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आपकी जिंदगी को बदल कर रख देंगी ये चीजें

जिंदगी बदलने के लिए बड़े बदलाव की जरूरत नहीं होती है बल्कि रोजमर्रा की छोटी-छोटी चीजों से बदलाव हो सकता है, इस स्‍लाइडशो में जानिये किन छोटी चीजों से बदल सकती है आपकी जिंदगी।

तन मन By Devendra Tiwari Apr 24, 2017

छोटी चीजों से भी होता है बदलाव

कुछ अलग करना, बड़े-बडे सपने देखना, बड़ा बनने की इच्छा रखने जैसी लालसा सभी के मन में होती है। जीवन के हर पड़ाव पर हर पल हम बड़ा नहीं कर पाते हैं, लेकिन हमेशा बड़ा करने की चाह से हमें तनाव और अवसाद भी हो सकता है। लेकिन हम अगर रोजमर्रा की छोटी-छोटी बातों पर ध्या़न दें तो जीवन में न केवल सकारात्मकता आयेगी साथ ही जीवन आसान भी हो जायेगा। इस स्लाइडशो में हम आपको छोटी-छोटी बातें के बारे में बता रहे हैं जिनसे जिंदगी खुशहाल हो सकती है।  

थोड़ा लेफ्टी हो जायें

आप अपने काम दाहिने हाथ से करते हैं, लेकिन क्या कभी आपने छोटे-छोटे कामों के लिए अपने बायें हाथ को आजमाया है, नहीं ना। तो क्यों न बायें हाथ को छोटे-मोटे काम के लिए आजमाया जाये, यह एक तरह की दिमागी एक्सरसाइज भी है और इससे कुछ नया करने का एहसास भी होगा। हालांकि इससे शुरूआत में थोड़ी मुश्किल हो सकती है लेकिन धीरे-धीरे बायें हाथ से आप आसानी से काम करने लगेंगे।

रंगीन प्लेट में खायें

एक नए शोध की मानें तो अगर खाने और प्लेट के रंग में ज्यादा विरोधाभास होगा, तो इंसान कम खाना खाएगा। इसलिए अगली बार जब भी खाना खाएं तो अपनी सफेद या स्टील की प्लेट की जगह कोई रंगीन प्लेट का चुनाव करें। इससे ओवरईटिंग से बचेंगे और वजन भी नहीं बढ़ेगा।

 

बिना तकिया के सोयें

सुबह उठने के बाद अगर आपको कमरदर्द की शिकायत होती है तो यह आपके गलत पोश्चर और मोटा तकिया लगाने की वजह से हो रहा है। इसलिए कभी-कभी तकिया की जगह फ्लैट सर्फेस पर सोयें, इससे शरीर का पॉश्चर सीधा रहता है। जितना ज्यादा तकिया लगायेंगे रीढ़ की हड्डी पर उतना ही बुरा असर पड़ेगा।

बाहर जानें से गुरेज न करें

अगर आपको घर पर रुकने और बाहर जाने के बीच कन्फ्यूजन हो तो बाहर जाना प्रेफर कीजिए। घर पर रुकना भी बुरा नहीं है, लेकिन अगर बाहर जाने का मौका मिल रहा है तो इसे न छोड़ना ही अच्छा होगा। इससे आपको नई जगह देखने को मिलेगी और कुछ नया सीखने को भी मिलेगा।

इस तरह भी करें

कंपयूटर पर नजरें गड़ाकर घंटों काम करने से आंखों पर बुरा असर पड़ना स्वाभाविक है। इसलिए काम के बीच में आंखों को भी थोड़ा आराम दीजिए। हर 20 मिनट पर अपने मॉनिटर से नजरें हटाकर कम से कम 20 फीट की दूरी पर रखी किसी चीज को 20 सेकेंड तक के लिए देखें। इससे आंखों को आराम मिलेगा और दिमाग को सुकून।

आभार व्यक्त करें

‘थैंक यू’ ये दो शब्द न केवल आपका बल्कि कई लोगों का दिन बना सकते हैं, तो इसका प्रयोग करनें में कंजूसी क्यों। किसी छोटी सी बात पर किसी से मुस्कुराकर ‘थैंक यू’ जरूर कहें। तो अगली बार हर काम के लिए आभार प्रकट करना बिलकुल भी न भूलें।

All Images - Getty

इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

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