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ये 7 एक्‍सरसाइज सबसे ज्‍यादा है असरदार, जानें करने का तरीका और फायदे

अगर आपको जिम जाते हुए काफी समय हो गया है लेकिन कोई परिणाम नहीं दिख रहा तो मुम्क़िन है कि आप सही एक्सरसाइज सही तरीके से नहीं कर रहे हैं।

एक्सरसाइज और फिटनेस By Atul ModiAug 24, 2018

क्या आपको अपने व्यायाम के नतीजे दिख रहे हैं?

यदि आप काफ़ी समय से एकेसरसाइज कर रहे हैं और आपको परिणाम नहीं मिल रहे हैं तो इन सात एक्सरसाइज के परिणाम आपको ज़रूर दिखाई देंगे, फिर चाहे आप इन्हें घर पर करें या जिम में। सुरक्षित, प्रभावी कसरत के लिए एक एसरसाइज को सही तकनीक से करना बहुत जरूरी होता है। लेकिन यदि आपकी आयु 40 से अधिक है और आपको स्वास्थ्य समस्या है या फिर आप नियमित रूप से किसी प्रकार की दवाएं ले रहें हैं तो फिटनेस प्रोग्राम शुरू करने से पहले अपने डॉक्टर से सलाह अवश्य लें।  

एक्सरसाइज नं. 1: चहलक़दमी

आप कहीं भी और कभी भी टहल सकते हैं। इसके लिए आप ट्रेडमिल का उपयोग कर सकते हैं। और अगर कोई उपकरण नहीं है तो बस जूतों की एक अच्छी जोड़ी ही काफी है। शुरुआत के लिए पांच से 10 मिनट चलने से शुरू करें और फिर धीरे-धीरे इसे कम से कम 30 मिनट तक ले जाएं।

एक्सरसाइज नं. 2 स्ट्रेचिंग

हमेशा स्ट्रेचिंग से वर्कआउट की शुरुआत करें, इससे शरीर लचीला बनता है। स्ट्रेचिंग करने से एक्सरसाइज के दौरान मांसपेशियों पर अधिक तनाव नहीं पड़ता और इसके बाद आपका शरीर भी वार्म अप हो जाता है। स्ट्रेचिंग करने के लिए पहले सीधे खड़े होकर दोनों हाथों को ऊपर की ओर करें और शरीर को खीचें, फिर हाथों को नीचे लाएं व पंजे छूने की कोशिश करें। अब वापस सामान्य स्थिति में आ जाएं और दोनों पैरों के बीच गैप देकर खड़े हो और बाएं पैर को दाएं हाथ से व दाएं पैर को बाएं हाथ से छूने की कोशिश करें।

एक्सरसाइज नं. 3: इंटरवल ट्रेनिंग

क्लोराडो स्टेट यूनिवर्सिटी और यूनिवर्सिटी ऑफ क्लोराडो के वैज्ञानिकों की एक टीम ने अपनी स्टडी में पाया है कि अब लोग मात्र ढाई मिनट में कड़ी कसरत करके 200 कैलरी तक बर्न कर सकते हैं। इसे हाई इंटेंसिटी इंटरवल ट्रेनिंग (एचआईआईटी) कहा जाता है। दिल की सुरक्षा के लिए हाई इंटेंसिटी इंटरवल ट्रेनिंग मॉडरेट बाउट्स से ज्यादा बेहतर है। ऐसा इसलिए क्योंकि इसमें दिल ज्यादा कड़ी मेहनत करता है। उसे अपनी हर धड़कन के साथ अधिक मात्रा में रक्‍त पंप करना पड़ता है। इसे करने के लिए अपनी के समय के अनुसार एक्सरसाइज का पेस दो से तीन मिनट के लिए बढ़ा दें।  

एक्सरसाइज नं. 4: स्क्वैट्स

स्क्वैट्स एक्सरसाइज कई सारी मांसपेशियों पर एक साथ काम करती है। फ्री स्क्वैट्स ख़ासतौर पर आपकी कमर घुटनों और पैर की मांसपेशियों के लिए बहुत लाभकारी होती है। इसे करने के लिए सीधे खड़े हो और पैरों के बीच में थोड़ा अंतर रखें। दोनों हाथों को उठाएं और अपने कंधों के सामने ले आएं। अब घुटनों पर हल्का भार देते हुए ठीक उसी तरह बैठने का प्रयास करें जैसे आप कुर्सी पर बैठते हैं। अब कमर सीधी रखें और फिर सीधे खड़े हो जाएं। 30 से 60 सेकंड तक इस प्रक्रिया को दोहराएं।

