यूरिक एसिड बढ़ने से घुटनों और जोड़ों में दर्द की समस्या से हैं परेशान? आयुर्वेदाचार्य से जानें आसान उपचार

Updated at: Nov 26, 2020
यूरिक एसिड बढ़ने से घुटनों और जोड़ों में दर्द की समस्या से हैं परेशान? आयुर्वेदाचार्य से जानें आसान उपचार

 यूरिक एसिड बढ़ने के कारण ठंड में जोड़ों के दर्द और गठिया के दर्द की समस्या बढ़ जाती है। आयुर्वेदाचार्य डॉ. राहुल चतुर्वेदी से जानिए इसके उपचार

Kishori Mishra
आयुर्वेदWritten by: Kishori MishraPublished at: Nov 26, 2020

गलत खानपान की वजह से लोगों में यूरिक एसिड की समस्या काफी ज्यादा बढ़ रही है। यूरिक एसिड बढ़ने के कारण शरीर में कई तरह की परेशानियां शुरू हो जाती हैं, जिसमें घुटनों का दर्द, गठिया जैसी परेशानियां प्रमुख हैं। इसे लेकर गाजियाबाद स्वर्ण जयंती के आयुर्वेदाचार्य डॉक्टर राहुल चतुर्वेदी का कहना है कि यूरिस एसिड की समस्या से निपटने के लिए  इसके बारे में जानना बहुत ही जरूरी है। उन्होंने बताया कि किसी भी व्यक्ति को भोजन सीमित मात्रा में लेनी चाहिए। अगर एक लिमिट से ज्यादा भोजन लेते हैं, तो शरीर को नुकसान पहुंचाता है।

शरीर में यूरिक एसिड बढ़ने की समस्या (Hyperuricemia or High Uric Acid)

डॉ. राहुल चतुर्वेदी का कहना है कि 30 साल तक के लोगों को दिनभर में करीब 2400 कैलोरी लेनी चाहिए। वहीं, 30 से 50 साल के व्यक्ति को 2200 कैलोरी और 50 से ऊपर वाले लोगों को 1800 से 1600 कैलोरी लेनी चाहिए। अगर वे इससे अधिक मात्रा में कैलोरी लेते हैं और बहुत कम फिजिकल एक्टिविटीज करते हैं, तो इससे शरीर में यूरिक एसिड की मात्रा बढ़ सकती है। उन्होंने कहा अधिक आयरन, प्रोटीन और एल्कोहलिक चीजों के सेवन से शरीर में एसिड की मात्रा बढ़ जाती है। किडनी आपके ब्लड में मौजूद यूरिया को छानकर अलग करती है और शरीर में मिनरल्स का संतुलन बनाए रखती है। जब शरीर में एसिड बढ़ जाता है, तो किडनी को फंक्शन करने में समस्या आने लगती है। एक सामान्य व्यक्ति के 1 ग्राम ब्लड में 0.07 मिली यूरिक एसिड होना चाहिए। अगर यूरिक एसिड की मात्रा इससे अधिक होती है, जो इसे हाई यूरिक एसिड की समस्या कहते हैं।

किन कारणों से बढ़ सकता है यूरिक एसिड (Causes of High Uric Acid in Hindi)

यूरिक एसिड बढ़ने का सबसे प्रमुख कारण हमारी डाइट होती है। इसके साथ ही इसके कई अन्य कारण होते हैं। आइए जानते हैं इस बारे में-

किडनी खराब होने की वजह से जब फिल्ट्रेशन (Filteration) की क्षमता कम हो जाती है, तो व्यक्ति के शरीर का यूरिया, यूरिक एसिड में बदल जाता है। यह यूरिक एसिड हड्डियों के बीच में जमा हो जाता है, जिसकी वजह से ही असहनीय दर्द होता है।

  • डाइट में यूरिन की मात्रा अधिक होने की वजह से भी यूरिक एसिड की समस्या हो सकती है।
  • शरीर में आयरन की अधिकता के कारण भी यूरिक एसिड की परेशानी बढ़ती है।
  • थायराइड से ग्रसित लोगों को भी यूरिक एसिड की समस्या हो सकती है।
  • यूरिक एसिड बढ़ने से मोटापा भी बढ़ता है।

यूरिक एसिड बढ़ने के प्रमुख लक्षण (Symptoms of High Uric Acid)

डॉ. राहुल ने बताया कि अधिकतर मामलों में यूरिक एसिड का दर्द एड़ियों से शुरू होता है। हाई यूरिक एसिड की वजह से पाचनतंत्र कमजोर हो जाता है। इसके अलावा जोड़ों में लगातार दर्द बने रहना, खासकर घुटनों में दर्द की समस्या प्रमुख है।

किन चीजों से रहें दूर

डॉक्टर राहुल बताते हैं कि हाई यूरिक एसिड (hyperuricemia) से ग्रसित लोगों को आयरन, प्रोटीन का सेवन सीमित मात्रा में करना चाहिए। अगर इसका वे अधिक मात्रा में सेवन करते हैं, तो यूरिक एसिड की परेशानी बढ़ सकती है। इसके अलावा यूरिक एसिड से ग्रसित लोगों को दूध, दही डेयरी प्रोडक्ट्स जैसी चीजों से भी दूर रहना चाहिए। पालक, टमाटर, साग आदि से भी परहेज करना चाहिए।

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आयुर्वेदिक इलाज कैसे करें (Herbal Treatment of Uric Acid)

