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पेट से जुड़े कुछ आश्‍चर्यजनक तथ्‍य

पेट के बारे में कई ऐसी बातें हैं जिससे हम अनजान हैं, भूखा रहने और कम खाने से पेट का आकार न तो बढ़ता है और न ही कम होता है, वजन कम और अधिक होने का असर भी पेट पर नहीं पड़ता।

एक्सरसाइज और फिटनेस By Nachiketa SharmaOct 18, 2014

पेट से जुड़े तथ्‍य

लगभग सारी बीमारियां पेट से ही शुरू होती हैं इसलिए पेट का विशेष ध्‍यान रखना चाहिए। हम जो भी खाते हैं उसका सीधा असर पाचन पर पड़ता है और यह हमारे शरीर को प्रभावित करता है। पेट में दर्द होना, कब्‍ज और गैस की समस्‍या पेट से ही संबंधित हैं। हमारे पेट से जुड़े कुछ आश्‍चर्यजनक तथ्‍य भी हैं जिनके बारे में शायद आप नहीं जानते हैं।

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पूरी पाचन क्रिया पेट में नहीं होती है

इस बात का भ्रम हमेशा होता है कि पाचन क्रिया हमारे पेट में होती है, बल्कि सच यह है कि पाचन क्रिया का सबसे प्रमुख हिस्‍सा छोटी आंत में होता है। खाने के बाद पेट इसे छोटे-छोटे टुकड़ों में बांट देता है और फिर ये छोटे टुकड़े छोटी आंत में जाकर पचते हैं।

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भूखा रहने से पेट का आकार कम नहीं होता

अगर आप सोचते हैं कि भूखा रहने से आपके पेट का आकार कम हो जायेगा तो आप गलत हैं। युवा होने के बाद आपके पेट का विकास हो जाता है और आजीवन वैसा ही रहता है। कम या अधिक खाने से पेट के आकार पर कोई असर नहीं पड़ता है।

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पतले लोगों का पेट छोटा होता है

ऐसी भ्रांति है कि पतले लोगों का पेट मोटे लोगों की तुलना में छोटा होता है, जबकि वास्‍तविकता यह है कि पेट का आकार पतले और मोटे लोगों में एक जैसा होता है। पेट के आकार पर अधिक वजन और कम वजन से फर्क नहीं पड़ता।

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व्‍यायाम से पेट छोटा नहीं होता

लोगों में यह भ्र‍ांति होती है कि पेट को कम करने वाले व्‍यायाम से पेट का आकार छोटा हो जाता है। वास्‍तविकता यह है कि पेट कम करने वाले व्‍यायाम जैसे - क्रंचेज और सिट-अप्‍स का पेट के आकार पर असर नहीं होता है। इन व्‍यायाम से आप अपना वजन कम कर सकते हैं लेकिन पेट का आकार नहीं।

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फाइबर का पेट पर असर

फाइबर दो प्रकार का होता है - घुलनशील और अघुलनशील। घुलनशील फाइबर के कारण पेट में गैस की समस्‍या होती है और यह कब्‍ज का कारण बन सकता है। जई चोकर, सेम, मटर और खट्टे फलों में घुलनशील फाइबर होता है। जबकि अघुलनशील फाइबर वाले आहार के सेवन से पेट में इस तरह की समस्‍यायें नहीं आती हैं।

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पेट पर खाने का असर

लोगों को लगता है कि डिनर में जो भी खाते हैं उनका असर वजन बढ़ाने के लिए जिम्‍मेदार हो सकता है और अगर यही आहार हम दिन में खायें तो वहन नहीं बढ़ता है। जबकि ऐसा नहीं है, हम जितना अधिक कैलोरी लेंगे उसका असर वजन पर पड़ेगा। इस बात से फर्क नहीं पड़ता कि हम दिन में क्‍या खाते हैं और रात में क्‍या खाते हैं।

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कुछ आहार हैं फायदेमंद

अगर हम 200 कैलोरी वाले पीनट बटर और स्‍नैक का सेवन करें तो इससे भूख शांत रहेगी और अगर हम 200 कैलोरी युक्‍त जल्‍दी पचने वाले आहार का सेवन करें तो भूख जल्‍दी लगेगी। वास्‍तव में कुछ ऐसे आहार होते हैं जो पेट में अधिक देर तक रते हैं और इनके कारण भूख शांत भी रहती है क्‍योंकि ये आसानी से नहीं पचते हैं। कार्बोहाइड्रेट युक्‍त आहार ब्‍लड शुगर और इंसुलिन को बढ़ा देते हैं जिसके भूख नहीं लगती है।

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इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

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