रेगुलर एक्सरसाइज आपके दिमाग के लिए कैसे फायदेमदं है? जानें 5 कारण

Updated at: Feb 15, 2020
रेगुलर एक्सरसाइज आपके दिमाग के लिए कैसे फायदेमदं है? जानें 5 कारण

एक्सरसाइज जितनी शरीर के लिए फायदेमंद है, उतनी ही मस्तिष्क के लिए फायदेमंद है। रेगुलर एक्सरसाइज करने से आपके दिमाग को मिलने वाले ये 5 बड़े फायदे जानें।

Anurag Anubhav
एक्सरसाइज और फिटनेसWritten by: Anurag AnubhavPublished at: Feb 15, 2020

एक्सरसाइज आपको फिट रखती है। आप फिट रहते हैं, तो स्वस्थ रहते हैं और स्वस्थ रहते हैं तो खुश रहते हैं। मगर ज्यादातर लोगों के दिमाग में एक्सरसाइज का नाम सुनते ही बॉडी बिल्डिंग और सिक्स पैक एब्स की तस्वीर बनती है। ये बात सच है कि एक्सरसाइज करने से आपकी बॉडी टोन होती है और बॉडी का शेप सुधरता है। मगर एक्सरसाइज दिमाग के लिए भी उतनी ही फायदेमंद है, जिसकी शरीर के लिए। रेगुलर एक्सरसाइज करने से आपके दिमाग को कई ऐसे फायदे मिलते हैं, जिनके बारे में शायद आप नहीं जानते होंगे। आइए आपको बताते हैं कि एक्सरसाइज आपके दिमाग के लिए कैसे फायदेमंद है।

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दिमाग को मिलती है ज्यादा ऑक्सीजन

आपने यह जरूर नोटिस किया होगा कि एक्सरसाइज के दौरान आपके दिल की धड़कन बढ़ जाती है। दिल की धड़कन बढ़ने से आपकी सांसें तेज चलने लगती हैं और आपके फेफड़ों में ज्यादा मात्रा में ऑक्सीजन पहुंचती है। ये ऑक्सीजन आपके खून में घुलकर पूरे शरीर में सप्लाई होती है। आपके दिमाग को जीवित रहने के लिए और स्वस्थ रहने के लिए ऑक्सीजन बहुत जरूरी है। एक्सरसाइज के दौरान जब आपके पूरे शरीर में ऑक्सीजन की सप्लाई बढ़ती है, तो दिमाग में भी ऑक्सीजन ज्यादा पहुंचता है। इससे मस्तिष्क की कोशिकाएं स्वस्थ रहती हैं, डैमेज टिशूज रिपेयर होते हैं और नई ब्लड वेसल्स का निर्माण तेज हो जाता है।

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तेज होती है सोचने और याद करने की क्षमता

तमाम रिसर्च बताती हैं कि रेगुलर एक्सरसाइज करने से आपके मस्तिष्क के सामने का हिस्सा (prefrontal cortex) और बीच का हिस्सा (medial temporal cortex) बड़ा होने लगता है। ये मस्तिष्क का वो हिस्सा है, जो आपके सोचने की क्षमता को कंट्रोल करता है और याददाश्त के लिए जिम्मेदार होता है। इसलिए ये कहा जा सकता है कि रेगुलर एक्सरसाइज करने वाले लोगों में याद करने की क्षमता औरों से बेहतर होती है और वो ज्यादा अच्छे से निर्णय ले सकते हैं।

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इमोशन्स कंट्रोल करने में मिलती है मदद

University of British Columbia की रिसर्च के अनुसार जो लोग रेगुलर एरोबिक एक्सरसाइज जैसे- रनिंग (दौड़ना), स्विमिंग (तैरना), साइक्लिंग (साइकिल चलाना) आदि करते हैं, उनके ब्रेन के सीखने और इमोशन्स को कंट्रोल करने वाला हिस्सा ज्यादा एक्टिव रहता है। इसलिए छोटे बच्चों को स्कूलो में ये एक्टिविटीज कराई जाती हैं, ताकि उसके सीखने की क्षमता बढ़ सके। यदि आप बड़े हैं, तो भी आपके लिए ये एरोबिक एक्सरसाइज फायदेमंद हैं। रोजाना थोड़ा समय पैदल चलिए, साइकिल चलाइये या गर्मी के दिनों में स्विमिंग कीजिए और आप पाएंगे कि आप अपने इमोशन्स को ज्यादा बेहतर तरीके से कंट्रोल कर पा रहे हैं।

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नए ब्रेन सेल्स का होता है निर्माण

ब्रेन यानी मस्तिष्क हमारे शरीर का ऐसा पार्ट है, जो सबसे लंबे समय तक हमारा साथ निभाता है। ब्रेन अगर काम करना बंद कर दे, तो हमारे शरीर के दूसरे अंग किसी काम के नहीं रह जाएंगे। ब्रेन को स्वस्थ रहने के लिए समय-समय पर पुरानी डैमेज सेल्स की रिपेयरिंग और नए सेल्स का निर्माण बहुत जरूरी है। सेल्स की रिपेयरिंग या नए सेल्स के निर्माण का ये काम तब होता है, जब आप सो रहे होते हैं, यानी नींद में होते हैं। रेगुलर एक्सरसाइज करने से आपको नींद अच्छी आती है और नए ब्रेन सेल्स का निर्माण तेजी से होता है।

तनाव और चिंता रहेंगी दूर

तनाव और चिंता भले ही हमें दुनियादारी की वजह से महसूस होने वाले इमोशन्स हैं, मगर यदि शरीर विज्ञान की मानें, तो ये सारा खेल हार्मोन्स के उतार-चढ़ाव का है। अगर आपका मस्तिष्क सही हार्मोन्स का उत्पादन संतुलित मात्रा में करे, तो आपको तनाव और चिंता कभी नहीं होंगे। रेगुलर एक्सरसाइज से आपका मस्तिष्क ज्यादा हैप्पी हार्मोन्स प्रोड्यूस करता है, इसलिए आपको तनाव और चिंता से छुटकारा मिलता है।

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