एक्सरसाइज नं. 5: पावर लंजेज

थाई और हिप्स को शेप्ड और मज़बूत करने के लिए यह एक बाहतरीन एक्सरसाइज है। इसे करने के लिए दोनों हाथों में वेट लेकर घुटनों के बल हो जाएं। फिर पैरों के बीच कंधों की चौड़ाई के बराबर फासला बना लें। इसके बाद एक पैर को आगे लाएं तो आपके दोनों घुटने इस प्रकार मुड़ेंगे कि वे 90 डिग्री का कोंण बनाएंगे। इसके बाद वापस पहले वाली स्थिति में लौट आएं। यही प्रक्रिया दूसरे पैर के साथ भी दोहराएं।

एक्सरसाइज नं. 6: पुश-अप

पुशअप्स करने से आपकी छाती और फेफड़े मजबूत बनते हैं और शरीर का आकार भा अच्छा बना रहता है। पुश-अप करने के लिए हाथों को फर्श पर रखें। आपके दोनों हाथ कंधों के नीचे होने चाहिए, कमर को सीधा रखें। अब अपनी कुहनियों को मोड़ें और सीने को फर्श के नजदीक लाएं, फिर वापस उसी स्थिति में लौट आएं। यह एक कंप्लीट पुशअप होगा। इसे करने से सीना, कंधे और बाजू मजबूत होते हैं।

एक्सरसाइज नं. 7: एब्डॉमिनल क्रंचेस

यह पेट कम करने के लिए अच्छी एक्सरसाइज है जो एब्डॉमिनल मसल्स को मजबूत बनाती है और उन्हें टोन करती है।। एब्डॉमिनल क्रंचेस करने के लिए पीठ के बल लेट जाएं और हाथों को सिर के पीछे रख लें और घुटनों को मोड़ लें कंधों को धीरे - धीरे उठाएं, इससे आपकोएब्डॉमिन में खिंचाव महसूस होगा। कंधों को वापस नीचे ले आएं। कंधों को ऊपर की ओर उठाते समय सांस बाहर छोड़ें और नीचे ले जाते वक्त सांस अंदर लें। जब कंधे ऊपर उठा रहे हैं तो हाथों से सिर को सिर्फ सपोर्ट देना है। हाथों से सर पर इतना प्दबाव नहीं पड़ना चाहिए कि आपकी ठुड्डी सीने की तरफ झुकने लगे। अधिक लाभ के लिए इसे करते में टांगें उठा लें और घुटनों को 90 डिग्री के कोंण पर मोड़ लें।

एक्सरसाइज नं. 8: रोलिंग तकनीक

रोलिंग तकनीक शरीर को ढीला करने में मदद करती है। फोम रोलर्स तकनीक ना सिर्फ सस्ती है बल्कि इससे आप आसानी से कर सकते हैं। नियमित रूप से फोम रोलर से व्‍यायाम आपको ज्‍यादा लचीला बनाने में मददगार साबित होता है। शरीर लचीला रहने से आपको रोग कम होंगे और शरीरिक परेशानियां भी नहीं होती हैं।

एक्सरसाइज नं. 9: बैक एक्स्टेंशन

जैसा कि नाम से ही जाहिर है, बैक एक्स्टेंशन कमर के लिए एक फायदेमंद एक्सरसाइज है। इसे करनेसे कमर की मसल्स को मजबूत बनाकर बॉडी पोस्चर बेहतर बनते हैं। इसे करने के लिए पेट के बल लेट जाएं। ध्यान रहे कि कुहनियां मुड़ी रहें और फोरआर्म्स मैट पर हों। अब धीरे-धीरे कंधे और सीने को फर्श से ऊपर उठाएं और फिर नीचे लाएं। कंधे और सीने को उठाते समय सिर, गर्दन और रीढ़ को एक सीध में रखें। एक और बात, कंधे ऊपर उठाते वक्त गर्दन की मसल्स पर ज्यादा ज़ोर न डालें।

इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

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