• shareIcon

स्माल सेल लंग कैंसर से चिकित्सा

कैंसर By Pooja Sinha , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग / Apr 25, 2013
स्माल सेल लंग कैंसर से चिकित्सा

स्माल सेल लंग कैंसर से चिकित्सा : फेफड़ों के स्माल सेल कैंसर का निदान करने के लिए सर्जरी शायद ही कभी की जाती है क्योंकि कैंसर तेजी से बढ़ता है और आमतौर से अनेक लिम्फ नोड्स तक या फेफड़ों के अलावा और भी अंगों पर फैल जाता है और इस तर

फेफड़ों का स्माल सेल कैंसर फेफड़ों का कोशिकीय कैंसर है। फेफड़ों के स्माल सेल कैंसर का निदान करने के लिए सर्जरी शायद ही कभी की जाती है क्योंकि कैंसर तेजी से बढ़ता है और आमतौर से अनेक लिम्फ नोड्स तक या फेफड़ों के अलावा और भी अंगों पर फैल जाता है और इस तरह इसे सर्जिकल रिमूवल से ठीक नहीं किया जा सकता।

small cell lung cancer se chikitsaलंग कैंसर के इलाज के पर सर्जरी न किए जाने से अक्सर मरीज भी परेशान हो जाते हैं। ऐसा इसलिए क्योंकि कैंसर कोशिकाएं सर्जरी की सीमाओं से आगे विकसित हो जाती हैं। दूसरे शब्दों में सर्जरी का विकल्प तब ही चुना जाता है जब फिजीशियन को विश्वास होता है कि पूरा कैंसर हटाया जा सकता है और इस तरह मरीज को ठीक किया जा सकता है।

चाहे सभी स्कैन सब कुछ ठीक-ठाक दिखा रहे हों पर फेफड़ों के स्माल सेल कैंसर की कोशिकाएं ऐसे क्षेत्रों में भी मौजूद होती हैं जो सर्जरी से हटाए नहीं जा सकते। यह कैंसर काफी तेजी से बढ़ता है इसलिए सर्जरी उपचार का मुख्य अंग नहीं है। अपितु कीमोथेरेपी ही मुख्य उपचार है। नॉन-स्म‍ाल सेल कैंसर में इसके विपरीत होता है जहां फेफड़े के पिंड या पूरे फेफड़े को ही सर्जिकल तरीके से निकालने को मुख्य उपचार के तौर पर किया जाता है।

कैंसर का विशेष उपचार इसके स्तर या फैलने के स्तर पर भी निर्भर करता है। शुरूआती स्तर होने पर एक छोटे से क्षेत्र में अधिक प्रभावी रेडिएशन थेरेपी की ज़रूरत होती है।

इसे सर्वश्रेष्ठ तरीके से घटाने के लिए रेडिएशन थेरेपी को कीमोथेरेपी के साथ एक के बाद एक के चक्र में किया जाता है। यदि किसी व्यक्ति में अन्य गंभीर मेडिकल समस्‍याएं हैं या वह रेडिएशन या कीमोथेरेपी  की उच्च-खुराक सहन नहीं कर सकता तो उसे विशेष लक्षणों जैसे हड्डियों का दर्द मिटाने के लिए बदलकर खुराक दी जाती है।

यदि टेस्‍ट से कैंसर का घटना 6 से 12 सप्ताह में साबित होता है तो कुछ डॉक्टर मॉइक्रोस्कोपिक कैंसर कोशिकाओं को मिटाने के लिए मस्तिष्क में रेडिएशन की सलाह दे सकते हैं। ये कोशिकाएं इतनी छोटी होती हैं कि सीटी स्कैन या एमआरआई में भी नजर नहीं आती।

जिन लोगों में कैंसर विस्तृत स्तर पर होता है उनमें रेडिएशन का आमतौर से उपयोग विशेष लक्षणों जैसे हड्डियों का दर्द मिटाने के लिए नहीं किया जाता जो कि ट्यूमर के फैलने के कारण हो सकते हैं।

अत्यधिक दुर्लभ और अत्यन्त असाधारण मामलों में यदि ट्यूमर नजदीकी लिम्फ नोड्स तक नहीं फैलता तो ट्यूमर को हटाने के लिए सर्जरी की जाती है। ऐसा तब अधिक संभव है जब ट्यूमर फेफड़ों की अधिक सामान्य मध्‍य स्थिति की बजाय किनारे पर स्थित हो। इसके ठीक होने और बाद में लम्बे समय तक मरीज के जीवित रहने के अवसर अधिक होते हैं यदि इसकी सर्जरी की जाए और विशेषकर यदि इसके साथ कीमोथेरेपी का भी भली भांति उपयोग किया जाए।



Read More Article in Small Cell Lung Cancer in hindi.

Disclaimer

इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy. OK