• shareIcon

बेवजह पैर हिलाने की आदत बन सकता है हार्ट अटैक का कारण, जानें क्‍या कहता है शोध

अन्य़ बीमारियां By Atul Modi , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग / Apr 02, 2011
बेवजह पैर हिलाने की आदत बन सकता है हार्ट अटैक का कारण, जानें क्‍या कहता है शोध

आप चुपचाप बैठे हैं, लेकिन पैर हिला रहे हैं। आम तौर पर लोग इसे सामान्य आदत के रूप में लेते हैं। लेकिन विशेषज्ञ इसे बीमारी का संकेत मानते हैं। इसके बारे में विस्‍तार से इस लेख में जानिए।

पैर हिलाने की आदत बीमारी है और इसके कारण आपको कई समस्‍या हो सकती है। यदि आप चुपचाप बैठे हैं, और नाहक ही पैर हिला रहे हैं तो इसके कारण आप दिल की बीमारी के शिकार हो सकते हैं। हालांकि आम तौर पर लोग इसे सामान्य आदत के रूप में लेते हैं। लेकिन विशेषज्ञ इसे बीमारी का संकेत मानते हैं। बेवजह पैर हिलाने की आदत के कारण हार्ट अटैक का खतरा दोगुना बढ़ जाता है। विशेषज्ञों की माने तो उनका यहां तक कहना है कि ऐसी आदत पालने वाले लोगों को दिल का दौरा पड़ने का खतरा ज्यादा रहता है। तो यदि आपक आदत भी नाहक पैर हिलाने की है तो इसे छोड़ दीजिए। आइए हम आपको इसके बारे में विस्‍तार से बताते हैं।

पैर-हिलाना

क्‍या कहते हैं शोध

बेवजह पैर हिलाने की आदत को मेडिकल साइंस में रेस्टलेस लेग्स सिंड्रोम यानी आरएलएस नामक बीमारी के रूप में जाना जाता है। शोध के मुताबिक पैर हिलाने की समस्या से पीडि़त लोगों में हार्ट अटैक का खतरा दोगुना बढ़ जाता है। शोध करने वालों का यह भी कहना है कि आरएलएस सीधे तौर पर नींद कम आने की समस्या से जुड़ा हुआ है। इस पर बोस्‍टन के हार्वर्ड मेडिकल स्कूल ने अध्‍ययन किया है, इसके प्रमुख डाक्टर जान डब्ल्यू विंकलमैन ने बताया कि, 'आरएलएस से पीडि़त लोगों में हार्ट अटैक का खतरा दोगुना तक बढ़ जाता है। दरअसल, आरएलएस से पीडि़त व्यक्ति नींद आने से पहले 200 से 300 बार अपना पैर हिला चुका होता है। इससे ब्लड प्रेशर और दिल की धड़कन बढ़ जाती हैं। आगे चलकर यह दिल की बीमारियों यानी कार्डियोवस्कुलर डिजीज की सबसे बड़ी वजह बन जाता है।' 

शोधकर्ताओं ने यह नतीजा 68 साल की औसत उम्र वाले 34 सौ लोगों पर अध्ययन के बाद निकाला है। शोध के दौरान प्रतिभागियों के आरएलएस लक्षण व उनकी दिल की बीमारियों का तुलनात्मक अध्ययन किया। सात प्रतिशत महिलाओं व तीन प्रतिशत पुरुषों में आरएलएस और दिल की बीमारियों में सीधा संबंध मिला। इतना ही नहीं, आरएलएस लक्षणों को जब उम्र, वजन, ब्लड प्रेशर और धूम्रपान जैसे दूसरे कारकों से जोड़ा गया तो पता चला कि पैर हिलाने की मामूली सी लगने वाली आदत दरअसल हार्ट अटैक के खतरे को दोगुना तक बढ़ा देती है। 

इसे भी पढ़ें: हार्ट अटैक आने से रोकता है मछली का तेल, जानें इसके अन्‍य फायदे

क्‍यों पड़ती है यह आदत

पैर हिलाने की आदत लोगों को ऐसे ही नहीं पड़ती है। ज्‍यादातर लोग जब चिंतित या फिर तनाव में होते हैं तो पैर हिलाते हैं। कुछ लोग कुछ सोचने के दौरान पैर हिलाते हैं और कुछ लोग धूम्रपान, मदिरापान के समय पैर हिलाते हें। पैर हिलाने को नकरात्‍मक भी माना जाता है, जो लोग पैर हिलाते हैं ज्‍यादातर वे उस समय उनके दिमाग में निगेटिव बातें होती हैं।

इसे भी पढ़ें: हृदय में ज्‍यादा रक्‍त पहुंचने से भी हो सकता है हार्ट फेल, एक्‍सपर्ट से जानें इससे बचने के उपाय

दिल की बीमारी का कारण

पैर हिलाने से दिल के दौरे का खतरा बढ़ जाता है। कई शोधों में यह बात सामने आयी है कि पैर हिलाने आदमी का ब्‍लड प्रेशर बढ़ जाता है और यही दिल के दौरे का कारण बनता है। इसकी वजह से आदमी अनिद्रा का शिकार भी हो जाता है। दरआसल इसके कारण आदमी रात को सोने से पहले लगभग 200 से 300 बार अपना पैर हिला चुका होता है जिसके कारण उसे नींद अच्‍छे से नहीं आती है। 

बेवजह पैर हिलाने की आदत अच्‍छी नहीं है और यदि आपको भी पैर हिलाने की आदत है तो इसे हल्‍के में लेकर इसे बिलकुल भी नजरअंदाज नक करें और इसके उपचार के लिए चिकित्‍सक से संपर्क कीजिए।

Read More Articles on Miscellaneous In Hindi

Disclaimer

इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy. OK