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कमिटमेंट के डर को दूर करने के दस उपाय

किसी भी रिश्ते में कमिटमेंट बहुत जरूरी है। इससे डरने की नहीं बल्कि इसे निभाने की जरूरत होती है। आइए जानें कमिटमेंट के डर को कैसे दूर करें।

डेटिंग टिप्स By Anubha Tripathi / Apr 25, 2014
कमिटमेंट का डर

कमिटमेंट का डर

हम में से कई लोग ऐसे हैं जो कमिटमेंट से डरते हैं। कमिटमेंट यानी जिम्मेदारी, जवाबदेही और प्रतिबद्धता। किसी चीज का वादा करने से लगने वाले डर को कमिटमेंट फोबिया कहा जाता है। कमिटमेंट का डर आपके रिश्ते को प्रभावित करें इसकेलिए जरूरी है कि इस डर को दूर किया जाए। आइए जाने कमिटमेंट फोबिया को कैसे दूर कर सकते हैं।

मन के भ्रम को दूर करें

मन के भ्रम को दूर करें

कमिटमेंट फोबिया एक ऐसी स्थिति है, जिसमें व्यक्ति एक ही चीज से खुद को बांध लेता है। इसलिए इससे बचने का सबसे आसान और सही तरीका है, ऐसा कुछ करना जिससे अपने मन के बनाए हुए भ्रम से बाहर निकलने में मदद मिले।

खुद को समझें

खुद को समझें

कमिटमेंट करने से पहले खुद को समझना बहुत जरूरी है तभी आप किसी भी रिश्ते को अच्छे से निभा सकते हैं। एक बार गलत फैसला होने का मतलब यह नहीं होता कि हर बार आपको वही अनुभव होगा और आपके फैसले गलत साबित होंगे।

दोस्तों या परिवार के लोगों की मदद लें

दोस्तों या परिवार के लोगों की मदद लें

सामान्य तौर पर कमिटमेंट फोबिया से बाहर निकलने के लिए आप अपने दोस्तों और रिश्तेदारों से बातचीत करने का उपाय अपना सकते हैं। लेकिन ज्यादा समस्या होने पर मनोचिकित्सक से परामर्श लेना ही सही होगा।

मन में ना रखें कुछ

मन में ना रखें कुछ

सामान्य तौर पर इस तरह के फोबिया को दूर करने का सबसे पहला उपाय है बातों को मन में न रखें। जिस किसी से भी बात करने से आपको अच्छा महसूस हो, उससे अपने मन की उलझन जरूर बांटें।

काउंसलर की मदद लें

काउंसलर की मदद लें

वहीं लड़कियां ऐसी समस्या के दौरान अत्यधिक तनाव, उदासी और चिड़चिड़ेपन की शिकार हो जाती हैं। समस्या ज्यादा बढ़ने पर जब लोग मनोचिकित्सक के पास जाते हैं तो वहां उन्हें काउंसिलिंग और साइकोथैरेपी के जरिये इस फोबिया से बाहर निकाला जाता है।

सोच बदलें

सोच बदलें

कमिटमेंट फोबिया आपके दिमाग में और आपकी सोच में होता है। इससे सिर्फ सोच बदलकर ही बचा जा सकता है। अगर अपनी सोच से इस फोबिया को निकालने की कोशिश करेंगे तो जरूर इससे बच पाएंगे।

डर का सामना करें

डर का सामना करें

अपने डर का सामना करें। आपको ये मान लेना चाहिए कि आपको कुछ कमिटमेंट फोबिया है। अपने रिश्ते को बैलेंस तरीके से आगे बढ़ाएं। अपने साथी के साथ बहुत जल्दी करीब न होएं और अपने रिश्ते को बढ़ने के लिए समय दें।

स्पेस जरूरी है

स्पेस जरूरी है

अगर आपको अपने रिश्ते में थोड़ा स्पेस चाहिए तो ईमानदारी से अपने साथी को इस बारे में बताएं। अगर भविष्य के बारे में सोचने पर आपको घबराहट होती है तो अपने साथी को बताएं और कुछ और समय मांगे।

स्वीकार करें कमियां

स्वीकार करें कमियां

हर इंसान परफेक्ट नहीं होता है। उसमें कुछ ना कुछ कमियां जरूर होती हैं। कमिटमेंट से डरने की एक बड़ी वजह अपने पार्टनर में ढेर सारी क्वॉलिटीज तलाशना है। ऐसे में इस बात को एक्सेप्ट करके चलना होगा कि एक ही व्यक्ति में तमाम खूबियां नहीं हो सकतीं।

अपने और परिवार के बारे में सोचें

अपने और परिवार के बारे में सोचें

कमिटमेंट से डर से बचने के लिए अपने जीवन और परिवार के बारे में जरूर सोचें। यह सोचें कि अगर आप अपने साथी के साथ कमिटमेंट करते हैं तो वो आपकी जिंदगी में या किस प्रकार खुशियां ला सकता है या आपके परिवार के लिए कितना अच्छा साबित हो सकता है या सकती है।

Disclaimer

इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

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