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एंजाइना रोग के संकेत हैं छाती में दर्द और भारीपन, 10 मिनट में ऐसे पाएं आराम

हृदय स्‍वास्‍थ्‍य By Rashmi Upadhyay , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग / Dec 18, 2018
एंजाइना रोग के संकेत हैं छाती में दर्द और भारीपन, 10 मिनट में ऐसे पाएं आराम

एंजाइना सीने में बार-बार होने वाला वह दर्द है, जो हृदय रोग का संकेत हो सकता है। एंजाइना का सीने का दर्द एरोस्थि के नीचे से उठता है। 

एंजाइना सीने में बार-बार होने वाला वह दर्द है, जो हृदय रोग का संकेत हो सकता है। एंजाइना का सीने का दर्द एरोस्थि के नीचे से उठता है। यह मुख्य कोरोनरी धमनियों में रुकावट के कारण दिल में रक्त के प्रवाह में कमी आने पर होता है। एंजाइना के मुख्य लक्षण हैं सीने में दर्द, भारीपन, जकड़न, उरोस्थि के नीचे दबाव महसूस होना, दो से 15 मिनट तक दर्द होना, तनाव, व्यायाम और भारी वजन उठाने में दर्द का बढ़ना। एंजाइना की गंभीरता उसके प्रकार पर निर्भर करती है। सबसे सामान्य एंजाइना स्थिर एंजाइना है, जो कुछ मिनट तक रहता है। यह सीढि़यां चढ़ने या तनाव के दौरान होता है। आराम करने या दवा लेने से यह ठीक हो जाता है। यह जल्द दिल का दौरा पड़ने का संकेत नहीं है। अस्थिर एंजाइना अधिक खतरनाक है। यह आराम करते समय भी हो सकता है। इसमें सीने में दर्द आधे घंटे तक रहता है और यह दवा से भी ठीक नहीं होता है।

जब कोरोनरी धमनी में पूर्ण रुकावट हो तो यह दिल का दौरा का संकेत हो सकता है। वेरियेंट एंजाइना कोरोनरी धमनियों में अचानक ऐठन के कारण होता है, जो हृदय में रक्त प्रवाह को बाधित करता है। इसमें आराम करते समय सीने में तेज दर्द होता है। समय रहते इस ऐठन को नियंत्रित न किया जाए, तो यह दिल का दौरा पैदा कर सकता है। सीने में दर्द को गैस या अपच का दर्द समझकर दर्दनिवारक दवा या गैस्टिक की दवा लेकर नजरअंदाज करना घातक साबित हो सकता है। सुबह के समय, आराम करते हुए, टहलते हुए या व्यायाम करते हुए सीने में होने वाले दर्द को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। सीने में दर्द, जकड़न, जलन या दबाव होने के सामान्य कारण तनाव या अपच हो सकते हैं लेकिन इसके दिल का दौरा पड़ने या एंजाइना जैसे गंभीर कारण भी हो सकते हैं।

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दिल की बीमारी में एंजाइना या छाती में दर्द सबसे आम लक्षण है। एंजाइना को छाती में भारीपन, दबाव, दर्द, जलन, ऐठन या दर्द के अहसास के रूप में पहचाना जा सकता है। कई बार इसे अपच या हार्टबर्न समझने की गलती भी हो जाती है। एंजाइना कंधे, बांहों, गर्दन, गला, जबड़े या पीठ में भी महसूस की जा सकती है। छोटी-छोटी सास आना, धड़कन का तेज होना, कमजोरी या फिर चक्कर आना, उल्टी आने का एहसास होना और पसीना आना भी एंजाइना का लक्षण हो सकता है। यह लक्षण सर्द मौसम में अक्सर देखने को मिलता है। इसलिए इसमें लापरवाही बरतने के बजाय चिकित्सक से तुरंत इलाज कराएं।

30 मिनट में मिले इलाज

हार्ट अटैक के दौरान आमतौर पर लक्षण आधे घंटे तक या इससे ज्यादा समय तक रहते हैं। ऐसी स्थिति में आराम करने या दवा खाने से आराम नहीं मिलता। लक्षणों की शुरुआत मामूली दर्द से होकर गंभीर दर्द तक पहुंच सकती है। कई बार हार्ट अटैक का कोई लक्षण सामने नहीं आता, जिसे साइलेंट मायोकार्डियल इंफेक्शन यानी एमआइ कहते हैं। इसलिए जरूरी है कि आम नियमित एक्सरसाइज और योगा करें। दिल की सेहत बनाए रखने के लिए खानपान का खास खयाल रखें। सब्जिया, फल, साबुत अनाज और बहुत थोड़ी मात्रा में तेल, ये ऐसी चीजें हैं जिन्हें रोजाना के खानपान का हिस्सा बनाने से दिल की सेहत अच्छी बनी रह सकती है। 

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