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    अक्टूबर-नवंबर में ज्यादा होती है अर्थराइटिस की समस्या, जानें क्यों?

    अर्थराइटिस By Rashmi Upadhyay , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग / Oct 12, 2017
    अक्टूबर-नवंबर में ज्यादा होती है अर्थराइटिस की समस्या, जानें क्यों?

    ये तो आप भी महसूस कर रहे होंगे कि मौसम में बदलाव आ चुका है। 

    ये तो आप भी महसूस कर रहे होंगे कि मौसम में बदलाव आ चुका है। सुबह-शाम ठंडी हवाएं चलने के साथ ही दिन भी जल्दी ढलने लगे हैं। इस बदलते मौसम में जोड़ों में असहनीय दर्द और अर्थराइटिस की समस्या काफी बढ़ जाती है। जिन्हें जोड़ों में दर्द रहता है वही लोग इसकी पीड़ा को अच्छी तरह समझ सकते हैं। दरअसल हड्डियों में दर्द को ठंड काफी हद तक बढ़ाती है और जोड़ों को अधिक प्रभावित भी करती है। बदलते मौसम का जोड़ों के दर्द से गहरा संबंध है और इसके प्रति जागरूक होने भी जरूरत है। आज हम आपको बता रहे हैं कि अक्टूबर-नवंबर के बदलते मौसम में अर्थराइटिस और जोड़ों में दर्द क्यों ज्यादा बढ़ता है।

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    तापमान में गिरावट

    जैसे ही तापमान में गिरावट आती है वैसे ही जोड़ों का दर्द बढ़ने लगता है। ऐसा इसलिए क्योंकि मौसम के ठंडा होने पर जोड़ों की रक्तवाहिनियां सिकुड़ने लगती हैं और उस हिस्से में रक्त का तापमान कम हो जाता है। जिसके चलते जोड़ों में अकड़ाहट आ जाती है जो दर्द का कारण बनता है। 

    उम्र भी है कारण

    ठंड के मौसम में जोड़ों का दर्द उम्र के हिसाब से भी होता है। यानि कि जोड़ों के दर्द की समस्‍या उम्रदराज लोगों को अधिक परेशान करती है। क्‍योंकि बढ़ते उम्र के साथ हड्डियां कमजोर होने लगती हैं और उन पर अर्थराइटिस जैसी बीमारी भी हावी होने लगती है। साथ ही शरीर में युवाओं जितनी क्षमता नहीं कि बीमारियों को बाहर का रास्ता दिखाया जाए। हड्डियां कमजोर होने पर अगर आपकी हड्डियां कमजोर हैं तो ठंड का मौसम उन पर अधिक प्रभावी हो जाता है।

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    दरअसल उम्र बढ़ने के साथ हड्डियों से कैल्शियम और अन्य खनिज पदार्थों का क्षरण होने लगता है। इसके कारण किसी भी जोड़ में हड्डियां आपसी संपर्क में नहीं आतीं। जोड़ों के बीच में एक कार्टिलेज का कुषन होता है। उम्र बढ़ने के साथ ही कुषन को लचीला और चिकना बनाए रखने वाला लुब्रीकेंट कम होने लगता है। लिगामेंट्स की लंबाई और लचीलापन भी कम हो जाता है, जिसकी वजह से जोड़ अकड़ जाते हैं।

    क्या है समाधान?

    जोड़ों के दर्द से बचने का सबसे अच्छा समाधान अपने खानपान और अपने लाइफस्टाइल पर ध्यान देना है। ठंड के दिनों में यदि विटामिन डी की भरपूर खुराक ली जाए तो कमर दर्द और जोड़ों के दर्द में काफी राहत मिलती है। इसके अलावा नियमित व्‍यायाम और योग जैसे - गिद्धासन व प्राणायाम भी जोड़ों के दर्द से छुटकारा दिलाने में मदद करते हैं।

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