डॉ. राहुल बताते हैं कि जिन मरीजों का यूरिक एसिड बढ़ा हुआ है उन्हें कैशोर गुग्गुल (Kaishore Guggulu) आयुर्वेदिक दवा का सेवन करना चाहिए। यह आप किसी भी ब्रांड का ले सकते हैं। कैशोर गुग्गुल सभी आयुर्वेदिक मेडिकल दुकानों में आसानी से मिल सकता है। यूरिक एसिड की समस्या बढ़ने पर दिन में 3 बार 3-3 गोली गर्म पानी के साथ लें।

इसके अलावा काला जीरा को भून लें। इसे अच्छी तरह पीसकर 1 चम्मच पाउडर को गर्म पानी के साथ लें। ध्यान रहे कि काला जीरा लेने के 1 घंटा पहले और 1 घंटा बाद कुछ न खाएं। उन्होंने बताया कि आप इन दवाइयों के अलावा योगराज गुग्गुल और दशांत गुग्गुल को भी दिन में 3 बार 3-3 गोली करके लें। इससे यूरिक एसिड (hyperuricemia) कंट्रोल हो सकता है।

डॉक्टर राहुल ने एक अन्य घरेलू उपचार बताया। उन्होंने कहा कि गर्म मसाला जो हम घर में तैयार करते हैं। उनका सेवन करके भी यूरिक एसिड कंट्रोल कर सकते हैं। इसके लिए बिना धनिया का गर्म मसाला तैयार करें। 1 चम्मच गर्म मसाले के पाउडर को 2 कप गर्म पानी के साथ उबालें। पानी आधा रह जाने पर इस पानी को पिएं। इससे यूरिक एसिड कंट्रोल हो सकता है।

इन आयुर्वेदिक उपायों से यूरिक एसिड को करें कंट्रोल (Home Remedies for High Uric Acid in Hindi)

आम तौर पर यूरिक एसिड को नियंत्रित करने के लिए लोग पहले घरेलू नुस्खों पर ही भरोसा करते हैं। चलिये ऐसे कौन-कौन-से घरेलू उपाय हैं जो यूरिक एसिड के लेवल को कंट्रोल में कर सकते हैं जानने के लिए आगे बढ़ते हैं-

नींबू है यूरिक एसिड को नियंत्रित करने की अचूक दवा (Lemon for High Uric Acid in Hindi)

हाई यूरिक एसिड से ग्रसित लोगों के लिए नींबू बहुत ही फायदेमंद होता है। नींबू में विटामिन सी भरपूर रूप से होता है। विटामिन सी से हमारे शरीर में यूरिक एसिड का लेवल कंट्रोल होता है। अगर आप हाई यूरिक एसिड से परेशान हैं, तो सुबह नियमित रूप से एक गिलास गुनगुने पानी में नींबू का रस मिलाकर पिएं। इससे हाई यूरिक एसिड की समस्या से राहत मिल सकता है।

बेकिंग सोडा में है यूरिक एसिड को नियंत्रित करने की क्षमता (Baking Soda is beneficial for High Uric Acid in Hindi)

बेकिंग सोडा के इस्तेमाल से भी आप यूरिक एसिड को कंट्रोल कर सकते हैं। इसके लिए सुबह 1 गिलास पानी में 1 चम्मच बेकिंग सोडा घोलकर पिएं। करीब 2 से 3 सप्ताह तक इसका सेवन करने से हाई यूरिक एसिड कंट्रोल होता है।

एप्पल साइडर विनेगर यूरिक एसिड की है दवा (Apple Cider Vinega Reduce High Uric Acid in Hindi)

रोजाना एक सेब खाने से सेहत दुरुस्त रहती है। सेब ही नहीं बल्कि सेब का सिरका भी सेहत के लिए फायदेमंद माना जाता है। अगर आप सुबह खाली पेट 1 गिलास गुननुने पानी में 2 चम्मच सेब का सिरका डालकर पीते हैं, तो इससे काफी हद तक यूरिक एसिड की समस्या को कंट्रोल कर सकते हैं।

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अजवाइन से करें यूरिक एसिड को कंट्रोल Ajwain for High Uric Acid)

अजवाइन के सेवन से भी हाई यूरिक एसिड लेवल को कंट्रोल किया जा सकता है। अपने डेली के आहार में अजवाइन का प्रयोग करें, इससे आप हाई यूरिक एसिड में होने वाली समस्याओं से दूर रहेंगे।

बथुआ का साग है यूरिक एसिड का इलाज  (Bathua is beneficial of High Uric Acid in Hindi)

बथुआ के साग से तैयार जूस भी यूरिक एसिड की समस्या से ग्रसित लोगों के लिए रामबाण साबित हो सकता है। बथुआ का सेवन करने के लिए सुबह खाली पेट 1 गिलास बथुआ का जूस पिएं। इस जूस का सेवन करने से दो घंटे तक कुछ भी ना खाएं। करीब एक सप्ताह तक इस जूस का सेवन करने से यूरिक एसिड कंट्रोल हो जाएगा।

ऑलिव ऑयल है यूरिक एसि़ड की रामबाण दवा (Oilve Oil For High Uric Acid Level)

ऑलिव ऑयल यानी जैतून का तेल भी यूरिक एसिड वालों के लिए अच्छा माना जाता है। आप अपने भोजन में अन्य तेल के बजाय जैतून का तेल शामिल करें। इसमें विटामिन ई भरपूर रूप से होता है, जो यूरिक एसिड को कंट्रोल करने में आपकी मददद कर सकता है। 

 

 
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