Subscribe to Onlymyhealth Newsletter

याद करने की क्षमता और एकाग्रता बढ़ानी है तो अपनाएं ये 5 आसान तरीके

तन मन
By Anurag Gupta , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग / Feb 13, 2019
याद करने की क्षमता और एकाग्रता बढ़ानी है तो अपनाएं ये 5 आसान तरीके

अगर आपकी याद करने की क्षमता बहुत अच्छी हो और आप अपने काम पर अच्छी तरह एकाग्र हो पाएं, तो जीवन में सफलता बहुत आसान हो जाती है। हर व्यक्ति के मस्तिष्क की क्षमता अलग-अलग होती है। मगर उम्र बढ़ने के साथ-साथ मांसपेशियां कमजोर होने लगती हैं और इसका प्रभा

Quick Bites
  • व्यक्ति की याद करने की क्षमता कई कारणों से कम हो सकती है।
  • इन तरीकों से मस्तिष्क की क्षमता 30-40 प्रतिशत तक बढ़ा सकते हैं।
  • अगर आप कम पानी पीते हैं, तो मस्तिष्क के लिए खतरनाक है ये आदत।

अगर आपकी याद करने की क्षमता बहुत अच्छी हो और आप अपने काम पर अच्छी तरह एकाग्र हो पाएं, तो जीवन में सफलता बहुत आसान हो जाती है। हर व्यक्ति के मस्तिष्क की क्षमता अलग-अलग होती है। मगर उम्र बढ़ने के साथ-साथ मांसपेशियां कमजोर होने लगती हैं और इसका प्रभाव आपकी याददाश्त और एकाग्रता पर भी पड़ता है। इसलिए अगर आप मस्तिष्क की कोशिकाओं और मांसपेशियों को स्वस्थ रख सकें, तो याद करने और फोकस की क्षमता बढ़ाई जा सकती है। आइए आपको बताते हैं कुछ ऐसे उपाय, जिनसे आप अपनी ब्रेन पावर को काफी विकसित कर सकते हैं।

ग्रीन टी पिएं

आजकल हर व्यक्ति को किसी न किसी बात का तनाव या चिंता है। तनाव से मस्तिष्क की क्षमताएं बुरी तरह प्रभावित होती हैं। तनाव को दूर करने और अपना मेटाबॉलिज्म बढ़ाने के लिए ग्रीन टी पीना आपके लिए फायदेमंद है। ग्रीन टी में थिनाइन नाक का तत्व होता है। थिनाइन एक प्रकार का एमीनो एसिड है जो ग्रीन टी की पत्तियों में पाया जाता है। यह मस्तिष्‍क में तनाव उत्‍पन्‍न करने वाले केमिकल्‍स को रोकता है। इससे चिंता दूर होती है और आपको एकाग्र करने में मदद मिलती है। इसके अलावा ग्रीन टी में पाया जाने वाला कैफीन थकान को दूर रखकर आपको जागृत और एकाग्र रखता है।

इसे भी पढ़ें:- सिर्फ खुशी नहीं, गले लगाने से 'अच्छा स्वास्थ्य' भी मिलता है आपको, जानें वैज्ञानिक कारण

पूरी लें नींद

अगर आप कम सोते हैं या देर रात तक जागने के बाद देर सुबह तक सोते हैं, तो आपके मस्तिष्क की क्षमता बुरी तरह प्रभावित होती है। पूरी नींद आपकी याददाश्त क्षमता को बेहतर रखने के लिए बहुत जरूरी है। इसलिए रोजाना एक ही समय पर सोएं और देर रात तक जागना छोड़ दें। मानसिक ऊर्जा बनाए रखने में अच्छी नींद भी अहम भूमिका निभाती है। भरपूर नींद लेने से हमारी कोशिकाओं और ऊतकों को आराम मिलता है जिससे हमारा शरीर तरोताजा रहता है।

सही होना चाहिए खानपान

फलों और हरी सब्जियों में पाए जाने वाले शक्तिशाली एंटीआक्सीडेंट्स मस्तिष्क की रक्त नलिकाओं को स्वस्थ व लचीला बनाए रखते हैं। इनके सेवन से मस्तिष्क को फॉलिक एसिड और विटामिन्स मिलते हैं, जो याददाश्त को बेहतर बनाते हैं और तंत्रिका तंत्र की सक्रियता के लिए जरूरी हैं।

इसे भी पढ़ें:- आपकी ये 5 आदतें आपकी जिंदगी को कर रही हैं कम, हो सकती हैं कई स्वास्थ्य समस्याएं

रोजाना भरपूर पानी पिएं

मस्तिष्क को लंबे समय तक स्वस्थ रखने का एक आसान तरीका है कि रोजाना 3-4 लीटर पानी जरूप पिएं। प्‍यासे लोगों के मुकाबले जिन लोगों के शरीर में पानी की कोई कमी नहीं होती, उनका रिएक्‍शन टाइम कम होता है। यहां तक कि शरीर में पानी की हल्‍की सी कमी से भी दिमाग को काफी नुकसान होता है। इसके साथ ही अगर आप कई घंटे से मूत्र त्‍यागने नहीं गये हैं, या फिर आपका पेशाब पीला है, तो आपको जरूर पानी पीना चाहिये।

रोज थोड़ा समय व्यायाम जरूर करें

नियमित व्यायाम से न केवल मांसपेशियां मजबूत होती हैं बल्कि शरीर और मस्तिष्क में रक्त की आपूर्ति अच्छी तरह होती है। रक्त की आपूर्ति अपने साथ कई पोषक तत्वों को मस्तिष्क एवं तंत्रिकाओं में ले जाती है। इससे याददाश्त में 20 से 30 फीसदी सुधार होता है।

ऐसे अन्य स्टोरीज के लिए डाउनलोड करें: ओनलीमायहेल्थ ऐप

Read More Articles On Mind & Body in Hindi

Written by
Anurag Gupta
Source: ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभागFeb 13, 2019

इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

More For You
This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy. OK