ऑस्टियो आर्थराइटिस से कैसे करें बचाव

Updated at: Mar 05, 2015
ऑस्टियो आर्थराइटिस से कैसे करें बचाव

ऑस्टियो आर्थराइटिस सबसे आम प्रकार का अर्थराइटिस है। चूंकि ऑस्टियोआर्थराइटिस की यह बीमारी लंबे समय तक आपको परेशान कर सकती है, इसलिए मरीज को दवाओं से ज्यादा बचाव और सावधानियों पर ध्यान देना चाहिए।

Pooja Sinha
अर्थराइटिस Written by: Pooja SinhaPublished at: Mar 05, 2015

ऑस्टियो आर्थराइटिस सबसे आम प्रकार का अर्थराइटिस है। यह बढ़ती उम्र के साथ होता है। यह अंगुलियों और कूल्हों के अलावा पूरे शरीर का भार सहन करने वाले घुटनों को सबसे ज्यादा प्रभावित करता है। इस समस्‍या के होने पर घुटनों में सूजन और चलते समय घुटने में तेज दर्द होता है। घुटने की नर्म कार्टिलेज, हड्डी को मुलायम तकिये की तरह सहारा देती है, पर उम्र बढ़ने के साथ-साथ वह घिसती जाती है और कम हो जाती है, जिस कारण हड्डियां एक-दूसरे से रगड़ खाने लगती हैं। यह दर्द और सूजन का कारण बनता हैं।

osteoarthritis in hindi

वैसे तो यह बीमारी किसी भी महिला या पुरुष को हो सकती है, पर 50 की उम्र पार कर गईं ज्यादातर महिलाएं रजोनिवृत्ति के बाद उनके हार्मोन स्तर में बदलाव, इस समस्या का आसानी से शिकार हो जाती हैं। इसके अलावा महिलाओं की शरीर की बनावट भिन्‍न होने के कारण भी यह समस्‍या होती है। वैसे आजकल युवाओं में भी यह बीमारी देखने को मिल रही है।

ऑस्टियो आर्थराइटिस के लक्षण

  • दर्द की शिकायत
  • घुटने को हिलाने-डुलाने में दिक्कत होना
  • शरीर में अकड़न महसूस होना
  • क्षतिग्रस्त जोड़ों का अपने आकार से बड़ा दिखना।

 

ऑस्टियो आर्थराइटिस बढ़ने के कारण

  • बढ़ता वजन
  • बढ़ती उम्र
  • अनुवांशिक कारण
  • पुरुषों की अपेक्षा महिलाएं ज्‍यादा प्रभावित
  • जोड़ों में चोट

pain in hindi

ऑस्टियो आर्थराइटिस बचाव के उपाय

 

एक्‍सरसाइज करें

ऑस्टियोआर्थराइटिस के दर्द को दूर करने के लिए एक्‍सरसाइज करें। यह क्षतिग्रस्त जोड़ों के आसपास की मांसपेशियों को मजबूत बनाता है। वैसे एक्‍सरसाइज  ऑस्टियो-आर्थराइटिस में कई अर्थों में उपयोगी होता है। सबसे पहले, यह जोड़ों के आसपास की पेशी का समर्थन मजबूत करता है। और जोड़ों में सुधार और जोड़ों की गतिशीलता बनाये रखता है। इसके अलावा एक्‍सरसाइज वजन कम करने में मदद करने के साथ सहनशीलता को भी बढ़ावा देता है। ऑस्टियोआर्थराइटिस होने पर तैरना विशेष रूप से अनुकूल होता है क्योंकि यह जोड़ों के लिए कम से कम तनाव प्रभाव का अभ्यास कराता है।

थेरेपी भी लें

दर्द से छुटकारा पाने के लिए दवा लेना ही काफी नहीं होता। इसके अलावा भी कई ऐसी थेरेपी हैं, जो बिना दवा के ही आपको दर्द से मुक्ति दिला सकती हैं। फिजियोथेरेपी ऐसी ही एक थेरेपी है। इसमें इलाज का एक अलग तरीका होता है, जिसमें एक्सरसाइज, हाथों की कसरत, पेन रिलीफ मूवमेंट द्वारा दर्द को दूर किया जाता है। यह थेरेपी एक तरीके से शरीर को तरोताजा करने का काम करती है। ऑस्टियोआर्थराइटिस की समस्‍या में आप टेन्स थेरेपी की मदद ले सकते हैं। इस थेरेपी में ऐसे मशीन का इस्तेमाल किया जाता है, जिससे दर्द को कम किया जा सकता है। इसके साथ ही थरमोथेरेपी की जा सकती है। इसमें क्षतिग्रस्त जोड़ों पर ठंडे या गर्म पैक को रखा जाता है। इससे बहुत आराम मिलता है।

osteoarthritis in hindi

मसाज करवायें

मसाज ऑस्टियोआर्थराइटिस के दर्द में कमी लाने में बहुत फायदेमंद होता है। इससे जोड़ों के आसपास की मांसपेशियों में लचीलापन और मजबूती आती है। नेशनल सेंटर ऑफ कॉम्प्लिमेंटरी एंड अल्‍टरनेटिव मेडिसिन (एनसीसीएम) द्वारा समर्थित एक शोध के अनुसार, स्‍वीडिश मसाज के एक सप्‍ताह के साठ मिनट सत्र को करवाने से घुटने के क्रोनिक ऑस्टियोआर्थराइटिस के साथ लोगों की परेशानी में महत्‍वपूर्ण कमी पाई गई।

आहार भी है महत्‍वपूर्ण

भारतीय महिलाओं की खुद के प्रति पोषण की उदासीनता उनकी कई समस्याओं की जड़ है। नियमित पौष्टिक भोजन करके वे कई समस्याओं के साथ ऑस्टियोआर्थराइटिस को भी दूर रख सकती हैं। ऑस्टियोआर्थराइटिस से बचाव के लिए अपने आहार में ग्लूकोसमीन और कोन्ड्रायटिन सल्फेट जैसे तत्वों से भरपूर होना चाहिए। ये हड्डियों और कार्टिलेज के अच्छे दोस्त होते हैं।


चूंकि ऑस्टियोआर्थराइटिस की यह बीमारी लंबे समय तक आपको परेशान कर सकती है, इसलिए मरीज को दवाओं से ज्यादा बचाव और सावधानियों पर ध्यान देना चाहिए।

Image Courtesy : Getty Images

Read More Articles on Arthritis in Hindi

Disclaimer

इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy. OK