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बच्‍चों को बुढ़ापे तक सेहतमंद रखेगी सिर्फ 1 घंटे की एक्‍सरसाइज, जानें कब और कौन सी एक्‍सरसाइज है फायदेमंद

परवरिश के तरीके By जितेंद्र गुप्ता , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग / Jun 26, 2019
बच्‍चों को बुढ़ापे तक सेहतमंद रखेगी सिर्फ 1 घंटे की एक्‍सरसाइज, जानें कब और कौन सी एक्‍सरसाइज है फायदेमंद

खुद को शारीरिक रूप से सक्रिय रखने की महत्वता को कम नहीं आंका जा सकता और बहुत से युवा खुद को स्वस्थ व फिट रखने के लिए एक्सरसाइज भी करते हैं। हालांकि जब बात बच्चों की आती है तो हम उनके स्वास्थ्य व कल्याण के लिए एक्सरसाइज की भूमिका को नजरअंदाज कर देत

खुद को शारीरिक रूप से सक्रिय रखने की महत्वता को कम नहीं आंका जा सकता और बहुत से युवा खुद को स्वस्थ व फिट रखने के लिए एक्सरसाइज भी करते हैं। हालांकि जब बात बच्चों की आती है तो हम उनके स्वास्थ्य व कल्याण के लिए एक्सरसाइज की भूमिका को नजरअंदाज कर देते हैं। अमेरिकी डिपार्टमेंट ऑफ हेल्थ एंड ह्यूमन सर्विस के दिशा-निर्देशानुसार छह या उससे अधिक आयु के बच्चों को दिन में कम से कम एक घंटे शारीरिक गतिविधियों की जरूरत होती है।

विभाग के मुताबिक, एक्सरसाइज या तो सामान्य या फिर इंटेनस होनी चाहिए और बच्चों को सप्ताह में कम से कम तीन दिन ये एक्सरसाइज करनी चाहिए ताकि वह शारीरिक गतिविधियां करना जारी रखें। इसके अलावा बच्चों को मांसपेशियों व हड्डियों को मजबूत बनाने के लिए सात दिनों में कम से कम तीन दिन ये गतिविधियां करनी चाहिए। बच्चों के विकास के लिए बहुत सारी क्रियाएं हैं जो उनके मानसिक और शारीरिक विकास के लिए बहुत लाभकारी साबित होती हैं। हम आपको बच्चों के लिए ऐसी कुछ गतिविधियां बताने जा रहे हैं, जो उन्हें मानसिक व शारीरिक रूप से फिट रखती हैं।

बच्चों के लिए शारीरिक गतिविधियां बेहद जरूरी हैं क्योंकि यह न केवल उन्हें शारीरिक रूप से सक्रिय रखती है बल्कि मानसिक रूप से भी मजबूत बनाती हैं। शारीरिक गतिविधियों से होने वाले फायदे।

  • शारीरिक गतिविधियों से बेहतर फोकस करने में मदद मिलती है। 
  • शारीरिक गतिविधियां याददाश्त बेहतर बनाती हैं। 
  • शारीरिक गतिविधियों से बच्चों में सकारात्मक रवैया पैदा होता है। 
  • शारीरिक गतिविधियों से बच्चों का मेटाबॉलिज्म अच्छा होता है। 
  • शारीरिक गतिविधियों से बच्चे तरोताजा महसूस होते हैं। 
  • शारीरिक गतिविधियों से बच्चों का दिमाग शांतिपूर्ण होता है।

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2 साल से छोटे बच्चों के लिए गतिविधियां

  • अपने बच्चों को रंग की पहचान करना सिखाएं, जिसके लिए आप स्कैवेंजर हंट गेम का प्रयोग कर सकते हैं। बच्चों को रंग-बिरंगी चीजों से रंग पहचानने को कहें, जिससे आपका बच्चा रंगों की पहचान सीखता है। इसके साथ ही उसे रंगों में अंतर भी पता चलेगा।
  • कमरे की रोशनी कम करें और लेजर लाइट के जरिए बच्चे से तरह-तरह की आकृतियों की पहचान करवाएं। इससे वह तरह-तरह के जानवरों और अलग-अलग आकृतियों के बारे में जानेगा। इस तरह से बच्चा जानवारों के नाम तो जानेगा ही साथ ही उसका मन भी लगा रहेगा।
  • अपने बच्चे के मन में बास्केटबॉल जैसे खेलों के प्रति रूचि जगााएं, इसके लिए आप  लॉन्ड्रीबास्केट का इस्तेमाल भी कर सकते हैं। इसका इस्तेमाल करके आप बच्चे को बॉल बास्केट में डालने के लिए भी प्रोत्साहित करें। ऐसा करने से आपके बच्चों के मन में खेलों के प्रति रूचि बनी रहेगी और उसका स्वास्थ्य भी अच्छा रहेगा।
  • डांस से आपका बच्चे का मनोरंजन, शारीरिक और मानसिक विकास सभी होता है। बच्चे को अलग-अलग गानों और धुनों पर नाचने के लिए प्रोत्साहित करें। इसके जरिए आपका बच्चा सक्रिय तो होगा ही साथ ही उसे काफी फायदा भी मिलेगा।

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5 वर्ष से कम आयु के बच्चों के लिए गतिविधियां

5 वर्ष से कम आयु के बच्चों के लिए ज्यादा खेलना और सोना देना ही जरूरी है ऐसा करने से उनके शरीर का विकास अच्छा होता है। इस उम्र में बच्चे को अधिक से अधिक मात्रा में शारीरिक गतिविधियां करनी चाहिए। अगर आपका बच्चा 5 वर्ष से कम है और उसका वजन बढ़ गया है या वह मोटा हो गया है तो उसको शारीरिक गतिविधियों की सख्त जरूरत है। आप अपने बच्चों को ये गतिविधियां करवा सकते हैं। 

  • भागना
  • तैराकी
  • रस्सी कूदना
  • नृत्य करना
  • झूलों पर चढ़ना
  • साइकिल की सवारी
  • सक्रिय नाटक जैसे कि छुपना और पकड़े जाना

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