अपने 1 साल से बड़े बच्चों को जरूर खिलाएं ये 5 सुपरफूड्स, समुचित विकास के लिए मिलेंगे सभी जरूरी न्यूट्रिएंट्स

Updated at: Sep 16, 2020
अपने 1 साल से बड़े बच्चों को जरूर खिलाएं ये 5 सुपरफूड्स, समुचित विकास के लिए मिलेंगे सभी जरूरी न्यूट्रिएंट्स

बच्चों के बेहतर विकास के लिए जो भी जरूरी पोषक तत्व चाहिए, वो इन 5 सुपरफूड्स से मिल सकते हैं। इसलिए 1 साल से बड़े बच्चों को ये फूड्स जरूर खिलाने चाहिए।

Anurag Anubhav
परवरिश के तरीकेWritten by: Anurag AnubhavPublished at: Sep 16, 2020

बच्चों के समुचित विकास के लिए बहुत सारे पोषक तत्वों की जरूरत होती है। आमतौर पर 6 महीने से छोटे शिशुओं को मां के दूध से ही सारा पोषण मिल जाता है क्योंकि उस समय तक शिशु का पाचनतंत्र ठोस आहार के लिए तैयार नहीं होता है। लेकिन 6 महीने से बड़े बच्चों को धीरे-धीरे ठोस आहार देना शुरू कर दिया जाता है। बच्चें के विकास में शुरुआती 5 साल बहुत महत्वपूर्ण होते हैं। इस दौरान न सिर्फ बच्चे का शरीर तेजी से बढ़ता है, बल्कि उसकी मानसिक क्षमताएं भी विकसित होती हैं। इसलिए 1 साल से बड़े बच्चों का खानपान ऐसा होना चाहिए, जिससे उसे विकास के लिए जरूरी सभी पोषक तत्व मिलें। बाजार में मिलने वाले बेबी फूड्स से कहीं बेहतर है कि आप नैचुरल सुपरफूड्स का सेवन बच्चों को कराएं, जिससे उनका विकास अच्छी तरह हो। हम आपको बता रहे हैं 1 साल से बड़ी उम्र के बच्चों के लिए 5 बेहतरीन सुपरफूड्स।

पका हुआ केला

आपका बच्चा अगर 1 साल से बड़ा है, फिर उसकी उम्र चाहे जितनी भी हो, उसके लिए केला खाना सेहतमंद है। केला मुलायम होता है इसलिए आप बच्चों को इसे खाने में भी परेशानी नहीं आती है। केला प्रोटीन और एनर्जी का सबसे बेहतरीन नैचुरल स्रोत है। इसके अलावा केले में ढेर सारे मिनरल्स खासकर पोटैशियम होता है, जिसके कारण ये आपके बच्चे की हड्डियों, टिशूज, मसल्स और मस्तिष्क के विकास के लिए अच्छा होता है। केले को पचाना भी आपके बच्चे के लिए बहुत आसान है क्योंकि ये सुपाच्य होता है। आप केले को छोटे टुकड़ों में काटकर या पीसकर बच्चे को दे सकती हैं।

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शकरकंद (स्वीट पोटैटोज)

स्वीट पोटैटोज यानी शकरकंद भी सेहत के लिए बहुत फायदेमंद होती है। शकरकंद का स्वाद मीठा होता है इसलिए बच्चे इसे भी आसानी से खा लेते हैं। आप शकरकंद को उबालकर बच्चों को दे सकते हैं। इसमें विटामिन ए, विटामिन सी, पोटैशियम, फाइबर और कार्बोहाइड्रेट्स अच्छी मात्रा में होते हैं, इसलिए बच्चों के लिए ये बहुत पौष्टिक होता है। सफेद से ज्यादा नारंगी रंग वाले स्वीट पोटैटोज फायदेमंद होते हैं क्योंकि उनमें बीटा-कैरोटीन भी होता है। इसलिए आपको अपने बच्चों को शकरकंद भी खिलाना चाहिए।

उबली हुई गाजर

गाजर भी बच्चों के लिए सुपरफूड माना जाता है क्योंकि इसमें भी ढेर सारे ऐसे पोषक तत्व होते हैं, जो बच्चे के विकास को बढ़ावा देते हैं। गाजर बीटा-कैरोटीन का अच्छा स्रोत होता है इसलिए ये बच्चे के आंखों, त्वचा और बालों के विकास में फायदेमंद होता है। गाजर का स्वाद भी मीठा होता है, इसलिए बच्चे इसे आसानी से खा लेते हैं। आप बच्चों को गाजर कच्चा, उबालकर या पीसकर किसी भी तरह से खिला सकती हैं। जब बच्चों के दांत निकलना शुरू होते हैं, तब बच्चे बहुत रोते हैं और हार्ड चीजों को अपने मुंह में भरना शुरू कर देते हैं। ऐसी स्टेज में आप उन्हें कच्चा गाजर दे दें, तो उन्हें आराम भी मिलता है और पोषण भी मिलता है।

एवोकाडो

एवोकाडो दुनिया के कुछ सबसे हेल्दी फलों में से एक है। इसका कारण यह है कि इसमें प्रोटीन तो अच्छी मात्रा में होता ही है, साथ ही मोनोसैचुरेटेड फैट भी होता है, जो हार्ट को सेहतमंद रखता है। आप बच्चों को एवोकाडो मैश करके दे सकते हैं या इसे छोटे-छोटे टुकड़ों में खिला सकते हैं। क्रीमी पेस्ट जैसा एवोकाडो बच्चों को स्वादिष्ट भी लगता है और उनके लिए फायदेमंद भी होता है। इसलिए आपको बच्चों को एवोकाडो भी खिलाना चाहिए।

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योगर्ट

छोटे बच्चों की पाचन क्षमता बड़ों जितनी नहीं होती है क्योंकि उनका पाचनतंत्र पूरी तरह विकसित नहीं हो पाता है। बच्चों के पाचनतंत्र को सपोर्ट करने के लिए आप उन्हें योगर्ट भी खिला सकती हैं। योगर्ट में कैल्शियम अच्छी मात्रा में होता है, जो कि बच्चों के हड्डियों के विकास के लिए जरूरी है। इसके अलावा योगर्ट प्रोटीन, पोटैशियम औ दूसरे मिनरल्स का बहुत अच्छा स्रोत है। बस इस बात का ध्यान रखें कि बाजार में बहुत सारे फ्लेवर्ड योगर्ट मिलते हैं, जो सेहतमंद नहीं होते हैं। इसलिए आपको हमेशा होल-मिल्क योगर्ट या ग्रीक योगर्ट बच्चों को खिलाना चाहिए।

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