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विटामिन डी की कमी से हो सकती हैं ये 12 बीमारियां

विटामिन डी हमें सूरज की रोशनी से मिलता है, यानी इसके लिए हमें पैसे खर्च करने की भी जरूरत नहीं। और आप जानते हैं कि यदि हमारे शरीर में विटामिन डी कमी हो जाए, तो हमें कई स्‍वास्‍थ्‍य समस्‍यायें हो सकती हैं।

स्वस्थ आहार By Bharat Malhotra / Jun 17, 2014

जरूरी है विटामिन डी

अभी तक हम यही समझते थे कि विटामिन डी की कमी से हमारी हड्डियां कमजोर हो जाती है। लेकिन, यदि हमारे शरीर में विटामिन डी की कमी हो जाए, तो हमें कई अन्य स्‍वास्‍थ्‍य समस्‍याओं का सामना भी करना पड़ सकता है। Image Courtesy- Getty Images

ऑस्‍ट‍ियोपोरोसिस

हड्ड‍ियों का घनत्‍व और मजबूती बनाये रखने के लिए हमारे शरीर में पर्याप्‍त मात्रा में विटामिन डी और कैल्‍श‍ियम होना चाहिये। इसके बिना हड्डियां कमजोर हो जाती हैं। ऐसे में उनके टूटने और फ्रेक्‍चर होने का खतरा बढ़ जाता है। Image Courtesy- Getty Images

अस्‍थमा

शोध में यह पता चला है कि विटामिन डी की कमी से अस्‍थमा की शि‍कायत हो सकती है। विटामिन डी की कमी और फेफड़ों की कार्यक्षमता में सीधा संबंध होता है, बच्‍चों में यह संबंध विशेष रूप से देखा जाता है। यह बात भी सामने आयी है कि विटामिन डी सूजन पैदा करने वाले प्रोटीन को फेफड़ों से दूर रखने में मदद करता है। इसके साथ ही यह सूजन कम करने वाले प्रोटीन को बढ़ाने में भी मदद करता है। Image Courtesy- Getty Images

दिल को रखे सेहतमंद

विटामिन डी की कमी से रक्‍तचाप बढ़ने का खतरा होता है। इसके साथ ही शोध यह भी प्रमाणित करते हैं कि विटामिन डी की कमी से हृदय रोग से मृत्‍यु होने की आशंका भी अधिक होती है। Image Courtesy- Getty Images

सूजन व जलन

विटामिन डी की कमी का सीधा संबंध सूजन संबंधी बीमारियों से है। शरीर में अगर प्रचुर मात्रा में विटामिन डी न हो तो रहेयूमेटॉयड अर्थराइटिस, लुपस, इंफ्लेमेटरी बॉउल डिजीज (आईबीडी) और टाइप वन डायबिटीज होने का खतरा बढ़ जाता है। Image Courtesy- Getty Images

कोलेस्‍ट्रॉल

यह बात देखी गई है कि सूरज की पर्याप्‍त रोशनी के बिना विटामिन डी बनाने वाले तत्‍व आगे चलकर कोलेस्‍ट्रॉल में बदल जाते हैं। जिससे विटामिन डी की कमी हो सकती है। Image Courtesy- Getty Images

एलर्जी

शोध इस बात को प्रमाणित करते हैं कि जिन बच्‍चों में विटामिन डी का स्‍तर सामान्‍य से कम होता है, उन्‍हें भोजन व खाद्य संबंधी एलर्जी होने की आशंका ज्‍यादा होती है। Image Courtesy- Getty Images

इंफ्लूएंजा

कुछ शोध यह भी बताते हैं कि जिन लोगों में विटामिन डी का स्‍तर कम होता है, उनमें सामान्‍य लोगों की अपेक्षा सर्दी व जुकाम की शिकायत अधिक देखने को मिलती है। Image Courtesy- Getty Images

अवसाद

विटामिन डी की कमी और अवसाद के बीच गहरा संबंध है। विटामिन डी के अभिग्राहक मस्तिष्‍क के कई क्षेत्रों में होते हैं। ये मस्तिष्‍क के विकास में भी महती भूमिका निभाते हैं। इसलिए माना जाता है कि यदि किसी व्‍यक्ति में विटामिन डी की कमी है तो उसे अवसाद की शिकायत हो सकती है। Image Courtesy- Getty Images

टाइप 2 डायबिटीज

शोध यह बात दिखाते हैं कि विटामिन डी की कमी से टाइप 2 डायबिटीज होने का खतरा बढ़ जाता है। कुछ शोध बताते हैं कि विटामिन डी की कमी से शरीर में ग्‍लूकोज प्रतिरोधकता पर असर पड़ता है। Image Courtesy- Getty Images

दांतों पर असर

यह बात सामने आई है कि अधिक उम्र के लोगों में विटामिन डी की कमी होने से उनमें दांत टूटने की आशंका अधिक होती है। तो, यदि आप चाहते हैं कि आपके दांत लंबे समय तक मजबूत रहें तो अपने शरीर में विटामिन डी का स्‍तर सामान्‍य बनाये रखिये।  Image Courtesy- Getty Images

रहेयूमेटॉयड अर्थराइटिस

शोध बताते हैं कि जिन महिलाओं में विटामिन डी की कमी होती है उन्‍हें रहेयूमेटॉयड अर्थराइटिस होने का खतरा अधिक होता है। इसके साथ ही जिन लोगों को पहले से यह बीमारी है, उनमें यदि विटामिन डी कमी हो जाए, तो उन्हें लक्षण अधिक परेशान कर सकते हैं। Image Courtesy- Getty Images

कैंसर

एक अनुसंधान में यह बात सामने आई है कि विभिन्‍न प्रकार के कैंसर पीडि़तों में से 75 फीसदी में विटामिन डी कमी होती है। और जिन मरीजों में विटामिन डी का स्‍तर जितना कम होता है, उनमें कैंसर उतने अधिक स्‍तर पर होता है। हालांकि, इस बारे में अभी और शोध होने बाकी हैं।  Image Courtesy- Getty Images

Disclaimer

इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

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