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इन कारणों से मुंह में बनती है ज्यादा लार

अन्य़ बीमारियां By Gayatree Verma , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग / Feb 23, 2017
इन कारणों से मुंह में बनती है ज्यादा लार

ज्यादा लार बनने के बारे में कभी सोचा है? नहीं तो। अब सोचिए। क्योंकि ज्यादा लार बहना गंभीर बीमारियों के लक्षण हो सकते हैं।

लार का क्या काम है...?
सबको मालुम है कि लार खाना पचाने में अहम रोल निभाता है और यह लार ग्रंथियों द्वारा स्रावित होती है। लेकिन आफने एक चीज नोटिस की होगी की जब आप खाने के बारे में सोचते हैं या अपनी कोई पसंदीदा या कोई खट्टी चीज के बारे में ही सोचते हैं तो मुंह में पानी आ जाता है।


लेकिन जब ये लार अधिक बहने लगे तो...???


क्योंकि कुछ लोगों के सोते वक्त, बात करते वक्त, सोचते वक्त, आदि कामों के वक्त मुंह में पानी बन जाता है। अगर आपके साथ भी ऐसा होता है तो इसे हंसी में मत टालिए। क्योंकि ऐसा कई बार गंभीर बीमारियों के कारण भी होता है। आज इस लेख में हम आपको बताने वाले हैं कि क्यों कुछ लोगों के मुंह में अधिक पानी आता है।

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मीठी और गर्म चीजें

अगर आप मीठी और गर्म चीजें खाने के शौकीन हैं तो ये भी आपके मुंह में अधिक लार बनने का कारण हो सकते हैं। कई बार अधिक मीठा, चटपटा या बहुत अधिक गर्म खाना खाने से लार ग्रंथी डैमेज हो जाती है जिसके कारण उस ग्रंथी से अधिक पानी का स्राव होने लगता है और मुंह में अधिक लार आने की समस्या हो जाती है।

एलर्जी हो सकती है कारण

कई बार अधिक लार बनना एलर्जी का भी संकेत हो सकता है। यदि किसी इंसान को नाक या मुंह से संबंधित एलर्जी होती है उसे मुंह में ज्यादा लार बनने की समस्या होती है। कई बार सर्दी-जुखाम के कारण भी लार अधिक आती है।

 

एसिडिटी की समस्या होने पर

वैज्ञानिकों का मानना है कि एसिडिटी की समस्या होने पर भी मुंह में अधिक लार बनती है। दरअसल एसिड रिफ्लक्स एपीसोड्स के कारण गेस्ट्रिक एसिड होता है, जिसके कारण एसोफागोसलाइवरी उत्तेजित होता है औऱ मुंह में अधिक लार बनने की समस्या पैदा हो जाती है। ऐसी स्थिति में एसिडिटी की समस्या का जल्द से जल्द उपचार करें जिससे की आपको मुंह में अधिक लार बनने की समस्या से निजात मिल सके।

 

लार ग्रंथियों की सूजन

सबसे अंत में लार ग्रंथियों की सूजन बात करते हैं। लार ग्रंथियों में किसी भी तरह की समस्या होने पर ग्रंथि खराब हो जाती है जिसके कारण ग्रंथि में अधिक लार बनने लगती है और मुंह में हमेशा पानी रहता है।

 


बच्चों को इस कारण आती है लार

बच्चों की तो हमेशा लार बहती रहती है। ऐसा बच्चों के दांत आने पर होता है। बच्चों को छह से आठ महीने के बीच पहला दांत आना शुरू होता है जिसे दूध का दांत कहा जाता है। बच्चों के दांत आने के समय में उनके मुंह से अधिक लार आती है।

 

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Disclaimer:

इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।