानव शरीर में सबसे महत्वपूर्ण अंग है दिल, इसके बिना जीवन संभव नहीं है। क्योंकि अगर दूसरे अंग काम करना बंद कर दें तब भी इंसान जीवित रह सकता है, लेकिन दिल काम करना बंद कर दे तो काम खत्म। दिल पूरे शरीर में रक्त का संचार करता है। सामान्यतया प्रत्येक इंसान का दिल एक मिनट में 72 बार धड़कता है। आजकल अस्वस्थ खानपान और व्यांयाम की कमी के कारण दिल के रोगियों की संख्या। लगातार बढ़ रही है। दिल कमजोर होने के साथ इसके ऊतक क्षतिग्रस्त होने लगते हैं। दिल को स्वस्थ रखने में खानपन के साथ-साथ नियमित व्यायाम की भूमिका बहुत महत्वपूर्ण होती है। अगर दिल के टिश्यू क्षतिग्रस्त हो जायें तो वॉकिंग के जरिये इनको दोबारा शेप में लाया जा सकता है। एक शोध में हुए इस खुलासे के बारे में विस्तार से इस लेख में जानें।

 

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व्यायाम और दिल की बीमारियां  

दिल के मरीजों के लिए नियमित रूप से व्यायाम बहुत जरूरी है। दरअसल व्यायाम दिल की मांसपेशियों को मजबूत बनाने में अहम योगदान देता है। ऐसे लोग जो व्यायाम नहीं करते उनको दिल की बीमारी होने का खतरा व्यायाम करने वालों की तुलना में दोगुना अधिक होता है। इसलिए रोज व्यायाम करने की सलाह दी जाती है।

शोध के अनुसार

अमेरिका के मैरीलैंड यूनिवर्सिटी द्वारा किये गये शोध के अनुसार, दिल को बीमारियों से बचाने के साथ-साथ कोलेस्ट्रॉल को नियंत्रित करने में व्यायाम का बहुत महत्वपूर्ण योगदान है। मात्र 30 मिनट की वॉक या जॉगिंग से क्षतिग्रस्त‍ हो चुके ऊतक दोबारा अपने शेप में वापिस आ जाते हैं।

‘एक्सपेरिमेंटल फिजियोलॉजी’ नामक पत्रिका में छपे इस शोध के अनुसार, मात्र 30 मिनट वॉकिंग या जॉगिंग से दिल की धड़कन बढ़ जाती है, इससे जीन उन क्षतिग्रस्त डीएनए को दोबारा उसी आकार में लाने का काम करने लगता है जिसमें वे पहले थे। इस प्रक्रिया को ‘जीनोम स्टेबिलिटी’ कहा जाता है जो कि दिल की असामान्य धड़कन के कारण उत्पन्न होती है। वहीं दूसरी तरफ व्यायाम उतकों के लिए सुरक्षा कवच बन जाता है और क्षतिग्रस्त ऊतकों पहले वाले आकार में लाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।

इन बातों का ध्यान रखें

दिल को स्वस्थ रखने के लिए नियमि‍त व्यायाम के साथ स्वस्थ खानपान बहुत जरूरी है। ऐसे आहार बिलकुल न खायें जिससे शरीर में फैट जमा हो, प्रोसेस्ड फूड और जंक फूड से परहेज करें। सुबह व्यायाम करने के बाद हेल्दी नाश्ता करें। ताजे फलों का सेवन भी करें, हरी और पत्तेदार सब्जियों को आहार में शामिल करें। ऑफिस में काम कर रहे हैं तो एक जगह 40 मिनट से अधिक न बैठें, काम के दौरान बीच-बीच में थोड़ा टहलें। नहीं टहल सकते तो कुर्सी पर बैठकर ही हल्का-फुल्का व्यायाम कर लें। सांस लेने में समस्या हो रही हो तो बिना देर किये चिकित्सक से संपर्क करें।

 

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Image Source: Getty

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