अर्थराइटिस को दूर भगाएंगे, ये घरेलू उपाए

अर्थराइटिस का दर्द इतना तीव्र होता है कि व्यक्ति को चलने–फिरने और घुटनों को मोड़ने में भी बहुत परेशानी होती है।

घरेलू नुस्‍ख By Pooja Sinha / Nov 15, 2013
अर्थराइटिस

अर्थराइटिस

अर्थराइटिस होने पर शरीर में यूरिक एसिड की मात्रा बढ़ जाती है, जिसकी वजह से जोड़ों में सूजन आ जाती है। सूजन के साथ-साथ उस स्‍थान पर दर्द भी होने लगता है। अर्थराइटिस का दर्द इतना तीव्र होता है कि व्यक्ति को चलने–फिरने और घुटनों को मोड़ने में भी बहुत परेशानी होती है।

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वजन घटाएं

वजन घटाएं

मोटापे के शिकार लोगों में अर्थराइटिस की समस्‍या आम होती है। वजन को नियंत्रित करना इससे बचने का सबसे बेहतर और आसान तरीका है। हालांकि वजन बढ़ने के बाद कम करना आसान नहीं है। लेकिन फिर भी आपको अर्थराइटिस से बचने के लिए वजन कम करना जरूरी होता है।

कब्‍ज से छुटकारा

कब्‍ज से छुटकारा

अर्थराइटिस के रोग को रोकने के लिए कब्‍ज से छुटकारा पाना बहुत जरूरी होता है, इसके लिए अर्थराइटिस के रोगी को कुछ दिनों तक गुनगुना एनिमा देना चाहिए ताकि रोगी का पेट साफ हो।

आहार

आहार

विटामिन, एंटीऑक्सीडेन्ट और पौष्टिक तत्वों से भरपूर ताजे फल और सब्जियों का रस अर्थराइटिस के लिए अद्भुत उपचार है। लहसुन, मौसमी, संतरा, गाजर और चुकंदर के रस का पर्याप्त सेवन इस रोग से निजात दिलाने में सहायक है। साथ ही फूल गोभी का रस पीते रहने से जोड़ों के दर्द में लाभ मिलता है।

गतिशीलता

गतिशीलता

अर्थराइटिस रोगी को ना ही ज्यादा देर तक खाली बैठना चाहिए और न ही आवश्यकता से अधिक परिश्रम करना चाहिए, क्योंकि गतिहीनता के कारण जोड़ों में अकड़न आ जाती है, और अधिक परिश्रम से जोड़ों को हानि पहुंच सकती है।

मालिश

मालिश

स्‍टीम बाथ और शरीर की मालिश अर्थराइटिस में काफी हद तक लाभ देती है। इसके लिए लहसुन के रस को कपूर में मिलाकर मालिश करना या फिर लाल तेल से मालिश करना आरामदेह रहता है। जैतून के तेल से भी मालिश करने से अर्थराइटिस की पीड़ा काफी कम हो जाती है।

व्‍यायाम

व्‍यायाम

अर्थराइटिस से पी‍ड़ित लोगों को एक्‍सरसाइज करनी चाहिए। यदि आपको व्‍यायाम करने में परेशानी होती है तो आप अपने घर में भी टहल सकते हैं। व्‍यायाम और सुबह के समय टहलने के साथ ही यदि आप स्वि‍मिंग भी करते हैं तो यह भी आपके लिए फायदेमंद रहेगा।

अदरक

अदरक

अर्थराइटिस के दर्द के उपचार में अदरक का सेवन बहुत ही फायदेमंद है। रोजाना दो सौ ग्राम अदरक दो बार लेने से दर्द में बहुत राहत मिलती है। हाल ही में हुए चिकित्‍सीय शोधों में भी यह साफ हो चुका है कि सूप, सोस और सलाद के साथ अदरक का सेवन अर्थराइटिस की समस्‍या में राहत देता है।

एलोवेरा

एलोवेरा

एलोवेरा का सेवन केवल अर्थराइटिस के दर्द में ही आराम नहीं देता बल्कि अन्‍य बहुत सी बीमारियों में भी यह फायदेमंद है। एलोवेरा आपके इम्‍यून सिस्‍टम और ऊर्जा के स्‍तर को मजबूत करता है।

तांबा

तांबा

तांबा भी अर्थराइटिस के दर्द से काफी हद तक राहत दिलाता है। कई लोग तो इसके दर्द से बचने के लिए तांबे के बर्तन में रखे पानी को पीते हैं। ऐसा माना जाता है कि तांबे में ऑक्सिकरण रोधी गुण होते हैं जो अर्थराइटिस में हो रही जलन को कम करने में सहायता करते हैं।

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इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

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