• shareIcon

Ayurvedic Herb: हाई ब्लड प्रेशर, अनिद्रा और पेट के रोगों में बहुत फायदेमंद है सर्पगंधा का पौधा, जानें प्रयोग

आयुर्वेद By अनुराग अनुभव , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग / Oct 01, 2019
Ayurvedic Herb: हाई ब्लड प्रेशर, अनिद्रा और पेट के रोगों में बहुत फायदेमंद है सर्पगंधा का पौधा, जानें प्रयोग

सर्पगंधा का पौधा आयुर्वेद में कई समस्याओं के लिए बहुत फायदेमंद माना जाता है। जानें हाई ब्लड प्रेशर, अनिद्रा और पेट की बीमारियों जैसे- दस्त, पेट दर्द और कब्ज आदि में कैसे करें सर्पगंधा का प्रयोग। इसके अलावा जानें सर्पगंधा का चूर्ण और काढ़ा बनाने की

सर्पगंधा एक ऐसा पौधा है, जो आयुर्वेद के अनुसार तमाम औषधीय गुणों से युक्त होता है। कई हर्बल ब्यूटी प्रोडक्ट्स और आयुर्वेदिक दवाओं में सर्पगंधा का प्रयोग किया जाता है। सर्पगंधा का नाम 'सर्प-गंधा' शायद इसलिए पड़ा क्योंकि इस पौधे की जड़ी को सांप का विष उतारने के लिए जाना जाता है। पुराने लोग मानते हैं कि सर्पगंधा का पौधा इतना ताकतवर होता है कि ये पागलपन और मानसिक बीमारियों को भी ठीक कर देता है। हालांकि इन दावों के वैज्ञानिक प्रमाण नहीं हैं, इसलिए इन पर विश्वास करना न करना आपकी अपनी समझ है।

मगर सर्पगंधा के पौधे में कुछ औषधीय गुणों के वैज्ञानिक प्रमाण मिले हैं, जिनके अनुसार ये पौधा हाई ब्लड प्रेशर, मानसिक तनाव, पेट की बीमारियों और अनिद्रा (नींद की कमी) जैसी कई समस्याओं में फायदेमंद होता है। आइए आपको बताते हैं सर्पगंधा पौधे के आयुर्वेदिक फायदे और इसे इस्तेमाल करने का सही तरीका।

सर्पगंधा का इस्तेमाल कैसे बनाएं

सर्पगंधा पौधे की जड़ें आमतौर पर आयुर्वेदिक औषधि के रूप में इस्तेमाल की जाती हैं। इसका चूर्ण बनाने के लिए आप सर्पगंधा पौधे की जड़ों को अच्छी तरह धोकर सुखा लें और फिर पीस कर चूर्ण तैयार कर लें। इसे एयर टाइट डिब्बे में रखें, तो ये चूर्ण सालों तक खराब नहीं होता है। इसके अलावा आप आयुर्वेदिक दवाओं के स्टोर से सर्पगंधा का तैयार चूर्ण खरीद सकते हैं। इस चूर्ण का आप एक डोज में 3-5 ग्राम तक सेवन कर सकते हैं। अगर आपको इसके स्वाद से परेशानी हो, तो इसमें थोड़ा सा चीनी का पाउडर मिलाकर सेवन करें। मगर ध्यान दें कि पूरे सर्पगंधा चूर्ण में चीनी का पाउडर न मिलाएं, बल्कि इसे खाते समय ही थोड़े से चूर्ण में मिलाएं।

इसे भी पढ़ें:- पेट दर्द, सिरदर्द और बवासीर में फायदेमंद होता है चांगेरी घास, जानें आयुर्वेद में बताए गए 5 स्वास्थ्य लाभ

हाई ब्लड प्रेशर में सर्पगंधा

हाई ब्लड प्रेशर यानी उच्च रक्तचाप एक गंभीर समस्या है, जो हार्ट अटैक, हार्ट फेल्योर और स्ट्रोक जैसी जानलेवा स्थितियां पैदा कर सकता है। इसलिए इससे छुटकारा पाना बहुत जरूरी है। हाई ब्लड प्रेशर की समस्या में आप सर्पगंधा के पौधे का इस्तेमाल कर सकते हैं। इसके अलावा ये पौधा धमनियों को सख्त होने से रोकता है। सर्पगंधा की जड़ के चूर्ण का सेवन करने से ब्लड प्रेशर सामान्य रहता है और धमनियां स्वस्थ रहती हैं।

पेट दर्द, दस्त और हैजा में सर्पगंधा

सर्पगंधा का पौधा पेट की तमाम समस्याओं जैसे पेट दर्द, पेचिश (दस्त) और हैजा में भी आपके लिए फायदेमंद हो सकता है। इसके लिए आपको सर्पगंधा की जड़ से इसका काढ़ा बनाकर पीना चाहिए। काढ़ा इस तरह बनाएं-

  • सर्पगंधा की जड़ों को अच्छी तरह धोकर इसके छोटे-छोटे टुकड़े कर लें।
  • अब एक बर्तन में 1 लीटर पानी लें और इसमें जड़ों को डालकर उबालें।
  • उबलते हुए जब ये पानी लगभग आधे से थोड़ा ज्यादा रह जाए, तो आंच बंद कर दें।
  • इस सर्पगंधा की जड़ के अर्क में आधा चम्मच काला नमक और 1 चम्मच चीनी मिलाएं।
  • इसके बाद 2 नींबू का रस निचोड़ें और 1/4 चम्मच काली मिर्च पाउडर डालें।
  • इन्हें अच्छी तरह मिला लें, अब आपका काढ़ा तैयार है।
  • इस काढ़े को आप एक-एक कप दिन में 3-4 बार पिएंगे, तो आपके पेट से जुड़ी हर समस्या दूर हो जाएगी।
  • ध्यान दें कि अगर आपको कोई और शारीरिक समस्या भी है, तो चिकित्सक को दिखाएं क्योंकि कई बार पेट में दर्द की समस्या किसी गंभीर रोग का भी संकेत हो सकता है।

अनिद्रा (नींद की कमी) और तनाव को दूर करने में सर्पगंधा का प्रयोग

अगर आपको देर रात तक नींद नहीं आती है या आप चिंता और तनाव ज्यादा लेते हैं, तो भी आप सर्पगंधा के पौधे का प्रयोग करके लाभ पा सकते हैं। इसके लिए ऊपर बताई गई विधि से सर्पगंधा का चूर्ण तैयार कर लें। इसके बाद इस चूर्ण को रात में 1/4 छोटा चम्मच लें और इसमें आधा चम्मच देसी घी मिलाकर चाटें। इसके 10 मिनट बाद आधा ग्लास पानी पी लें और सो जाएं। आपको गहरी नींद आएगी और आपका दिमाग शांत होगा। आप हर तरह के मानसिक तनाव और चिंता से छुटकारा पा जाएंगे।

Read more articles on Ayurveda in Hindi

Disclaimer

इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy. OK