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डायबिटीज के असर को यूं करें बेअसर

डायबिटीज के असर को यूं करें बेअसर
Quick Bites
  • रक्त में शर्करा की मात्रा बढ़ने से होता है शुगर। 
  • जीवनशैली को प्रभावित करती है डायबिटीज।
  • खानपान की आदतों को बदलकर करें कंट्रोल।
  • व्यायाम करें, तनाव-चिंता आदि से रहें दूर। 

डायबिटीज का आपकी जीवनशैली पर बहुत बुरा असर पड़ता है। जीवन में तमाम तरह की बंदिशें लग जाती हैं। डायबिटीज अकेले नहीं आती और अपने साथ कई तरह की बीमारियां लेकर आती है। इस बीमारी को रोकने की तमाम कोशिशें नाकाफी साबित हो रही हैं। लेकिन, इतना भी निराश होने की जरूरत नहीं। इस बीमारी के असर को बेअसर किया जा सकता है। जरूरत है कुछ उपायों को पूरी शिद्दत के साथ आजमाने की। तो, आइए जानते हैं कैसे आप कर सकते हैं डायबिटीज के असर को बेअसर कर सकते हैं।

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खानपान की आदतें सुधारें

डायबिटीज को रोकने और उसके असर से बचने के लिए सबसे जरूरी चीज है कि हम अपनी खानपान की आदतें सुधारें। मधुमेह के रोगी को अपने खानपान की आदतों को काबू रखना पड़ता है। उसे इस बात का ध्‍यान रखना जरूरी होता है कि वह क्‍या खा रहा है और कितना खा रहा है। क्‍योंकि प्रोटीन शरीर में मरम्‍मत का काम करता है इसलिए इस बीमारी से ग्रस्‍त व्‍यक्ति को अपने भोजन में प्रोटीन की मात्रा बढ़ा देनी चाहिए। इसके साथ ही अपने भोजन में कॉर्बोहाइड्रेट की मात्रा भी कम कर देनी चाहिए। ऐसा इसलिए क्‍योंकि कॉर्बोहाइड्रेट शुगर में परिवर्तित हो जाती है और यही शुगर आपको नुकसान पहुंचाती है। तो, ब्रेड, चिप्‍स, पास्‍ता, चावल आदि का सेवन कम करना चाहिए।


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एक्‍सरसाइज करें

शुगर के मरीज को व्‍यायाम जरूर करना चाहिए। कसरत करने से न सिर्फ शरीर की अतिरिक्‍त कैलोरी खर्च होती है, बल्कि साथ ही रक्‍त में मौजूद अतिरिक्‍त ग्‍लूकोस भी इस्‍तेमाल होता है। तो इससे शरीर में ग्‍लूकोज की मात्रा कम रहती है। लेकिन, साथ ही इस बात का भी खयाल रखें कि बहुत अधिक कसरत करना भी ठीक नहीं है। बेहतर रहेगा कि आप दिन में तीस मिनट तक पैदल चलें या कोई अन्‍य सामान्‍य व्‍यायाम करें।


तनाव से दूर रहें

रक्‍त में शर्करा की मात्रा का संतुलन गड़बड़ाने में तनाव की भूमिका महत्त्‍वपूर्ण होती है। तनाव से न सिर्फ वजन बढ़ता है, बल्कि साथ ही इससे शरीर में इंसुलिन प्रतिरोध की भी बड़ी वजह बनता है। तो इसलिए जरूरी है कि तनाव से दूर रहा जाए। इसके लिए योग, हॉट बाथ, कसरत और मसाज आदि जैसे राहत उपायों का सहारा लिया जा सकता है।

 

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अन्‍य विकल्‍प

पोषण सप्‍लीमेंट भी डायबिटीज के असर को दूर रखने में महत्त्‍वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं, खासतौर पर टाइप 2 डायबिटीज के रोगियों के लिए। शरीर के लिए जरूरी सभी पोषक तत्त्‍वों की भरपाई यूं की जा सकती है-

  • मल्‍टी विटामिन और मिनरल
  • कैल्शियम, मैग्‍नीशियम और विटामिन डी
  • मछली का तेल
  • एंटीऑक्‍साइड
  • बी-कॉम्‍प्‍लैक्‍स विटामिन

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यहां यह बताना जरूरी है कि डायबिटीज होने पर उससे निकल पाना लगभग नामुमकिन है। लेकिन, डायबिटीज के साथ जीना भी एक कला है और अगर आप स्‍वस्‍थ जीवनशैली अपनाएंगे तो आसानी से इस बीमारी के असर से दूर रह सकते हैं।

इस लेख से संबंधित किसी प्रकार के सवाल या सुझाव के लिए आप यहां पोस्‍ट/कॉमेंट कर सकते हैं।

Image Source : Getty

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Written by
Pooja Sinha
Source: ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभागOct 31, 2012

इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

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