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Pancreatic Cancer Warning Signs: पैंक्रियाटिक कैंसर के 5 संकेतों को पहचान कर बचाई जा सकती है जान, जानें शुरुआती संकेत

कैंसर By जितेंद्र गुप्ता , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग / Aug 14, 2019
Pancreatic Cancer Warning Signs: पैंक्रियाटिक कैंसर के 5 संकेतों को पहचान कर बचाई जा सकती है जान, जानें शुरुआती संकेत

अग्न्याशय यानी की पैंक्रियाज (Pancreas) उन अंगों में से एक है, जिसके बारे में आप शायद ज्यादा नहीं सोचते हैं। सिर्फ छह इंच लंबा और आपके पेट के पीछे टिका हुआ शरीर के इस अंग का मुख्य काम आपको भोजन को पचाने और आपके बल्ड शुगर को नियंत्रित करने में मदद

अग्न्याशय यानी की पैंक्रियाज (Pancreas) उन अंगों में से एक है, जिसके बारे में आप शायद ज्यादा नहीं सोचते हैं। सिर्फ छह इंच लंबा और आपके पेट के पीछे टिका हुआ शरीर के इस अंग का मुख्य काम आपको भोजन को पचाने और आपके बल्ड शुगर को नियंत्रित करने में मदद करना है। आमतौर पर यह पर्दे के पीछे से अपना काम निर्बाध रूप से करता है। लेकिन जब चीजें गलत होने लगती है तो यह आपके पूरे शरीर को प्रभावित कर सकता है। नेशनल कैंसर इंस्टीट्यूट (NCI) के अनुसार, मात्र  2 फीसदी से कम लोग ही पैंक्रियाज कैंसर से बच पाते हैं। यह 60 वर्ष से अधिक आयु के लोगों में सबसे आम है लेकिन यह 20 से 30 साल की उम्र के बीच के लोगों में भी पाया जाता है। ये बीमारी इसलिए भी घातक है क्योंकि इससे बचने वाले लोगों की संख्या सबसे कम होती है। इसलिए इसके शुरुआती संकेतों को जानना बेहद आवश्यक है।

आंखों और त्वचा का पीला पड़ना

आंखों के सफेद हिस्से और त्वचा का पीला पड़ना कभी अच्छा नहीं माना जाता। यह उन चिकित्सा समस्याओं में से एक का संकेत हो सकता है जिनमें लिवर की विफलता और पैंक्रियाज कैंसर शामिल हो सकते हैं। कारण यह है कि कई पैंक्रियाज ट्यूमर, अग्न्याशय के ऊपर से शुरू होते हैं, जो आपके पित्त नली के पास होता है। और तो और छोटे से छोटा ट्यूमर आपकी पित्त नलिका पर दबाव या उसे बाधित कर सकता है, जिसके कारण त्वचा और आंखों का पीलापन आ सकता है। पित्त के कामों में से एक बिलीरुबिन को निकालना है, जो कि लाल रक्त कोशिकाओं का एक सामान्य अपशिष्ट उत्पाद होता है। चूंकि जब यह अपना काम नहीं कर सकता है तो अतिरिक्त बिलीरुबिन पीलिया और पीली आंखों का कारण बनता है।

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पेट फूला-फूला रहना

ज्यादा खाना खाने के बाद पेट फूलना सामान्य है और ज्यादा दिनों तक इस तरीके से रहना सही नहीं है। जैसे-जैसे पैंक्रियाटिक ट्यूमर बढ़ता जाता है ये आपके पेट को फुलाना शुरू कर देता है। महिलाओं में अक्सर ये पहला संकेत होता है लेकिन वह इस बारे में अपने डॉक्टर से बात नहीं करती क्योंकि उन्हें लगता है कि पेट फूलना बहुत छोटी सी चीज है, जिसको ज्यादा गंभीर रूप से लेने की जरूरत नहीं है।

भूख न लगना

भूख न लगना पैंक्रियाटिक कैंसर का एक और प्रारंभिक संकेत हो सकता है। ऐसा इसलिए है क्योंकि पेट में ट्यूमर बढ़ने पर आपके पेट सहित आसपास के अंगों पर दबाव पड़ सकता हैं। इसके परिणाम स्वरूप अगर आप बीच-बीच में खाना नहीं खाते हैं, तो आपको मिचली महसूस होती हैं या आपको अपना पेट भरा हुआ महसूस हो सकता है। इसके अलावा खाना खाने से भी आपको दर्द महसूस हो सकता है।

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अचानक वजन घटना

भूख की कमी से वजन तेजी से कम हो सकता है, आमतौर पर छह महीने की अवधि में आपके शरीर के वजन 5 फीसदी से अधिक कम हो सकता है। अगर आपका वजन किसी अन्य कारण से तेजी से घट रहा है तो आपको तुरंत डॉक्टर से बात करनी चाहिए।

कमर के निचले हिस्से में तेज दर्द

पैंक्रियाटिक ट्यूमर के बढ़ने से न केवल आंतरिक अंगों पर दबाव पड़ता बल्कि आपकी निचली रीढ़ और पीठ की मांसपेशियों को भी दबाव झेलना पड़ता है, जिसके कारण निरंतर और तेज दर्द होता है। मासिक धर्म की ऐंठन के कारण महिलाओं को नियमित रूप से पीठ दर्द से निपटने की आदत हो जाती है। अगर दर्द निरंतर है (जैसे कि मासिक धर्म की अवधि समाप्त होने के साथ जाता नहीं है) तो आपको तुरंत डॉक्टर से बात करने की जरूरत है।

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