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कैसे करें कम कैंसर का खतरा

कैंसर By Shabnam Khan , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग / Nov 26, 2014
कैसे करें कम कैंसर का खतरा

कैंसर एक ऐसी बीमारी है जिसका इलाज संभव तो है लेकिन बहुत मुश्किल। इसलिए, कैंसर से बचाव जरूरी हो जाता है। कैंसर से बचाव करने के लिए आपको अपनी छोटी छोटी बुरी आदतों से छुटकारा पाना होगा, जैसे कि तंबाकू का सेवन न करें। ऐसा खानपान न हो जिससे मोटापा हो,

कैंसर एक ऐसी जानलेवा बीमारी है, जिसकी वजह से सबसे ज्यादा लोगों की मौत होती है। पूरे विश्व में कैंसर की चपेट में सबसे ज्यादा मरीज है। हालांकि कैंसर का इलाज अब मुमकिन है लेकिन, ये बीमारी ही इतनी खतरनाक है, कि इसका इलाज भी काफी मुश्किल है। इसलिए जरूरी है कि इस बीमारी के जोखिमों को समझा जाए, उन तरीकों को मालूम किया जाए जिससे आप कैंसर से बचाव कर सकते हैं। बचाव ही सबसे अच्छा इलाज है।

तंबाकू का सेवन न करें 

तंबाकू में 28 किस्म के कार्सिनोजेनिक तत्व होते हैं जिनसे कैंसर हो सकता है। इससे मुंह और गले के कैंसर का यह बहुत खतरा रहता है। वहीं हुक्का और सिगरेट पीने से फेफड़ों का कैंसर होने का खतरा रहता है। रिसर्च में यह प्रमाणित हो चुका है कि धूम्रपान से गले का कैंसर, मुंह, किडनी, ब्लैडर, पैंक्रियाज और पेट में कैंसर भी हो सकता है। इतने सारे कैंसरों से बचने के लिए आपको बस ये करना है कि किसी भी रूप में तंबाकू का सेवन बंद कर दें।

 

Cancer in Hindi

 

मोटापें से बचें

 

ज्यादातर लोग मोटापे को ब्लड प्रेशर, डायबीटीज और हार्ट अटैक से जोड़ते हैं, लेकिन इसके कैंसर से संबंध के बारे में बहुत कम लोगों को जानकारी है। कैंसर की दूसरी सबसे बड़ी वजह मोटापा है। मोटापे के कारण सबसे ज्यादा ब्रेस्ट और कोलन कैंसर होने की आशंका रहती है। इसके अलावा पैनेक्रिएटिक या ओएसोफैगस कैंसर भी हो सकता है। इन दोनों कैंसर में बचने की संभावना बहुत कम होती है। अगर महिलाओं की बात करें तो मैनोपॉज के बाद ब्रेस्ट कैंसर की आशंका बढ़ाने की एक बड़ी वजह मोटापा ही होता है। एक अध्ययन के मुताबिक इस अवस्था में हर पांच किलोग्राम वजन बढ़ने पर कैंसर की आशंका पांच फीसदी बढ़ जाती है। शरीर में जब इंसुलिन बढ़ता है तो वह हर तरह के कैंसर का खतरा बढ़ा देता है। मोटी महिलाओं की वसा कोशिकाओं में सेक्स हॉर्मोन भी ज्यादा निकलते हैं जिससे गर्भाशय या स्तन कैंसर हो सकते हैं।

सूरज की किरणों से सुरक्षा

स्किन कैंसर सबसे आम कैंसर है, और इस कैंसर का बचाव बहुत हद तक मुमकिन है। इन टिप्स को अपनाएं -
दोपहर की धूप से बचें। सुबह 10 से शाम 4 बजे के बीच सूरज की किरणों से बचें। इस समय किरणें सबसे ज्यादा तेज़ होती हैं।
जितना संभव हो छाया में रहें। सनग्लास और हैट का उपयोग करें।
शरीर को ज्यादा से ज्यादा ढंक कर चलें, जिससे आपकी त्वचा धूप के संपर्क में न आए। गहरे रगं पहनें।
घर से बाहर जाते हुए अच्छी तरह से सनस्क्रीन लगाएं। ज्यादा देर धूप में रहें तो दोबारा सनस्क्रीन लगाई जा सकती है।

 

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अधिक शराब न पियें

जो लोग शराब पीते हैं और वंशानुगत कैंसर जीन उनमें हैं, तो शराब से पैदा होने वाले एक उपात्पाद के कारण उनमें कैंसर का खतरा बढ़ जाता है। यह बात एक अध्ययन में सामने आई है। वैज्ञानिकों ने पाया है कि जिन लोगों में दो वंशानुगत कैंसर जीन में निश्चित परिवर्तन होते हैं, उनमें शराब के उत्पाद एसिटलडिहाइड के द्वारा डीएनए को होने वाली क्षति की आशंका सामान्य से ज्यादा होती है। अध्ययन में कैंसर के दो जीन्स के नाम बीआरसीए2 और पीएएलबी2 बताया गया है। इसलिए, शराब के अधिक सेवन से बचें। ऐसा करने से आपका कैंसर का खतरा कम हो जाएगा।

रेड मीट से बचें

 

वैज्ञानिकों के अनुसार लौह तत्व की भरपूर मात्रा होने के कारण रेड मीट से आंत का कैंसर होने की आशंका बढ़ जाती है। एक नई खोज से विकृत एपीसी जीन प्रभावित आंतों से लौह तत्व हटा कर इलाज करने की नई विधि का रास्ता साफ हो गया है। यह शोध चूहों पर की गई थी, जिसमें इन्हे लौह तत्व की कम मात्रा वाला भोजन दिया गया। देखा गया कि उन पर विकृत जीन का कोई प्रभाव नहीं पड़ा। रेड मीट सेहत के लिए ज्यादा अच्छा नहीं होता। इसकी जगह आपको वाइट मीट का सेवन करना चाहिए।

 

Image Source - Getty Images

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