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पुराने दर्द का सामना करने के दस कारगर टिप्‍स

पुराने दर्द के कारण अधिकतर लोगों को अन्‍य प्रकार के रोग भी घेर सकते हैं। इसलिये इसका प्रबंधन करना जरूरी होता है। इस स्‍लाइड शो में पुराने दर्द का प्रबंधन करने के लिए कुछ सुझाव दिए गए हैं।

दर्द का प्रबंधन By Pooja SinhaMar 28, 2014

दर्द

दर्द मांसपेशियेां में होने वाली सामान्य संवेदना है, जिसकी शुरुआत आने वाले किसी भी संभावित चोट तथा अपनी देखभाल के प्रति सतर्क करने के लिये होती है। आमतौर पर भयंकर दर्द अचानक बीमारी या टिश्‍युओं के चोटिल होने से भी होता है। दर्द अचानक से और कुछ अवधि के लिए होता है। दर्द हल्‍का, रुक-रुककर या गंभीर भी हो सकता है। नेशनल इंस्टिट्यूट ऑफ़ न्यूरोलॉजिकल डिसऑर्डर्स एंड स्ट्रोक के अनुसार, इलाज के बिना तीव्र दर्द पुराने दर्द का कारण बन सकता है। पुराना दर्द के कारण अधिकतर लोगों को अन्‍य प्रकार के रोग भी घेर सकते हैं। इस स्‍लाइड शो में पुराने दर्द का प्रबंधन करने के लिए कुछ सुझाव दिए गए हैं। image courtesy : gettyimages.in

सही तरीके से सांस लेना

विस्कोसिंन यूनिवर्सिटी के शोधकर्ताओं के अनुसार, श्वास पर ध्यान केंद्रित करना, दर्द से राहत पाने का एक अच्‍छा उपाय है। तीव्र दर्द में धीरे और गहरी सांस लेने से आप तनावमुक्‍त होकर अधिक नियंत्रित और अच्‍छा महसूस करते हैं। इसके अलावा मांसपेशियों और हड्डियों से जुड़े दर्द से राहत के लिए गहरी सांस लेना बहुत प्रभावी विकल्प है। image courtesy : gettyimages.in

हाइड्रेटेड रहना

डिहाइड्रेशन के कारण शरीर से मिनरल का नुकसान, पुराने सिर और पीठ दर्द को बढ़ा देता है। इसलिए सलाह दी जाती है कि दर्द से बचने के लिए तरल पदार्थो का अधिक से अधिक सेवन करें। कई लोग बॉडी को हाइड्रेटेड करने के लिए कॉफी, सोडा या जूस का सहारा लेते हैं ये बिलकुल गलत है क्‍योंकि इसमें अतिरिक्त कैलोरी, सोडियम और कैफिन समस्‍या को और अधिक गंभीर बना देता हैं।  image courtesy : gettyimages.in

ध्यान

वैसे तो दर्द के दौरान ध्‍यान करना बहुत म‍ुश्किल होता है लेकिन अगर आप एक बार ध्‍यान करने में सफल हो जाते हैं तो दर्द के अहसास को कम किया जा सकता है। यह बात एक अध्‍ययन द्धारा भी साबित हो गई है। 2011 के दौरान हुए एक शोध में  पाया गया कि ध्यान और प्राणायाम से दर्द के एहसास को कम करने में लगभग 11 से 70 प्रतिशत तक सफलता मिल सकती है। image courtesy : gettyimages.in

शराब से बचें

दर्द के दौरान सोना बहुत म‍ुश्किल हो जाता है और शराब स्‍ि‍थति को और भी खराब कर देता है। इ‍सलिए अगर आप पुराने दर्द से पी‍ड़ि‍त हैं तो शराब से परहेज करके आप अपने जीवन की गुणवत्ता में सुधार कर सकते हैं।  image courtesy : gettyimages.in

संतुलित आहार

जर्नल ऑफ़ अल्टरनेटिव एंड कॉम्प्लिमेंटरी मेडिसिन के शोध के अनुसार, प्रसंस्कृत खाद्य पदार्थ से मुक्त आहार पुराने दर्द को कम करने में मदद करते है। हरी पत्तेदार सब्जियां, ओमेगा 3 फैटी एसिड से उच्च खाद्य पदार्थ, शतावरी और लो शुगर वाले खाद्य पदार्थ जैसे चेरी, प्‍लम, और अनानास और सोया खाद्य उत्पाद दर्द को कम करने में मदद करते हैं।  image courtesy : gettyimages.in

तनाव को कम करें

अवसाद, चिंता, तनाव और क्रोध ऐसे नकारात्‍मक भावनाएं है, जो दर्द के लिए शरीर की संवेदनशीलता को बढ़ा सकते हैं। तनाव को कम और नियंत्रण पुराने दर्द से राहत प्राप्‍त करने में मदद कर सकता है। तनाव को कम करने का सबसे अच्‍छा तरीका है संगीत। संगीत हर दर्द की दवा है। अगर आप संगीत के शौकीन हैं तो इससे बेहतर दर्दनिवारक आपके लिए कोई और हो ही नहीं सकता।  image courtesy : gettyimages.in

हल्दी का इस्‍तेमाल

पीले रंग का यह मसाला अपने एंटी-इंफ्लेमेटरी गुणों के लिए जाना जाता है। हल्‍दी पुराने दर्द सहि‍त कई स्‍वास्‍थ्‍य स्थितियों के इलाज के लिए फायदेमंद होती है। हल्‍दी में पाया जाने वाला करक्युमिन नामक तत्‍व शरीर में होने वाले दर्द को कम करने में मदद करता है। image courtesy : gettyimages.in

योग

योग पुराने दर्द को दूर करने का एक सरल और आसान तरीका है। यह न केवल शक्ति और लचीलेपन को बढ़ावा देता है बल्‍िक मन को शांत और तनाव को कम करने में भी मदद करता है। सदियों से योग तनाव को कम करके पुराने दर्द से पीड़‍ित लोगों की मदद करने का एक आसान तरीका है।  image courtesy : gettyimages.in

बैठने की सही मुद्रा

शरीर को सही मुद्रा में बनाये रखने से दर्द को कम करने में मदद मिलती है और यह भविष्य में होने वाले दर्द को भी रोकता है। इसके अलावा अगर आपको कंप्यूटर के सामने कई घंटों तक बैठना पड़ता है तो यह जरूरी है कि आप नियमित अन्तराल से ब्रेक लें। जर्नल ऑफ न्यूरोसाइंस के अनुसार, बैठने की सी-स्लंप मुद्रा तंत्रिका और रक्त प्रवाह को ख़राब कर सकती है। इसलिए सही मुद्रा के लिए, पीठ और गर्दन की मांसपेशियों पर तनाव को रोकने के लिए सिर और रीढ़ की हड्डी को सीधा करके रखें।  image courtesy : gettyimages.in

दर्द के बारे में बात करें

अमेरिकन साइकोलॉजिकल एसोसिएशन के अनुसार, दर्द के बारे में बात करने से इसे कम करने में मदद मिल सकती है।  कुछ आम तकनीक जैसे संज्ञानात्मक व्यवहार थेरेपी, बायोफीडबैक और निर्देशित काल्पनिक शामिल हैं। यह सभी तकनीक तनाव का प्रबंधन कर दर्द को कम करने में मदद करती है।  image courtesy : gettyimages.in

इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

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