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कैसा हो अस्थमैटिक बच्चों का आहार

अस्‍थमा By Pooja Sinha , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग / Feb 03, 2012
कैसा हो अस्थमैटिक बच्चों का आहार

अस्थमैटिक बच्चों में अस्‍थमा के नुकसान को रोकने के लिए उनके खान-पान का भी खास ध्यान रखना चाहिए। इससे बच्चे में दमा के अटैक और दमा की समस्याओं को रोकने में मदद मिलती हैं।

Quick Bites
  • बच्चों को अस्‍थमा के दौरान बहुत देखभाल की जरूरत होती है
  • हाई कैलोरी आहार से बच्चों को सांस लेने में दिक्कत होती हैं।
  • बच्चों को गर्म पानी बहुत अधिक मात्रा में पीना चाहिए।
  • केला अस्‍थमा से पीडि़त बच्चों को नुकसान पहुंचा सकते हैं।

अस्‍थमा ना सिर्फ व्यस्कों और वृद्घों को होता है बल्कि आज के समय में बच्‍चों की लाइफ स्टाइल के कारण अस्‍थमा छोटे बच्चों को भी अपनी चपेट में ले रहा है। छोटे बच्चों को अस्‍थमा के दौरान बहुत देखभाल की जरूरत होती है, बच्चों की सही देखभाल ना की जाए तो बच्चों में अस्‍थमा बढ़ सकता है। इतना ही नहीं अस्थमैटिक बच्चों में अस्‍थमा के नुकसान को रोकने के लिए उनके खान-पान का भी खास ध्यान रखना चाहिए। इससे बच्चे में अस्‍थमा के अटैक और अस्‍थमा की समस्याओं को रोकने में मदद मिलती हैं। लेकिन यहां ये भी सवाल उठता है कि अस्थमैटिक बच्चों का आहार कैसा होना चाहिए। यानी जो बच्चे अस्थमा से पीडि़त हैं उनका खानपान कैसा हो जिससे अस्‍थमा अटैक से बच सकें। आइए जानें अस्थमैटिक बच्चों का आहार कैसा हो।

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अस्थमैटिक बच्चे क्‍या खाएं

  • यह तो आप जानते ही हैं कि अस्‍थमा के रोगियों को हल्का भोजन ही करना चाहिए। बच्चों के लिए तो ये और भी जरूरी हो जाता है क्योंकि हाई कैलोरी युक्त भोजन से बच्चों को सांस लेने में दिक्कत हो सकती हैं।
  • अस्थमैटिक बच्चों को मूंग और अरहर की दालें या इसका पानी के साथ ही घिया, सीताफल, तोरी जैसी सब्जियां देनी चाहिए।
  • अस्थमैटिक बच्चों को यदि शहद के साथ मुनक्का दिया जाये तो उनके लिए बहुत फायदेमंद होती है।
  • सलाद में अस्‍थमा पीडि़त बच्चों को टमाटर, गाजर, ककड़ी, खीरा और खाने में गेहूं की रोटी के साथ ही हरी सब्जियां देनी चाहिए।
  • अस्थमैटिक बच्चों को रात का खाना सबसे हल्का देना चाहिए जिससे बच्चे को पचाने में आसानी हो और उसे नींद भी ठीक तरीके से आएं।
  • बच्चों को गर्म पानी खूब पीना चाहिए।
  • बच्चों के लिए हल्दी बहुत ही फायदेमंद होती है। बच्चों को दिन में कम से कम दो बार हल्दी का दूध देना चाहिए।
  • अस्थमैटिक बच्चों को ठंडा और बासी खाना नहीं देना चाहिए। इतना ही नहीं बच्चों को अदरक और नींबू के रस में शहद मिलाकर देने से फायदा होता है।
  • बच्चों को जितनी गर्म चीजें दी जाएं उतना ही अच्छा होता है। इसके साथ ही तरल पदार्थों को अधिक से अधिक दिया जाना चाहिए।
  • चौराई की सब्जी अस्थ्मैटिक बच्चों के लिए बहुत लाभदायक है, इसके साथ ही मेथी के दाने भी बच्चों को खूब खिलाने चाहिए।

 

अस्थमैटिक बच्चें क्या ना खाएं

  • अस्थमैटिक बच्चों को खान-पान का ध्यान रखते हुए कुछ ऐसी चीजें भी हैं जिनका सेवन नहीं करना चाहिए।
  • ठंडा पानी और ठंडे पेय पदार्थों का सेवन बिल्कुल नहीं करना चाहिए।
  • अस्थमैटिक बच्चों को दही और चावल का सेवन बिल्कुकल नहीं करना चाहिए।
  • केला अस्‍थमा से पीडि़त बच्चों को नुकसान पहुंचा सकता हैं।
  • अधिक खट्टे और मिर्च मसाले वाली चीजों का सेवन बिल्कुल नहीं करना चाहिए।
  • अरबी, कचालू, फूलगोभी इत्यादि को अस्थमा से पीडि़त बच्चों को नहीं देना चाहिए।
  • उड़द की दाल या फिर उड़द की दाल की पकौड़ी या फिर उड़द की दाल से बने खाद्य पदार्थ भी अस्थमैटिक बच्चों को ना दें।

यदि आप इन टिप्‍स को अपनाएंगे तो आप बच्‍चों में अस्‍थमा को नियंत्रण कर सकते है।

इस लेख से संबंधित किसी प्रकार के सवाल या सुझाव के लिए आप यहां पोस्‍ट/कमेंट कर सकते हैं।

Image Source : Getty

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Written by
Pooja Sinha
Source: ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभागFeb 03, 2012

इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

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