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हाई ब्लड प्रेशर और पायरिया का रामबाण इलाज है 'पहाड़ी नीम' या टेमरू (तिमूर), जानें इसके 5 फायदे

आयुर्वेद By Anurag Gupta , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग / Sep 12, 2019
हाई ब्लड प्रेशर और पायरिया का रामबाण इलाज है 'पहाड़ी नीम' या टेमरू (तिमूर), जानें इसके 5 फायदे

पहाड़ों पर पाए जाने वाले टेमरू या तिमूर के बीजों में आयुर्वेदिक गुण होते हैं। टेमरू या तिमूर के बीज और पत्तियां हाई ब्लड प्रेशर, पायरिया, मुंह की बदबू जैसी तमाम समस्याओं में बहुत फायदेमंद मानी जाती हैं। जानें इनके 5 स्वास्थ्य लाभ।

भारत में आयुर्वेद चिकित्सा पद्धति बहुत पुरानी है। भारत के अलग-अलग हिस्से में तमाम तरह की जड़ी बूटियां और औषधीय पौधे पाए जाते हैं, जो कई गंभीर रोगों में आश्चर्यजनक रूप से फायदेमंद साबित होते हैं। ऐसा ही एक पहाड़ी पेड़ है, जिसे तिमूर या टेमरू कहा जाता है। ये पेड़ उत्तराखंड के पहाड़ी इलाकों में ज्यादा पाया जाता है। तिमूर या टेमरू की खास बात ये है कि इसकी पत्तियां, टहनी, बीज और फल सभी फायदेमंद होते हैं। हाई ब्लड प्रेशर, पायरिया, मुंह की दुर्गंध, दांत दर्द जैसी तमाम समस्याओं में टेमरू को रामबाण इलाज माना जाता है। आज हम आपको बता रहे हैं इस खास आयुर्वेदिक औषधि टेमरू या तिमूर के 5 जबरदस्त फायदे।

पायरिया में फायदेमंद

तिमूर या टेमरू को पहाड़ी नीम कहा जाता है। इसका कारण यह है कि जिस तरह नीम का पेड़ बहुत फायदेमंद होता है, उसी तरह टेमरू भी फायदेमंद होता है। टेमरू की टहनी और छाल का प्रयोग लोग दांतों की समस्याओं के लिए करते हैं। पायरिया होने, मसूड़ों से खून निकलने, दांतों को चमकाने और साफ करने के लिए टेमरू की लकड़ी को दातुन की तरह इस्तेमाल करना चाहिए। पहाड़ों में पहले जब मंजन ब्रश नहीं था, तब लोग दांतों को साफ करने के लिए तिमूर की दातुन का ही प्रयोग करते थे।

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मुंह की दुर्गंध

टेमरू या तिमूर के बीज एक बेहतरीन माउथ फ्रेशनर का काम करते हैं। इसके बीजों को खाने पर मुंह में हल्की झनझनाहट होती है, जैसे पिपरमिंट से होती है। इसके बीजों के सेवन से मुंह की दुर्गंध दूर होती है और मुंह स्वस्थ रहता है। तिमूर के बीजों को अच्छी तरह बीनकर (ताकि इसमें गंदगी न हो), रोजाना खाने के बाद खाना आपके मसूड़ों के लिए फायदेमंद होता है।

बेहतरीन एंटीसेप्टिक है तिमूर

तिमूर के बीजों में एक खास तत्व होता है, जिसे लीनानूल कहते हैं। ये एक बेहतरीन एंटीसेप्टिक है। इसलिए चोट लगने या छिल-कट जाने पर तिमूर की पत्तियों को पीसकर लगाने या इसके बीजों को पीसकर लगाने से चोट जल्दी सूख जाती है और निशान भी नहीं पड़ता है। इसके प्रयोग से सेप्टिक का डर भी दूर हो जाता है। लेकिन ध्यान रखें कि पत्तियों या बीजों को इस्तेमाल करते समय इसे अच्छी तरह साफ जरूर कर लें।

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पेट के लिए फायदेमंद टेमरू

टेमरू के बीजों का इस्तेमाल मसाले के रूप में भी किया जाता है। इसके बीजों को पेट के लिए बहुत फायदेमंद माना जाता है। पाचन से जुड़ी तमाम समस्याएं जैसे- अपच, कब्ज, पेट दर्द, दस्त आदि में टेमरू के बीज बहुत फायदेमंद होते हैं। इसलिए पहाड़ी लोग चटनी, सब्जी और दूसरी कई डिशेज में टेमरू के बीजों को मसाले की तरह इस्तेमाल करते हैं। इसे मिलाने से चटनी का स्वाद बढ़ जाता है।

ब्लड प्रेशर कंट्रोल करे टेमरू

टेमरू या तिमूर ब्लड प्रेशर के मरीजों के लिए भी बहुत फायदेमंद होता है। इसके बीजों में पोटैशियम की मात्रा अच्छी होती है इसलिए बीजों को खाने से हाई ब्लड प्रेशर की समस्या दूर होती है। इसके अलावा तिमूर की टहनियां कांटेदार होती हैं। इसकी टहनी के कांटों को एक्यूपंक्चर के लिए बहुत अच्छा माना जाता है। हाथ के अंगूठे और उसके बगल की उंगली के बीज के मांस वाले हिस्से को टेमरू की लकड़ी से दबाने से ब्लड प्रेशर तुरंत घट जाता है।

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