Subscribe to Onlymyhealth Newsletter

वजन कम करने और ऊर्जा के लिए डिस्टाक्सीफेशन के तरीके

डिटॉक्स आहार योजनायें न केवल वजन कम करने में मदद करती हैं, बल्कि इनसे शरीर की अंदरूनी सफाई भी होती है।

स्वस्थ आहार By Bharat MalhotraMay 15, 2014

डिटॉक्स डायट

डिटॉक्स यानी शरीर से विषैले पदार्थों को बाहर करने की प्रक्रिया। इसमें हमारे आहार की महती भूमिका होती है। हाल ही के कुछ बरसों में डिटॉक्स डायट का चलन काफी बढ़ गया है। आजकल, कई नामी-गिरामी हस्तियां डायट प्लान का प्रचार प्रसार करती देखी जा सकती हैं। ये डिटॉक्स आहार योजनायें न केवल वजन कम करने में मदद करती हैं, बल्कि इनसे शरीर की अंदरूनी सफाई भी होती है। डायट प्लान को अपनाना आसान है, लेकिन इससे पहले उसके नफे-नुकसान और इसे अपनाने के सही तरीके के बारे में जानना भी बहुत जरूरी है। image courtesy : getty images

फल खायें

आपको पर्याप्त मात्रा में फलों का सेवन करना चाहिए। फल शरीर की सफाई के लिए बहुत जरूरी होते हैं। वे आपके शरीर विषैले पदार्थों को बाहर कर कोलन और लिम्फेटिक सिस्टम को सही प्रकार से काम करने में मदद करते हैं। जब आप वजन कम करने का प्रयास कर रहे हों, तो फलों से अच्छा आपका कोई दूसरा दोस्त नहीं हो सकता। image courtesy : getty images

सलाद से करें भोजन की शुरुआत

अपने आहार की शुरुआत से पहले अच्छी खासी मात्रा में ग्रीन सलाद का सेवन करें। यह सलाद एंजाइम्स से भरपूर होता है, जो आपकी पाचन क्रिया को सही रखता है। और तो और, ये आपको जरूरी विटामिन, मिनरल, क्लोरफिल और कई अन्य फिटोकेमिकल्स मुहैया कराते हैं। image courtesy : getty images

हेल्थी स्नैकिंग

अपने शरीर की रक्त शर्करा को स्थिर रखने के लिए आपको भोजन के बीच में हेल्थी स्नैक्स खाने चाहिए। रक्त शर्करा में आने वाला उतार चढ़ाव आपके शारीरिक ऊर्जा के स्तर को कम कर सकता है। इसके साथ ही इसका असर प्रतिरक्षा प्रणाली पर भी पड़ता है। इतना ही नहीं, इससे आपका वजन भी बढ़ सकता है। रक्त शर्करा को नियंत्रित रखने और ऊर्जा का स्तर बनाये रखने के लिए आपको पर्याप्त मात्रा में नट्स, साबुत अनाज का दलिया और स्मूथी आदि का सेवन करना चाहिए। image courtesy : getty images

पर्याप्त मात्रा में पानी पियें

सक्रिय जीवन जीना हो या फिर शरीर की अंदरूनी सफाई करनी हो, आपको पर्याप्त मात्रा में पानी पीना चाहिए। इतना ही नहीं, पर्याप्त मात्रा में पानी पीने से आपको वजन कम करने में भी आसानी होती है। वर्कआउट के दौरान आपके शरीर से काफी मात्रा में पसीना बाहर निकलता है, ऐसे में उसकी भरपाई करने के लिए आपको पानी की जरूरत तो होती ही है। image courtesy : getty images

मिठाई को करें ना

शरीर को डिटॉक्सीफाई करने में लिवर की भूमिका सबसे अहम होती है। यदि आपके आहार में मीठे तत्व की मात्रा ज्यादा है, तो इसका असर लिवर की कार्यक्षमता पर पड़ता है। यदि आप डिटॉक्सीफिकेशन की प्रक्रिया से गुजर रहे हैं, तो चॉकलेट, कुकीज अथवा अन्य मीठे तत्वों से दूर रहें। इससे आपका लिवर अपनी पूरी क्षमता से शरीर की सफाई कर सकेगा। image courtesy : getty images

व्यायाम करें

न केवल डिटॉक्सीफिकेशन बल्कि सक्रिय जीवन जीने के लिए आपको व्यायाम जरूर करना चाहिए। जब आप फिट होते हैं, तो आपके रक्त  से विषैले पदार्थों को साफ करने वाला लिम्फिक सिस्टम बेहतर काम करता है। डिटॉक्स के दौरान पैदल चलने जैसे कम प्रभावशाली व्यायाम जरूर करते रहें। image courtesy : getty images

स्किन ब्रश

जब आपकी त्वचा रूखी हो, तो उस पर नरम ब्रश से मसाज करना अच्छा रहता है। इससे शरीर के टॉक्सिन दूर होते हैं। ऐसे करने से आपका लिम्फेटिक सिस्टम बेहतर काम करता है और साथ ही शरीर की अन्य ग्रंथियों पर भी सकारात्मक प्रभाव पड़ता है। इससे डिटॉक्सीफिकेशन की प्रक्रिया को रफ्तार मिलती है। image courtesy : getty images

नींबू पानी पियें

इसमें मौजूद विटामिन सी इसे कुदरती मूत्रवर्धक बनाता है। रोजाना तीस से चार गिलास नींबू पानी पीना आपके शरीर से विषैले पदार्थों को दूर कर शरीर की अंदरूनी सफाई में मदद करता है। इसके साथ ही नींबू पानी वजन घटाने में भी सहायक होता है। image courtesy : getty images

योजना बनायें

अपनी जरूरत के हिसाब से अपने डिटॉक्स प्लान में बदलाव करें। वजन कम करना एक छोटा लक्ष्य हो सकता है।  लेकिन वास्तविक और दीर्घकालिक लक्ष्य अपने स्वास्थ्य को बेहतर बनाना और सही वजन बनाये रखना ही होना चाहिए। यदि आप दोबारा पुरानी आदतों पर लौट जाते हैं, तो डिटॉक्सीफिकेशन का कोई फायदा नहीं। image courtesy : getty images

डॉक्टर से बात करें

बहुत संभव है कि डिटॉक्स डायट प्रोग्राम आपको सूट न करे। इस बात का पता लगाने के लिए, इस प्रोग्राम को शुरू करने से पहले एक बार डॉक्टर से जरूर बात कर लें। जैसे-जैसे आपके शरीर में जमा टॉक्सिन बाहर जाएंगे आपको अपने रोजमर्रा के काम करने में भी थकान महसूस होने लगेगी। आप स्वयं को बीमार भी महसूस कर सकते हैं। स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं से बचने के लिए डॉक्टरी से बात करने की ही सलाह दी जाती है। image courtesy : getty images

इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

More For You
This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy. OK