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क्या सच में मास्क पहनकर प्रदूषण से बच सकते हैं आप? जानें प्रदूषण के खिलाफ कितने कारगर हैं मास्क

Updated at: Oct 30, 2019
विविध
Written by: अनुराग अनुभवPublished at: Oct 30, 2019
क्या सच में मास्क पहनकर प्रदूषण से बच सकते हैं आप? जानें प्रदूषण के खिलाफ कितने कारगर हैं मास्क

दिवाली के बाद कई शहरों में प्रदूषण का स्तर खतरनाक स्तर से भी कई गुना ज्यादा बढ़ गया है। ऐसे में क्या मुंह पर मास्क पहनकर आप प्रदूषण से बच सकते हैं? जानें दिवाली के बाद बढ़े हुए प्रदूषण से आपको बचाने में कितने कारगर हैं ये मास्क।

दिवाली के बाद उत्तर और मध्य भारत के कई शहरों में प्रदूषण खतरनाक स्तर को पार कर गया है। ऐसे में प्रदूषण से बचने के लिए बहुत सारे लोगों ने मास्क लगाना शुरू कर दिया है। प्रदूषण को देखते हुए बाजार में ढेर सारे रंग-बिरंगे और डिजायनर मास्क उपलब्ध हैं। मगर क्या आपने कभी सोचा है कि ये फेस मास्क आपको प्रदूषण से बचाने में कितने कारगर हैं? क्या सच में आप मास्क पहनकर प्रदूषण से होने वाले हानिकारक प्रभावों से बच सकते हैं? आइए आपको बताते हैं मास्क और प्रदूषण से जुड़ी सभी जरूरी बातें।

कितने प्रदूषित हैं शहर?

सबसे पहले तो आपको ये जानना चाहिए कि आपके आसपास प्रदूषण का स्तर क्या है। दीपावली के दिन दिल्ली एनसीआर के कई इलाकों में प्रदूषण का स्तर 999 नापा गया है। हैरान करने वाली बात ये है कि ये स्तर एयर क्वालिटी इंडेक्स नापने वाली मशीनों का अधिकतम स्तर है। यानी इससे ऊपर के प्रदूषण के बारे में हेल्थ एक्सपर्ट्स ने कल्पना ही नहीं की थी। मगर इस साल दिल्ली में प्रदूषण इस स्तर को भी पार कर गया।

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वर्ल्ड एयर क्वालिटी प्रोजेक्ट के अनुसार एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) 100 से ज्यादा हो जाने पर इसे अनहेल्दी यानी अस्वस्थ्यकर माना जाता है। वहीं AQI 250 को खतरनाक स्तर माना जाता है, जबकि AQI के 300 के पार हो जाने को इमरजेन्सी स्थिति माना जाता है।

अब आप सोच सकते हैं कि शहरों के वातावरण में कितने भयंकर स्तर तक प्रदूषण के कण घुले हुए हैं। अब सवाल उठता है कि इतने प्रदूषित माहौल में फेस मास्क आपको प्रदूषण से बचाने में कितनी मदद करते हैं।

प्रदूषण से बचाव में कितने कारगर हैं मास्क?

जहां तक सामान्य प्रदूषण की बात करें तो आमतौर पर शहरों में गाड़ियों से निकलने वाले धुंए, फैक्ट्रियों से निकलने वाले धुंए, धूल, सीमेंट कण आदि को प्रदूषण का कारण माना जाता है। इन्हें PM 2.5 और PM 10 के दो स्तरों में बांटा गया है। ये एक तरह से इन प्रदूषण कणों का साइज है।
चेहरे पर पहने जाने वाले अच्छे फेसमास्क में बहुत महीन छेद होते हैं, जो PM 2.5 और PM 10 को रोकने में कारगर होते हैं। इसलिए सामान्य दिनों में ये फेसमास्क आपको सड़क पर चलते समय प्रदूषण के कणों से बचा सकते हैं।

दिवाली के प्रदूषण से नहीं बचा पाएंगे मास्क

दिवाली के दौरान फोड़े गए पटाखों से धुंए के साथ-साथ कई हानिकारक और जानलेवा गैसें भी निकलती हैं। ये गैसें वातावरण में बहुत उंचाई तक नहीं जा पाती हैं, इसलिए आपके आसपास काफी समय तक मौजूद रहती हैं। इन गैसों को रोकने में आपका फेस मास्क कारगर नहीं है। इसके अलावा यदि आप के आसपास कोई मिल या ऐसी फैक्ट्री है, जहां केमिकल्स का उपयोग होता है, तो भी वातावरण में जहरीली गैसें घुली होती हैं, जिनसे आपको फेस मास्क नहीं बचा सकता है।

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फिर प्रदूषण से बचने के लिए क्या करें?

अगर आपके शहर में प्रदूषण का स्तर 300 के पार है तो आपको सड़क पर चलते समय फेस मास्क जरूर लगाए रखना चाहिए। मगर यदि आप जहरीली गैसों के प्रभाव से बचना चाहते हैं, तो इसका एकमात्र विकल्प ये है कि आप प्रदूषण कम होने तक घर से बहुत कम बाहर निकलें। छोटे बच्चों और गर्भवती महिलाओं को प्रदूषण से बहुत ज्यादा खतरा होता है, इसलिए उन्हें खुली हवा में निकलने से रोकना बहुत जरूरी है।

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