अस्थमा के इलाज में काम आने वाली दवा डायबिटीक रेटिनोपेथी से निपटने में है कारगरः शोध

Updated at: Jul 31, 2019
अस्थमा के इलाज में काम आने वाली दवा डायबिटीक रेटिनोपेथी से निपटने में है कारगरः शोध

यूनिवर्सिटी हॉस्पीटल रेनबो बेबीज एंड चिल्ड्रन हॉस्पीटल और केस वेस्टर्न रिजर्व यूनिवर्सिटी स्कूल ऑफ मेडिसिन के शोधकर्ताओं ने इस शोध में पाया कि अस्थमा के उपचार में काम आने वाली दवा मोंटीलुकास्ट डायबिटिक रेटिनोपेथी में होने वाले शुरुआती बदलाव को रोक

Jitendra Gupta
लेटेस्टWritten by: Jitendra GuptaPublished at: Jul 31, 2019

एक नए शोध में खुलासा हुआ है कि अस्थमा की दवा का एक प्रकार डायबिटीक आंख की बीमारी के उपचार में प्रभावी है। दरअसल डायबिटीज से मरीजों की आंख का कोर्निया बीमारी के कारण क्षतिग्रस्त हो जाता है, जिससे डायबिटीक रेटिनोपेथी कहते हैं।

यूनिवर्सिटी हॉस्पीटल रेनबो बेबीज एंड चिल्ड्रन हॉस्पीटल और केस वेस्टर्न रिजर्व यूनिवर्सिटी स्कूल ऑफ मेडिसिन के शोधकर्ताओं ने इस शोध में पाया कि अस्थमा के उपचार में काम आने वाली दवा मोंटीलुकास्ट डायबिटिक रेटिनोपेथी में होने वाले शुरुआती बदलाव को रोकने में मदद कर सकती है।

डायबिटीज पर लिखते हुए वैज्ञानिकों ने बताया कि  कैसे डायबिटीज से ग्रस्त चूहे को दवा दी गई और मधुमेह से संबंधित रेटिना पैथोलॉजी को मापा गया। डायबिटीज से ग्रस्त चूहे के एक नियंत्रित समूह को दवा मिली ही नहीं।

लेखकों ने बताया कि नौ महीने के बाद, जिन चूहों को दवा नहीं दी गई उनके रेटिना के सूक्ष्मजीव बडी संख्या में बिगड़ने लगे, विशेषकर उन चूहों के मुकाबले जिन्हें मोंटीलुकास्ट दी गई थी।

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शोधकर्ताओं ने बताया, ''मोंटेलुकास्ट ने मधुमेह-प्रेरित केशिका और न्यूरोनल के बिगड़ने को रोक दिया। इसलिए इसे मधुमेह होने की स्थिति में रोकथाम रणनीति या फिर एक हस्तक्षेप रणनीति के रूप में आजमाना चाहिए।''

डायबिटिक रेटिनोपैथी से बचाव के तरीके

अगर आप डायबिटीज से पीड़ित हैं तो आपको छ: महीने या फिर साल भर में एक बार डाक्‍टर से अपनी आंखों की जांच जरूर करवा लेनी चाहिए। आइए यहां हम आपको डायबिटिक रेटिनोपैथी के खतरे को कम करने के लिए कुछ आसान से उपाय बता रहे हैं, जिनसे आपको मदद मिल सकती है।

डायबिटिक रेटिनोपैथी से बचाव के लिए आप पौष्टिक आहार व व्‍यायाम के साथ अपने वजन को भी कंट्रोल में रखें क्‍योंकि आपका बढ़ता वजन डायबिटीज और डायबिटिक रेटिनोपैथी दोनो के खतरे को बढ़ाता है।

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डायबिटिक रेटिनोपैथी को रोकने के लिए आपको अपने ब्‍लड शुगर लेवल को कंट्रोल रखने की जरूरत है, क्‍योंकि यह आपकी धुंधली नजर का कारण बन सकता है।

डायबिटीज के रोगियों को अपना ब्‍लड प्रेशर कंट्रोल में रखने की जरूरत है। क्‍योंकि डायबिटिक रेटिनोपैथी में हाई ब्‍लड प्रेशर भी एक बड़े कारणों में से एक है। इसलिए आप स्वस्थ और संतुलित आहार व योग के जरिए अपने ब्‍लड प्रेशर को निंयत्रण में रखें।

धूम्रपान की आदत को जितना जल्‍दी हो छोड़ दें क्‍योंकि धूम्रपान करने से स्थिति और खराब हो सकती है। इसलिए डायबिटिक रेटिनोपैथी से बचाव के लिए जितनी जल्‍दी हो अपनी धूम्रपान की आदत को छोड़ दें।

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