Subscribe to Onlymyhealth Newsletter
  • I have read the Privacy Policy and the Terms and Conditions. I provide my consent for my data to be processed for the purposes as described and receive communications for service related information.

आपकी सेहत से जुड़े कई राज खोलता है स्‍तंभन (इरेक्शन)

किशोरावस्था के शुरु होने के साथ ही सुबह उठने पर लिंग में उत्तेजना का एहसास होने लगता है, जिसे इरेक्शन कहा जाता है, इसका स्वास्थ्य पर काफी प्रभाव पड़ाता है।

सभी By Rahul SharmaMay 10, 2014

इरेक्शन (स्‍तंभन)

किशोरावस्था के शुरु होने के साथ ही सुबह उठने पर लिंग में उत्तेजना का एहसास होने लगता है। कुछ लोग मानते हैं कि पेट का भोजन बिना पचा रह जाए तो लिंग उत्तेजित हो जाता है, लेकिन यह पूरी तरह सत्य नहीं है। लिंग उत्तेजना दो तरह से होती है। एक सेक्स की भावनाओं के कारण दूसरी नींद रैपिड आई मूवमेंट (आरईएम) के दौरान या गहन स्वप्न की अवस्था में। स्‍तंभन का आपकी सेहत से जुड़ा होता है और इससे सेहत के बारे में कई संकेत मिलते हैं।
courtesy: © Thinkstock photos/ Getty Images

रैपिड आई मूवमेंट लिंग उत्तेजना

पुरुषों को अक्सर रैपिड आई मूवमेंट से संबंधित इरेक्शन होता है। इस प्रकार का इरेक्शन दिमाग के जिस हिस्से के सक्रिय होने के कारण सामने आता है, वह सेक्सुअल इरेक्शन के समय पर निष्क्रिय रहता है। मनोवैज्ञानिक दृष्टिकोण से देखें तो दोनों इरेक्शनों में ये ही एक अकेली समानता है।
courtesy: © Thinkstock photos/ Getty Images

मॉर्निंग वुड

सुबह की उत्तेजना में सेक्स की भावना का अभाव होने के बावजूद यह सेक्स के दौरान होने वाली उत्तेजना से कहीं सख्त एवं प्रभावशाली होता है। मनोवैज्ञानिक इसे 'मॉर्निंग वुड' कहते हैं। इस अवस्था में सेक्स करना भावना विहीन प्रतीत होता है। अधिकांश पुरुषों का मानना है कि यह आसानी से शिथिल भी नहीं होता।
courtesy: © Thinkstock photos/ Getty Images

कैसे आती है उत्तेजना

लिंग में इरेक्शन विचार और स्पर्श आदि से होता है। दरअसल दिमाग में एक सेक्स सेंटर है। जब वह उत्तेजित होता है तो संदेश लिंग की तरफ जाता है। और बदन में रक्त का प्रवाह तेज हो जाता है और पूरे शरीर में लिंग में यह प्रवाह सबसे तेज होता है। इसी वजह से लिंग में उत्तेजना होती है।
courtesy: © Thinkstock photos/ Getty Images

इरेक्शन से समस्या

कहा जाता है कि ब्लेडर खाली करने पर उत्तेजना कम होने लगती है और लिंग शिथिल हो जाता है लेकिन कई पुरुषों इस बात से इत्तफ़ाक नहीं रखते। कुछ पुरुषों को सुबह उठने पर ब्लेडर फुल होने पर भी लिंग में उत्तेजना नहीं होती वहीं कुछ पुरुषों के लिए यह एक दुखदाई एहसास होता है क्योंकि सुबह- सुबह इस लिंग की उत्तेजना से कोई सेक्सुअल सुख तो नहीं होता बल्कि परेशानी ही होती है।  
courtesy: © Thinkstock photos/ Getty Images

इरेक्टाइल डिस्फंक्शन

सेक्स के दौरान या उससे पहले लिंग में इरेक्शन के ख़त्म हो जाने को इरेक्टाइल डिस्फंक्शन कहा जाता है। यह कई प्रकार का हो सकता है। हो सकता है कि कुछ लोगों को बिल्कुल इरेक्शन न हो, जबकि कुछ लोगों को मात्र सेक्स के बारे में सोच कर ही इरेक्शन हो जाता है, लेकिन जब सेक्स करने की बारी आती है, तो लिंग में ढीलापन आ जाता है।
courtesy: © Thinkstock photos/ Getty Images

बढ़ती उम्र है और इरेक्‍शन

आमतौर पर लोग मानते हैं कि बढ़ने के साथ पुरुषों के लिंग में इरेक्‍शन की समस्या होने लगती है। लिंग या तो इरेक्ट नहीं होता या फिर सेक्स से पहले ही इरेक्शन खत्म हो जाता है। लेकिन एक शोध में इसके बिल्कुल उलट परिणाम आए हैं। शोध के अनुसार उम्र बढ़ने का मतलब यह नहीं होता कि सेक्स जीवन समाप्त हो जाए।
courtesy: © Thinkstock photos/ Getty Images

साथी से खराब संबंध

अपके अपने के साथ संबंधों में परेशानी और तनाव इरेक्शन की समस्या का कारण बन सकते हैं। यदि साथी से अक्‍सर आपका झगड़ा होता है या आपके विचार उनसे नहीं मिलते तो भी आपको यह समस्या हो सकती है।
courtesy: © Thinkstock photos/ Getty Images

तनाव

इस समस्या से जूझ रहे कुछ पुरुषों को नींद में इरेक्शन होता है। विशेषज्ञ बताते हैं कि इरेक्शन की समस्या की वजह तनाव, डिप्रेशन या इससे मिलती - जुलती समस्याएं हो सकती हैं। अगर नींद में आपको इरेकशन नहीं होता तो इसके पीछे कोई शारीरिक वजह हो सकती है।
courtesy: © Thinkstock photos/ Getty Images

कम टेस्टोस्टेरोन लेवल

इरेक्शन की समस्या वाले पुरुषों की सेक्स के प्रति रूचि कम होने लगती है। हो सकता है कि इसकी वजह आपका टेस्टोस्टेरोन लेवल कम होना हो। आपको इसकी जानकारी खून की जांच से मिल सकती है। इरेक्शन की समस्या वाले अधइकतर पुरुषों का टेस्टोस्टेरोन लेवल कम होता है।
courtesy: © Thinkstock photos/ Getty Images

इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

More For You
This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy. OK